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पुलिस देखती रही, आगजनी होती रही
झांसी / ब्यूरो
Updated Tue, 04 Aug 2015 12:15 AM IST
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बड़ागांव
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कसबा में दिनदहाड़े हुए दोहरे हत्याकांड के बाद मृतकों के
परिजनों के साथ आए लोगों ने आरोपियों के घर जमकर हंगामा किया। गुस्साए
लोगों की संख्या और आक्रोश के सामने बड़ागांव थाना पुलिस की एक न चली।
आक्रोशित लोगों ने एक पार्षद के पति समेत कई लोगों के साथ मारपीट भी की।
एसएसपी के साथ आए पुलिस फोर्स ने बल प्रयोग कर हंगामा शांत कराया।
बचावली निवासी संजय यादव व थाना ओरछा के ग्राम बसोबा निवासी रंजीत उर्फ रानू की हत्या की खबर मिलते ही उनके परिजनों व गांव के लोग मौके पर पहुंचे। गांव के लोग खून से लथपथ शव देख आक्रोशित हो गए। इसी दौरान भीड़ से किसी की आवाज आई कि जिन लोगों ने हमारे बच्चों को मारा है हम उन्हें नहीं छोड़ेंगे। यह सुनते ही आक्रोशित ग्रामीणों ने हत्यारोपी बड़ागांव निवासी कैलाश राजपूत के घर पर धावा बोल दिया। इधर, घटना की जानकारी होने पर पहुंचे थानाध्यक्ष धर्मवीर यादव ने पुलिस के साथ लोगों को रोकने का प्रयास किया। लेकिन, आक्रोशित लोगों की संख्या के आगे पुलिस बल की एक न चली। नतीजतन, आक्रोशित लोग हंगामा करते रहे और पुलिस मूकदर्शक बनी देखती रही।
आरोपी के घर में तोड़फोड़ व आगजनी करते हुए आक्रोशित लोगों ने कसबे में कई जगह उपद्रव किया। प्रभुदयाल कुशवाहा का आरोप है कि लोगों ने उसके घर में घुसकर भी तोड़फोड़ की व आग लगाने का प्रयास किया। उसने महिलाओं के साथ अभद्रता का आरोप भी लगाया। आक्रोशित लोगों ने कसवा की एक पार्षद के पति सहित कई दुकानदारों के साथ भी मारपीट की। करीब दो घंटे बाद एसएसपी किरण एस. के साथ पहुंचे पुलिस बल ने स्थिति को नियंत्रण में लिया।
बचावली निवासी संजय यादव व थाना ओरछा के ग्राम बसोबा निवासी रंजीत उर्फ रानू की हत्या की खबर मिलते ही उनके परिजनों व गांव के लोग मौके पर पहुंचे। गांव के लोग खून से लथपथ शव देख आक्रोशित हो गए। इसी दौरान भीड़ से किसी की आवाज आई कि जिन लोगों ने हमारे बच्चों को मारा है हम उन्हें नहीं छोड़ेंगे। यह सुनते ही आक्रोशित ग्रामीणों ने हत्यारोपी बड़ागांव निवासी कैलाश राजपूत के घर पर धावा बोल दिया। इधर, घटना की जानकारी होने पर पहुंचे थानाध्यक्ष धर्मवीर यादव ने पुलिस के साथ लोगों को रोकने का प्रयास किया। लेकिन, आक्रोशित लोगों की संख्या के आगे पुलिस बल की एक न चली। नतीजतन, आक्रोशित लोग हंगामा करते रहे और पुलिस मूकदर्शक बनी देखती रही।
आरोपी के घर में तोड़फोड़ व आगजनी करते हुए आक्रोशित लोगों ने कसबे में कई जगह उपद्रव किया। प्रभुदयाल कुशवाहा का आरोप है कि लोगों ने उसके घर में घुसकर भी तोड़फोड़ की व आग लगाने का प्रयास किया। उसने महिलाओं के साथ अभद्रता का आरोप भी लगाया। आक्रोशित लोगों ने कसवा की एक पार्षद के पति सहित कई दुकानदारों के साथ भी मारपीट की। करीब दो घंटे बाद एसएसपी किरण एस. के साथ पहुंचे पुलिस बल ने स्थिति को नियंत्रण में लिया।