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नाला सफाई ठप-City
Updated Thu, 03 May 2018 02:48 AM IST
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सफाई कर्मचारियों ने हाथ खड़े किए, नाला सफाई ठप
- पंचकुइयां मेला की मजदूरी नहीं मिलने से है रोष
- एक सप्ताह में एक ट्राली कचरा भी नहीं निकाला
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी।
बृहस्पतिवार से शुरू हुई नाला सफाई बुधवार आते-आते ठप हो गई है। पंचकुइयां मेला के काम का भुगतान अभी तक नहीं होने के कारण सफाई कर्मचारियों में रोष है। नटबली नाले पर तो काम शुरू ही नहीं हुआ है। अस्थायी सफाई कर्मचारी काम नहीं करना चाहते और जो कर्मचारी नाला गैंग में शामिल थे उनसे दूसरे काम लिए जा रहे हैं, जिससे व्यवस्था बिगड़ गई है।
एक मीटर से छोटे 207 नालों और एक मीटर से बड़े नटबली नाले की सफाई के लिए 125 कर्मचारी लगाए गए। नालों की सफाई शुरू हुई थी, लेकिन सभी सर्किलों में पूरे कर्मचारी ड्यूटी पर नहीं आने के कारण सफाई ठप हो गई है। सफाई कर्मचारियों का कहना है कि नाला सफाई जून तक होगी। वह अस्पताल, नर्सिंग होम या दुकानों पर काम करते हैं। यदि वहां से काम छोड़ते हैं और नाला सफाई करते हैं तो बाद में उन्हें काम नहीं मिलेगा। इस कारण कर्मचारी काम पर आने से कतरा रहे हैं।
दूसरी ओर, पंचकुइयां में नवरात्र के मेला की सफाई के दौरान अतिरिक्त कर्मचारी लगाए गए थे। इन सफाई कर्मचारियों को अभी तक मजदूरी का भुगतान नहीं किया गया है। इस कारण भी कर्मचारियों में रोष है। नगर आयुक्त प्रताप सिंह भदौरिया ने बुधवार को अखिल भारतीय स्वच्छकार एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक प्याल और अन्य प्रतिनिधियों से मुलाकात की और जल्द भुगतान कराने का आश्वासन दिया।
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शहर को दस सर्किलों में बांटा गया है। पूर्व में नाला गैंग के रूप में 106 सफाई कर्मचारी तैनात थे, लेकिन धीरे-धीरे उन कर्मचारियों को दूसरे कामों में लगा दिया गया, जिससे अब सफाई कर्मचारियों की समस्या खड़ी हो गई है। आलम यह है कि अभी तक पांच ट्राली कचरा भी नहीं निकला है, जबकि नाला सफाई के दौरान प्रतिदिन दो से तीन ट्रॉली कचरा निकलता रहा है।
नटबली नाला से रोष
नटबली नाले पर अवैध कब्जे हैं। सफाई कर्मचारियों को आशंका है कि अवैध कब्जे तोड़े तो विवाद हो सकता है, इसलिए सफाई कर्मचारियों में रोष है।
बड़े नालों की टेंडर प्रक्रिया चल रही
एक मीटर से बड़े नालों की सफाई ठेकेदारों के माध्यम से कराई जाएगी, इसके लिए टेंडर प्रक्रिया अपनाई जा रही है। टेंडर डाले जा रहे हैं। एक सप्ताह के अंदर टेंडर खुलने और वर्कआर्डर जारी करने की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।
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- पंचकुइयां मेला की मजदूरी नहीं मिलने से है रोष
- एक सप्ताह में एक ट्राली कचरा भी नहीं निकाला
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी।
बृहस्पतिवार से शुरू हुई नाला सफाई बुधवार आते-आते ठप हो गई है। पंचकुइयां मेला के काम का भुगतान अभी तक नहीं होने के कारण सफाई कर्मचारियों में रोष है। नटबली नाले पर तो काम शुरू ही नहीं हुआ है। अस्थायी सफाई कर्मचारी काम नहीं करना चाहते और जो कर्मचारी नाला गैंग में शामिल थे उनसे दूसरे काम लिए जा रहे हैं, जिससे व्यवस्था बिगड़ गई है।
एक मीटर से छोटे 207 नालों और एक मीटर से बड़े नटबली नाले की सफाई के लिए 125 कर्मचारी लगाए गए। नालों की सफाई शुरू हुई थी, लेकिन सभी सर्किलों में पूरे कर्मचारी ड्यूटी पर नहीं आने के कारण सफाई ठप हो गई है। सफाई कर्मचारियों का कहना है कि नाला सफाई जून तक होगी। वह अस्पताल, नर्सिंग होम या दुकानों पर काम करते हैं। यदि वहां से काम छोड़ते हैं और नाला सफाई करते हैं तो बाद में उन्हें काम नहीं मिलेगा। इस कारण कर्मचारी काम पर आने से कतरा रहे हैं।
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दूसरी ओर, पंचकुइयां में नवरात्र के मेला की सफाई के दौरान अतिरिक्त कर्मचारी लगाए गए थे। इन सफाई कर्मचारियों को अभी तक मजदूरी का भुगतान नहीं किया गया है। इस कारण भी कर्मचारियों में रोष है। नगर आयुक्त प्रताप सिंह भदौरिया ने बुधवार को अखिल भारतीय स्वच्छकार एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक प्याल और अन्य प्रतिनिधियों से मुलाकात की और जल्द भुगतान कराने का आश्वासन दिया।
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शहर को दस सर्किलों में बांटा गया है। पूर्व में नाला गैंग के रूप में 106 सफाई कर्मचारी तैनात थे, लेकिन धीरे-धीरे उन कर्मचारियों को दूसरे कामों में लगा दिया गया, जिससे अब सफाई कर्मचारियों की समस्या खड़ी हो गई है। आलम यह है कि अभी तक पांच ट्राली कचरा भी नहीं निकला है, जबकि नाला सफाई के दौरान प्रतिदिन दो से तीन ट्रॉली कचरा निकलता रहा है।
नटबली नाला से रोष
नटबली नाले पर अवैध कब्जे हैं। सफाई कर्मचारियों को आशंका है कि अवैध कब्जे तोड़े तो विवाद हो सकता है, इसलिए सफाई कर्मचारियों में रोष है।
बड़े नालों की टेंडर प्रक्रिया चल रही
एक मीटर से बड़े नालों की सफाई ठेकेदारों के माध्यम से कराई जाएगी, इसके लिए टेंडर प्रक्रिया अपनाई जा रही है। टेंडर डाले जा रहे हैं। एक सप्ताह के अंदर टेंडर खुलने और वर्कआर्डर जारी करने की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।