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एनओसी नहीं तो निरस्त हो सकता है लाइसेंस-City
Updated Sat, 05 Aug 2017 08:28 PM IST
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एनओसी नहीं तो निरस्त हो सकता है लाइसेंस
सब हेड: अग्निशमन विभाग की लेना होगा अनापत्ति प्रमाणपत्र
क्रासर
- स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों को भेजे नोटिस
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी।
अब सभी नर्सिंग होम को फायर ब्रिगेड विभाग से अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) लेना होगा। स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों को इस संबंध में नोटिस भेज दिए हैं। ऐसा नहीं करने वाले अस्पतालों का लाइसेंस निरस्त हो सकता है।
सीएमओ ने शनिवार को अस्पतालों को भेजे नोटिस में कहा कि सभी नर्सिंग होम अपने यहां आग से बचाव के इंतजाम करते हुए समय-समय पर उपकरणों की जांच और मॉकड्रिल करते हुए उनकी सक्रियता का आंकलन करें। आग लगने की स्थिति में ऐसे उपकरणों की न तो आम जनता को जानकारी होती है। जानकारी होने पर भी अग्निशमन यंत्र क्रियाशील नहीं पाए जाते हैं। इससे आग लगने पर भारी जानमाल की क्षति होने की संभावना बनी रहती है। सीएमओ ने निर्देश दिया है कि सभी नर्सिंग होम मरीजों के लिए प्रतिष्ठानों में लगे अग्निशमन उपकरण की जानकारी साइन बोर्ड से प्रदर्शित करें। मरीजों, तीमारदारों को आग लगने की स्थिति में प्रतिष्ठानों से सुरक्षित निकालने की जानकारी उपलब्ध कराएं। इन नियमों का पालन न करने पर खुद अस्पताल संचालक जिम्मेदार होंगे। सभी को निर्देश दिया है कि जल्द ही फायर सेफ्टी विभाग से एनओसी ले लें। अग्नि सुरक्षा संबंधित उपाए सात दिन के अंदर न करने पर पंजीकरण निरस्त किया जा सकता है।
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सब हेड: अग्निशमन विभाग की लेना होगा अनापत्ति प्रमाणपत्र
क्रासर
- स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों को भेजे नोटिस
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी।
अब सभी नर्सिंग होम को फायर ब्रिगेड विभाग से अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) लेना होगा। स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों को इस संबंध में नोटिस भेज दिए हैं। ऐसा नहीं करने वाले अस्पतालों का लाइसेंस निरस्त हो सकता है।
सीएमओ ने शनिवार को अस्पतालों को भेजे नोटिस में कहा कि सभी नर्सिंग होम अपने यहां आग से बचाव के इंतजाम करते हुए समय-समय पर उपकरणों की जांच और मॉकड्रिल करते हुए उनकी सक्रियता का आंकलन करें। आग लगने की स्थिति में ऐसे उपकरणों की न तो आम जनता को जानकारी होती है। जानकारी होने पर भी अग्निशमन यंत्र क्रियाशील नहीं पाए जाते हैं। इससे आग लगने पर भारी जानमाल की क्षति होने की संभावना बनी रहती है। सीएमओ ने निर्देश दिया है कि सभी नर्सिंग होम मरीजों के लिए प्रतिष्ठानों में लगे अग्निशमन उपकरण की जानकारी साइन बोर्ड से प्रदर्शित करें। मरीजों, तीमारदारों को आग लगने की स्थिति में प्रतिष्ठानों से सुरक्षित निकालने की जानकारी उपलब्ध कराएं। इन नियमों का पालन न करने पर खुद अस्पताल संचालक जिम्मेदार होंगे। सभी को निर्देश दिया है कि जल्द ही फायर सेफ्टी विभाग से एनओसी ले लें। अग्नि सुरक्षा संबंधित उपाए सात दिन के अंदर न करने पर पंजीकरण निरस्त किया जा सकता है।
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