{"_id":"60732e538ebc3e590c0a2323","slug":"coronavirus-update-uttar-pradesh-power-transmission-je-dies-after-vaccination-in-lalitpur","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"यूपी में कोरोना : पहली डोज लगने के बाद ललितपुर में जेई की मौत, आठ अप्रैल को ही लगवाई थी वैक्सीन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपी में कोरोना : पहली डोज लगने के बाद ललितपुर में जेई की मौत, आठ अप्रैल को ही लगवाई थी वैक्सीन
Sun, 11 Apr 2021 10:43 PM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, ललितपुर
अमर उजाला नेटवर्क, ललितपुर
Published by: शाहरुख खान
Updated Sun, 11 Apr 2021 10:43 PM IST
सार
बिजली ट्रांसमिशन जेई समेत तीन की कोरोना से मौत
अमेठी निवासी ललितपुर में तैनात जेई ने आठ अप्रैल को ही लगवाई थी वैक्सीन
युवती व 70 वर्षीय वृद्ध की झांसी में मौत
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तर प्रदेश के ललितपुर में कल्यानपुरा स्थित 220 केवी ट्रांसमिशन में तैनात एक अवर अभियंता की ललितपुर में कोरोना से मौत हो गई। वह अमेठी के रहने वाले थे। अवर अभियंता ने आठ अप्रैल को ही वैक्सीन लगवाई थी, रविवार को हालत बिगड़ने से उनकी मौत हो गई। वहीं, ललितपुर निवासी एक 27 वर्षीय युवती और 70 वर्षीय वृद्ध की भी कोरोना के चलते झांसी में मौत हो गई।
जिला अमेठी के भवानीपुर पोस्ट खेंता निवासी अयोध्या प्रसाद (52) ललितपुर के ग्राम कल्यानपुरा स्थित 220 केवी सब स्टेशन (ट्रांसमिशन) में लगभग तीन वर्ष से अवर अभियंता के पद पर तैनात थे। आठ अप्रैल को उन्होंने कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन लगवाई थी। उन्होंने घर में बच्चों को फोन करके वैक्सीन लगवाने की जानकारी दी और बच्चों से मां और दादी को भी वैक्सीन लगवाने के लिए कहा था।
शनिवार की शाम से उनकी हालत खराब होने लगी थी, उन्होंने परिजनों को फोन पर बीमार होने की बात बताई थी। उनके बच्चे रात में ही अमेठी से ललितपुर के लिए रवाना हो गए। रविवार की सुबह अवर अभियंता की हालत ज्यादा खराब होने पर स्टाफ के लोग उन्हें जिला अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया और उनकी कोरोना की एंटीजन जांच की, जिस पर वह कोरोना पॉजिटिव पाए गए।
विज्ञापन
जिला अस्पताल प्रशासन द्वारा कोविड-19 नियमों के तहत उनके शव को पैक करने के बाद मौके पर पहुंचे परिजनों को सौंप दिया गया। अभियंता के पुत्र संजय ने बताया कि उसके पिता को वैक्सीन लगवाने से पहले से हल्के बुखार की शिकायत थी।
विज्ञापन
जिला अमेठी के भवानीपुर पोस्ट खेंता निवासी अयोध्या प्रसाद (52) ललितपुर के ग्राम कल्यानपुरा स्थित 220 केवी सब स्टेशन (ट्रांसमिशन) में लगभग तीन वर्ष से अवर अभियंता के पद पर तैनात थे। आठ अप्रैल को उन्होंने कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन लगवाई थी। उन्होंने घर में बच्चों को फोन करके वैक्सीन लगवाने की जानकारी दी और बच्चों से मां और दादी को भी वैक्सीन लगवाने के लिए कहा था।
विज्ञापन
शनिवार की शाम से उनकी हालत खराब होने लगी थी, उन्होंने परिजनों को फोन पर बीमार होने की बात बताई थी। उनके बच्चे रात में ही अमेठी से ललितपुर के लिए रवाना हो गए। रविवार की सुबह अवर अभियंता की हालत ज्यादा खराब होने पर स्टाफ के लोग उन्हें जिला अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया और उनकी कोरोना की एंटीजन जांच की, जिस पर वह कोरोना पॉजिटिव पाए गए।
