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Jhansi News: अधूरे सफर में छूटा आकांक्षा और छवि का साथ

Mon, 17 Jun 2024 04:22 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Mon, 17 Jun 2024 04:22 AM IST
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Akanksha and Chhavi lost their companionship in the incomplete journey.
- पांचवीं कक्षा से पढ़ रहीं थी साथ
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अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग में हुए हादसे में जान गंवाने वाली आकांक्षा और घायल छवि के बीच बचपन से ही गहरी दोस्ती थी। शुरुआत से ही दोनों साथ में पढ़ीं थीं और इंजीनियरिंग करने के बाद दोनों दिल्ली में नौकरी कर रहीं थीं। शुक्रवार को दोनों साथ-साथ उत्तराखंड के लिए निकली थीं। लेकिन, मंजिल पर पहुंचने से पहले ही दोनों का साथ छूट गया। आकांक्षा अपनी सहेली छवि से बगैर कुछ कहे ही हमेशा के लिए रुखसत हो गई। हादसे में घायल छवि की हालत भी गंभीर है।
सीपरी बाजार की भांग वाली गली निवासी आकांक्षा चौरसिया और केकेपुरी निवासी छवि श्रीवास्तव की बचपन से ही गहरी दोस्ती थी। दोनों पांचवीं कक्षा से साथ में पढ़ रहीं थीं और इंजीनियरिंग की पढ़ाई भी साथ-साथ की। इसके बाद नौकरी करने के लिए दिल्ली चली गईं। वहां भी उनकी दोस्ती का सफर बदस्तूर जारी रहा। नौकरी वे भले ही अलग-अलग कंपनियों में करतीं थीं, लेकिन ज्यादातर समय वह साथ में ही बिताती थीं। शुक्रवार को दोनों साथ में ही उत्तराखंड ट्रैकिंग के लिए जा रहीं थीं। टेंपो ट्रैवलर में वह दिल्ली से सवार हुईं। अपनी यात्रा को लेकर वे बेहद खुश थीं। फोन कर परिजनों को भी इसकी जानकारी दी थी। लेकिन, यहां दोनों का साथ छूट गया। हादसे में आकांक्षा की मौत हो गई, जबकि छवि गंभीर रूप से घायल हो गई। आकांक्षा की मौत के बाद से उसके परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल बना हुआ है। परिवार के लोग ऋषिकेश पहुंच गए थे और रविवार को उसका अंतिम संस्कार हरिद्वार में किया गया।
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बता दें कि मृतका आकांक्षा बचपन से ही पढ़ाई में होनहार थी। उसके पिता मनोज चौरसिया की सीपरी बाजार में दुकान है। मां सुषमा गृहिणी हैं। उसकी एक छोटी बहन अंकिता बैंक में जॉब करती है। छोटा भाई अंश भी पढ़ाई कर रहा है।
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घायल छवि को वेंटीलेटर पर रखा गया, नमिता की हुई छुट्टी
फोटो----अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। रुद्रप्रयाग में शनिवार को हुए हादसे में झांसी की झांसी की सीपरी बाजार की भांग वाली गली निवासी मनोज चौरसिया की बेटी आकांक्षा चौरसिया (25) की मौत हो गई थी। जबकि, केके पुरी निवासी अधिवक्ता सुरेंद्र श्रीवास्तव की बेटी छवि श्रीवास्तव (27) और खातीबाबा दिलदार नगर निवासी बलवीर शर्मा की बेटी नमिता शर्मा (30) घायल हैं। नमिता के दोनों पैर में फ्रैक्चर हो गया था। उसे इलाज के बाद शनिवार को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। जबकि, छवि की हालत गंभीर बनी हुई है। उसका ऋषिकेश के एम्स में इलाज जारी है। वहां छवि को वेंटीलेटर पर रखा गया है।
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