कदौरा। मनरेगा की हकीकत जानने के लिए अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी ने ब्लाक क्षेत्र के लमसर व बरखेरा सहित 24 गांवों का निरीक्षण किया। इस दौरान कई गांवों में काम बंद मिला तो कहीं पर जरूरत से कम मजदूर काम करते दिखाई दिए। इस पर उन्होंने कार्रवाई के निर्देश दिए है। उन्होंने बताया कि वह जल्द ही अपनी रिपोर्ट जिलाधिकारी को भेजेेंगे। ताकि लापरवाह प्रधान व सचिव पर कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान उन्होंने मजदूरों की समस्याओं को भी सुना।
कार्यक्रम अधिकारी ने सबसे पहले लमसर गांव में पहुंचे और बंधा समेत अन्य कार्यों को देखा। इसके बाद उन्होंने गोशाला का निरीक्षण किया। इस दौरान मवेशियों की संख्या, भूषा आदि को चेक किया। उन्होंने निर्देश दिए कि मवेशियों के चारे पानी की व्यवस्था में कोई कमी ना रहने पाए। इसके बाद ग्राम बरखेरा में नाला खुदाई के कार्यो का निरीक्षण किया। मौजूद श्रमिकों से बात कर उनकी समस्याओं को सुना और जल्द निस्तारण के निर्देश अधीनस्थों को दिए। उन्होंने ग्राम पंचायतों में चल रहे हैं मनरेगा कार्यों की प्रगति रिपोर्ट देखी। कई गांव में मनरेगा के काम बंद होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने ब्लाक के अधिकारियों को निर्देश दिए कि कि ब्लाक के लापरवाह प्रधान, सचिव व तकनीकी सहायकों की सूची बनाकर कार्रवाई की जाए। अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी असित रंजन ने बताया कि अकबरपुर, सुनेहटा, परौसा, इटौरा बावनी, इटौरा गुरु, कुआंखेड़ा में काफ ी दिनों से कार्य बंद है। जबकि आटा, करमचंदपुर, ताहरपुर, जौराखेरा, हरचंदपुर, इमलिया बुजुर्ग में मजदूरों की संख्या कम मिली इन गांव के सचिव प्रधान व तकनीकी सहायकों पर कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र लिखा जा रहा है। अवर अभियंताओ अमित मिश्रा व अरविंद पाल ने बताया कि क्षेत्र में रुक रुक कर हो रही बारिश से मनरेगा कार्य नहीं हो पा रहे हैं।