{"_id":"61200ea38ebc3e79c24e3f56","slug":"bsp-unleashed-power-in-bundelkhand-made-four-in-charges-jhansi-news-jhs2023741120","type":"story","status":"publish","title_hn":"बसपा ने बुंदेलखंड में झोंकी ताकत, चार प्रभारी बनाए","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बसपा ने बुंदेलखंड में झोंकी ताकत, चार प्रभारी बनाए
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
झांसी। जैसे-जैसे विधानसभा चुनाव नजदीक आ रहे हैं, बहुजन समाज पार्टी अपने संगठन को मजबूत करती जा रही है। पार्टी पूरे बुंदेलखंड में संगठन के कील-कांटे दुरुस्त कर रही है। इसीलिए पार्टी ने अशोक गौतम को बुंदेलखंड प्रभारी की जिम्मेदारी सौंप दी है। उनके आने से अब पार्टी में चार बुंदेलखंड प्रभारी हो गए हैं। इससे समझा जा सकता है कि पार्टी चुनाव में दूसरे दलों से दो - दो हाथ करने को तैयार हो रही है।
बहुजन समाज पार्टी में अब तक तीन बुंदेलखंड प्रभारी थे। लालाराम अहिरवार, बृजेश जाटव और रामबाबू चिरगइंया संगठन की कमान संभाले हुए हैं। इसके अलावा झांसी में रविकांत मौर्य को मुख्य सेक्टर प्रभारी की जिम्मेदारी दी गई है। पार्टी का मानना है कि विधानसभा चुनाव में संगठन की ओर से कोई कमी न रह जाए, ताकि चुनाव में पार्टी मजबूती से लड़ सके। यही कारण है कि आमजन तक पहुंच बनाने के लिए बूथ कमेटियां गठित की जा रही हैं। सूत्रों के अनुसार पिछले कुछ दिनों से जालौन जिले में चल रही उठापटक से कहीं पार्टी को नुकसान न हो जाए, इसलिए पार्टी ने एक और बुंदेलखंड प्रभारी की तैनाती कर दी है। प्रयागराज निवासी अशोक गौतम को पूरे बुंदेलखंड के सातों जिलों की कमान सौंपी गई है। इससे पहले वह मुख्य सेक्टर प्रभारी की जिम्मेदारी संभाले हुए थे। बुंदेलखंड प्रभारी बनाए गए अशोक गौतम के समक्ष सबसे बड़ी चुनौती गुटबाजी को समाप्त करने की है।
बुंदेलखंड के सभी सातों जिलों में वर्तमान में भाजपा के विधायक हैं। जबकि, क्षेत्र में बसपा का पुराना वोट बैंक और जनाधार है। ऐसे में पार्टी को लगता है कि यदि संगठन को मजबूती से खड़ा कर दिया जाए तो फिर से विधानसभा सीटों पर कब्जा जमाया जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
बहुजन समाज पार्टी में अब तक तीन बुंदेलखंड प्रभारी थे। लालाराम अहिरवार, बृजेश जाटव और रामबाबू चिरगइंया संगठन की कमान संभाले हुए हैं। इसके अलावा झांसी में रविकांत मौर्य को मुख्य सेक्टर प्रभारी की जिम्मेदारी दी गई है। पार्टी का मानना है कि विधानसभा चुनाव में संगठन की ओर से कोई कमी न रह जाए, ताकि चुनाव में पार्टी मजबूती से लड़ सके। यही कारण है कि आमजन तक पहुंच बनाने के लिए बूथ कमेटियां गठित की जा रही हैं। सूत्रों के अनुसार पिछले कुछ दिनों से जालौन जिले में चल रही उठापटक से कहीं पार्टी को नुकसान न हो जाए, इसलिए पार्टी ने एक और बुंदेलखंड प्रभारी की तैनाती कर दी है। प्रयागराज निवासी अशोक गौतम को पूरे बुंदेलखंड के सातों जिलों की कमान सौंपी गई है। इससे पहले वह मुख्य सेक्टर प्रभारी की जिम्मेदारी संभाले हुए थे। बुंदेलखंड प्रभारी बनाए गए अशोक गौतम के समक्ष सबसे बड़ी चुनौती गुटबाजी को समाप्त करने की है।
विज्ञापन
बुंदेलखंड के सभी सातों जिलों में वर्तमान में भाजपा के विधायक हैं। जबकि, क्षेत्र में बसपा का पुराना वोट बैंक और जनाधार है। ऐसे में पार्टी को लगता है कि यदि संगठन को मजबूती से खड़ा कर दिया जाए तो फिर से विधानसभा सीटों पर कब्जा जमाया जा सकता है।
विज्ञापन