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महिला का पोस्टमार्टम कराने गांव वाले आए
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महिला का पोस्टमार्टम कराने गांव वाले आए
झांसी। मेडिकल कॉलेज में दो महिलाओं के शव छोड़कर भाग जाने के मामले में परिजनों का दूसरे दिन भी पता नहीं लग सका। हालांकि, पुलिस के आग्रह पर शनिवार को वर्षा का शव लेने गांव वाले जालौन से झांसी आए गए।
विगत 14 फरवरी को जालौन के माधवगढ़ थाना क्षेत्र के हरौली निवासी कमल दोहरे की पत्नी वर्षा (30) आग से झुलस गई थी। परिजनों ने वर्षा को उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया। यहां 15 फरवरी की उनकी मौत हो गई। मौत के बाद परिजन शव छोड़कर भाग गए। पुलिस परिजनों का पता लगाने हरौली गांव पहुंची, जहां उनके घर पर ताला लगा मिला। शनिवार को पुलिस के आग्रह पर प्रधान बबलू राजा ने गांव के मंगल और छिद्दू को झांसी भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद गांव के लोगों को शव सौंप दिया गया।
इसी तरह, जहर खाने वाली नवाबाद क्षेत्र के शिवाजी नगर निवासी दीक्षा कुशवाहा (20) के परिजनों का दूसरे दिन भी पता नहीं लग सका। उसे पति शिवम कुशवाहा ने उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया था। परिजनों का पता नहीं लगने से शव का पोस्टमार्टम नहीं हो सका।
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झांसी। मेडिकल कॉलेज में दो महिलाओं के शव छोड़कर भाग जाने के मामले में परिजनों का दूसरे दिन भी पता नहीं लग सका। हालांकि, पुलिस के आग्रह पर शनिवार को वर्षा का शव लेने गांव वाले जालौन से झांसी आए गए।
विगत 14 फरवरी को जालौन के माधवगढ़ थाना क्षेत्र के हरौली निवासी कमल दोहरे की पत्नी वर्षा (30) आग से झुलस गई थी। परिजनों ने वर्षा को उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया। यहां 15 फरवरी की उनकी मौत हो गई। मौत के बाद परिजन शव छोड़कर भाग गए। पुलिस परिजनों का पता लगाने हरौली गांव पहुंची, जहां उनके घर पर ताला लगा मिला। शनिवार को पुलिस के आग्रह पर प्रधान बबलू राजा ने गांव के मंगल और छिद्दू को झांसी भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद गांव के लोगों को शव सौंप दिया गया।
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इसी तरह, जहर खाने वाली नवाबाद क्षेत्र के शिवाजी नगर निवासी दीक्षा कुशवाहा (20) के परिजनों का दूसरे दिन भी पता नहीं लग सका। उसे पति शिवम कुशवाहा ने उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया था। परिजनों का पता नहीं लगने से शव का पोस्टमार्टम नहीं हो सका।
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