विज्ञापन
जिला अस्पताल प्रशासन द्वारा कोविड-19 नियमों के तहत उनके शव को पैक करने के बाद मौके पर पहुंचे परिजनों को सौंप दिया गया। अभियंता के पुत्र संजय ने बताया कि उसके पिता को वैक्सीन लगवाने से पहले से हल्के बुखार की शिकायत थी।
शनिवार की रात में जब उन्होंने फोन किया था तो वह काफी तकलीफ में थे। यहां आकर उनकी मृत्यु की जानकारी मिली। मृतक के दो पुत्र व दो पुत्रियां हैं। परिजन उनके शव को लेकर अमेठी स्थित अपने गांव चले गए। उधर, अपर जिलाधिकारी अनिल कुमार मिश्र ने बताया कि रविवार को अवर अभियंता के अलावा ललितपुर निवासी एक 27 वर्षीय युवती और 70 वर्षीय वृद्ध की मौत कोरोना के चलते झांसी में हुई है।
झांसी और ललितपुर में कोरोना के 494 मरीज मिले, तीन की मौत
झांसी और ललितपुर में कोरोना बेकाबू होता जा रहा है। रविवार को इन दोनों जिलों में रिकॉर्ड 494 मरीज सामने आए हैं। ललितपुर में तो तीन संक्रमितों की मौत भी हो गई है।
कोरोना वायरस ने रविवार को झांसी में अब तक का सबसे बड़ा हमला बोला है। 3,816 नमूनों की जांच में 362 में इस महामारी का संक्रमण पाया गया है। इसके साथ ही यहां सक्रिय संक्रमितों की संख्या तेजी से बढ़कर 1508 पर पहुंच गई है। वहीं, ललितपुर में भी 132 लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है।
वहां तीन संक्रमितों की मौत भी हुई है। मरने वालों में विद्युत विभाग में कार्यरत 52 वर्षीय अवर अभियंता भी शामिल हैं। इसके अलावा ललितपुर निवासी एक 27 वर्षीय युवती और 70 वर्षीय वृद्ध की भी कोरोना वायरस के संक्रमण की चपेट में आने की वजह से मौत हुई है।
झांसी और ललितपुर में कोरोना के 494 मरीज मिले, तीन की मौत
झांसी और ललितपुर में कोरोना बेकाबू होता जा रहा है। रविवार को इन दोनों जिलों में रिकॉर्ड 494 मरीज सामने आए हैं। ललितपुर में तो तीन संक्रमितों की मौत भी हो गई है।
कोरोना वायरस ने रविवार को झांसी में अब तक का सबसे बड़ा हमला बोला है। 3,816 नमूनों की जांच में 362 में इस महामारी का संक्रमण पाया गया है। इसके साथ ही यहां सक्रिय संक्रमितों की संख्या तेजी से बढ़कर 1508 पर पहुंच गई है। वहीं, ललितपुर में भी 132 लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है।
वहां तीन संक्रमितों की मौत भी हुई है। मरने वालों में विद्युत विभाग में कार्यरत 52 वर्षीय अवर अभियंता भी शामिल हैं। इसके अलावा ललितपुर निवासी एक 27 वर्षीय युवती और 70 वर्षीय वृद्ध की भी कोरोना वायरस के संक्रमण की चपेट में आने की वजह से मौत हुई है।
संक्रमण के तेजी से बढ़ने से हालात बिगड़ रहे हैं। उपलब्ध स्वास्थ्य संसाधन बौने साबित होने लगे हैं। महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज में स्थित कोविड अस्पताल फुल हो चुका है। प्रशासन द्वारा आनन - फानन में वैकल्पिक इंतजाम किए जा रहे हैं। मेडिकल कॉलेज के आर्थोपेडिक विभाग में पचास बेड की नई यूनिट शुरू की गई है। निजी अस्पतालों में कोरोना मरीजों के लिए इलाज की व्यवस्था बनाई गई है। इसके अलावा कोरोना मरीजों की जांच की रफ्तार भी दोगुनी करने की तैयारी है।