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वन विभाग ने खत्म की ब्रिटिश हुकूमत की परंपरा
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झांसी। ब्रिटिश काल से ही रात के समय जंगलों की निगरानी वन कर्मियों द्वारा मशाल से रोशनी कर की जाती है। लेकिन अब विभाग द्वारा इस परंपरा को बदला जा रहा है। वन कर्मियों द्वारा अब मशालों की जगह सोलर लैंप और सोलर लाइटों से वनों की निगरानी की जाएगी। विभाग द्वारा जिले की सभी रेंजों के लिए दस सोलर लाइटें और दस सोलर लैंपों की खरीदारी कर ली है।
झांसी जिले में सात रेंज हैं जिसमें 25639.350 हेक्टेयर क्षेत्रफल में घना जंगल फैला हुआ है। जिसमें कई तरह के बेशकीमती पेड़ लगे हुए हैं। वहीं, इमारती लकड़ी के पेड़ों की संख्या भी अनगिनत है। वन कर्मियों द्वारा दिन में पेट्रोलिंग कर जंगलों की निगरानी आराम से कर ली जाती है। लेकिन वन माफिया रात के अंधेरा का फायदा उठाकर लकड़ी काटने में सफल नहीं हों इसके लिए ब्रिटिश काल से ही वन कर्मियों द्वारा रात के समय मशालों को जलाकर गश्त करने का नियम है। लेकिन अब विभाग द्वारा मशालों को हटाकर सोलर लैंप और सोलर लाइटों की खरीदारी कर ली है। इन लाइटों को सौर ऊर्जा से ही चार्ज किया जाएगा। जिसको जिले की सभी सातों रेंजों के वन रक्षकों का दिया जाएगा।
इस संबंध में जिला वनाधिकारी वीके मिश्रा ने बताया कि मशालों का दौर अब पूरी तरह से समाप्त हो गया है। रात के समय जंगलों की देखरेख के लिए विभाग द्वारा सोलर लाइटों और लैंपों की खरीदारी कर ली हैं। जिसको जिले की सभी रेंजों को दिया जाएगा।
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झांसी जिले में सात रेंज हैं जिसमें 25639.350 हेक्टेयर क्षेत्रफल में घना जंगल फैला हुआ है। जिसमें कई तरह के बेशकीमती पेड़ लगे हुए हैं। वहीं, इमारती लकड़ी के पेड़ों की संख्या भी अनगिनत है। वन कर्मियों द्वारा दिन में पेट्रोलिंग कर जंगलों की निगरानी आराम से कर ली जाती है। लेकिन वन माफिया रात के अंधेरा का फायदा उठाकर लकड़ी काटने में सफल नहीं हों इसके लिए ब्रिटिश काल से ही वन कर्मियों द्वारा रात के समय मशालों को जलाकर गश्त करने का नियम है। लेकिन अब विभाग द्वारा मशालों को हटाकर सोलर लैंप और सोलर लाइटों की खरीदारी कर ली है। इन लाइटों को सौर ऊर्जा से ही चार्ज किया जाएगा। जिसको जिले की सभी सातों रेंजों के वन रक्षकों का दिया जाएगा।
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इस संबंध में जिला वनाधिकारी वीके मिश्रा ने बताया कि मशालों का दौर अब पूरी तरह से समाप्त हो गया है। रात के समय जंगलों की देखरेख के लिए विभाग द्वारा सोलर लाइटों और लैंपों की खरीदारी कर ली हैं। जिसको जिले की सभी रेंजों को दिया जाएगा।
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