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लॉकडाउन खुलते ही साइबर क्राइम ने फिर पकड़ी रफ्तार
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साइबर क्राइम
- फोटो : ????? ??????
झांसी। लॉकडाउन खुलते ही महानगर में साइबर क्राइम ने फिर से रफ्तार पकड़ ली है। 45 दिन में साइबर अपराधियों ने अलग-अलग तरीके से बारह लोगों को अपना शिकार बनाया। शिकायत पर साइबर सेल व संबंधित पुलिस जांच भी कर रही है, लेकिन अब तक कोई नतीजा नहीं निकल सका।
25 जून को साइबर अपराधियों ने एक छात्रा को पेटीएम की केवाईसी अपडेट करने का झांसा देकर मोबाइल पर एक एप डाउनलोड कराया। इसके बाद उसके खाते से आठ हजार रुपये निकाल लिए। यह इस तरह का कोई पहला मामला नहीं है। इसके पहले भी इसी तरह से साइबर अपराधी पेटीएम के नाम पर ठगी करते रहे। सीपरी बाजार क्षेत्र में रहने वाले मलिक के पास फोन आया था। बैंक अपराधी बनकर उसके खाते की जानकारी लेकर ओटीपी नंबर जानकर 18 हजार रुपये उड़ा दिए।
प्रमुख घटनाएं
- एटीएम का पासवर्ड पूछकर बैंक अकाउंट से रुपये निकाल लेना।
- फर्जी ईमेल आईडी बनाकर किसी के नाम का भी दुरुपयोग करना।
- फेसबुक अकाउंट पर छेड़छाड़, अश्लील फोटो व वीडियो अपलोड करना।
- ऑनलाइन शॉपिंग के जरिये ठगी करके ग्राहकों को चूना लगाना।
- सोशल मीडिया में तस्वीर वायरल कर ब्लैकमेल करना व धमकी देना।
केस नंबर 1
थाना कोतवाली के आंतिया तालाब के पास रहने वाले अमन नामदेव के ऑनलाइन कंपनी से खरीदारी के दौरान खाते से 1 लाख 64 हजार रुपये निकाल गए।
केस नंबर 2
कोतवाली के छनियापुरा मोहल्ला निवासी डिप्टी सीटीआई विक्की अहिरवार एटीएम बदलवाने की कहकर खाते की जानकारी लेकर 49 हजार रुपये निकाल लिए।
केस नंबर 3
थाना बबीना के भेल स्थित तिलकनगर निवासी प्रभुनाथ राय के खाते से पेटीएम से केवाईसी करने के नाम पर चार लाख रुपये निकल गए। अब तक पुलिस व साइबर सेल कुछ पता नहीं लगा सकी।
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साइबर अपराध के मामलों में पुलिस जांच कर रही है। जांच कराकर कई लोगों की रकम भी साइबर सेल ने वापस कराई है। बकाया मामलों में पुलिस की जांच जारी है।
राहुल मिठास, अपर पुलिस अधीक्षक
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25 जून को साइबर अपराधियों ने एक छात्रा को पेटीएम की केवाईसी अपडेट करने का झांसा देकर मोबाइल पर एक एप डाउनलोड कराया। इसके बाद उसके खाते से आठ हजार रुपये निकाल लिए। यह इस तरह का कोई पहला मामला नहीं है। इसके पहले भी इसी तरह से साइबर अपराधी पेटीएम के नाम पर ठगी करते रहे। सीपरी बाजार क्षेत्र में रहने वाले मलिक के पास फोन आया था। बैंक अपराधी बनकर उसके खाते की जानकारी लेकर ओटीपी नंबर जानकर 18 हजार रुपये उड़ा दिए।
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प्रमुख घटनाएं
- एटीएम का पासवर्ड पूछकर बैंक अकाउंट से रुपये निकाल लेना।
- फर्जी ईमेल आईडी बनाकर किसी के नाम का भी दुरुपयोग करना।
- फेसबुक अकाउंट पर छेड़छाड़, अश्लील फोटो व वीडियो अपलोड करना।
- ऑनलाइन शॉपिंग के जरिये ठगी करके ग्राहकों को चूना लगाना।
- सोशल मीडिया में तस्वीर वायरल कर ब्लैकमेल करना व धमकी देना।
केस नंबर 1
थाना कोतवाली के आंतिया तालाब के पास रहने वाले अमन नामदेव के ऑनलाइन कंपनी से खरीदारी के दौरान खाते से 1 लाख 64 हजार रुपये निकाल गए।
केस नंबर 2
कोतवाली के छनियापुरा मोहल्ला निवासी डिप्टी सीटीआई विक्की अहिरवार एटीएम बदलवाने की कहकर खाते की जानकारी लेकर 49 हजार रुपये निकाल लिए।
केस नंबर 3
थाना बबीना के भेल स्थित तिलकनगर निवासी प्रभुनाथ राय के खाते से पेटीएम से केवाईसी करने के नाम पर चार लाख रुपये निकल गए। अब तक पुलिस व साइबर सेल कुछ पता नहीं लगा सकी।
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साइबर अपराध के मामलों में पुलिस जांच कर रही है। जांच कराकर कई लोगों की रकम भी साइबर सेल ने वापस कराई है। बकाया मामलों में पुलिस की जांच जारी है।
राहुल मिठास, अपर पुलिस अधीक्षक