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अपहरण का मास्टर माइंड गिरफ्तार
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 11 Apr 2016 01:10 AM IST
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kidnaaping, jhansi news
- फोटो : demopic
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झांसी। बड़ागांव थानांतर्गत नाला ठाकुर बाबा से जून 2015 में हुए जगन्नाथ के अपहरण का मास्टर माइंड एवं पांच हजार रुपये का इनामी बदमाश रविवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में दो आरोपियों को पहले ही जेल हो चुकी है।
एसएसपी मनोज तिवारी ने बताया कि पांच जून 2015 को राजपाल कुशवाहा पुत्र मनीराम निवासी गांव टांकोरी बडागांव ने पुलिस को सूचना दी कि वह अपने भाई जगन्नाथ के साथ रजिस्ट्री कार्यालय झांसी से घर लौट रहा था। रास्ते में नाला ठाकुर बाबा के पास पीछे से एक कार आई जिसमें ड्राइवर समेत तीन लोग मौजूद थे। कार सवारों ने उन पर हमला बोल दिया। जब तक वह कुछ समझ पाते तब तक हमलावरों ने जगन्नाथ को कार में डालकर ले गए। इसके बाद जगन्नाथ को छोड़ने के एवज में 30 लाख रुपये की फिरौती मांगी।
फिरौती नहीं देने अथवा पुलिस को बताने पर हत्या की धमकी दी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करने के बाद कार्रवाई करते हुए जगन्नाथ को जंगल से मुक्त कराकर दो अपहरणकर्ताओं को जेल भेज दिया। इस बीच मौका पाकर अपहरण का मास्टर माइंड चकमा देकर भाग निकला, तभी से पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी।
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उन्होंने बताया कि रविवार को थानाध्यक्ष बड़ागांव को मुखबिर से सूचना मिली कि जगन्नाथ के अपहरण का मास्टर माइंड एवं पांच हजार रुपये का इनामी पारीछा पुल पर कहीं भागने की फिराक में खड़ा है। इस पर पुलिस ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। पूछताछ में उसने अपना नाम अजय यादव पुत्र मुकेश यादव निवासी नवाबगंज कानपुर बताया है। उसने बताया कि जगन्नाथ को अगवा करके दतिया ले गए थे। पुलिस के दबाव पर उसे छोड़ दिया गया और वह स्थान बदल-बदल कर रहने लगा।
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एसएसपी मनोज तिवारी ने बताया कि पांच जून 2015 को राजपाल कुशवाहा पुत्र मनीराम निवासी गांव टांकोरी बडागांव ने पुलिस को सूचना दी कि वह अपने भाई जगन्नाथ के साथ रजिस्ट्री कार्यालय झांसी से घर लौट रहा था। रास्ते में नाला ठाकुर बाबा के पास पीछे से एक कार आई जिसमें ड्राइवर समेत तीन लोग मौजूद थे। कार सवारों ने उन पर हमला बोल दिया। जब तक वह कुछ समझ पाते तब तक हमलावरों ने जगन्नाथ को कार में डालकर ले गए। इसके बाद जगन्नाथ को छोड़ने के एवज में 30 लाख रुपये की फिरौती मांगी।
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फिरौती नहीं देने अथवा पुलिस को बताने पर हत्या की धमकी दी। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करने के बाद कार्रवाई करते हुए जगन्नाथ को जंगल से मुक्त कराकर दो अपहरणकर्ताओं को जेल भेज दिया। इस बीच मौका पाकर अपहरण का मास्टर माइंड चकमा देकर भाग निकला, तभी से पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी।
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उन्होंने बताया कि रविवार को थानाध्यक्ष बड़ागांव को मुखबिर से सूचना मिली कि जगन्नाथ के अपहरण का मास्टर माइंड एवं पांच हजार रुपये का इनामी पारीछा पुल पर कहीं भागने की फिराक में खड़ा है। इस पर पुलिस ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। पूछताछ में उसने अपना नाम अजय यादव पुत्र मुकेश यादव निवासी नवाबगंज कानपुर बताया है। उसने बताया कि जगन्नाथ को अगवा करके दतिया ले गए थे। पुलिस के दबाव पर उसे छोड़ दिया गया और वह स्थान बदल-बदल कर रहने लगा।