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अन्ना ने रौदी 34 बीघा फसल, जानवरों को हाकने को लेकर भिड़े किसान
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कदौरा (जालौन)। अन्ना मवेशियों ने भेड़ी खुर्द गांव के किसानों की 34 बीघा चना, मटर की फसल को रौंद दिया। मौके पर पहुंचे गुस्साए किसानों ने मवेशियों के झुंड को दूसरे गांव बड़ागांव की ओर हांक दिए, जिसको लेकर दोनों गांवों के किसानों के बीच विवाद हो गया। मामला बढ़ता, इसके पहले मौके पर पहुंची पुलिस ने किसानों को समझा बुझाकर शांत कराया और मवेशियों को गोशाला में बंद करा दिया।
किसानों का आरोप है गोशाला कर्मियों की अनदेखी से आए दिन गोशाला से निकलकर अन्ना मवेशी किसानों की फसल बर्बाद कर रहे हैं। बुधवार रात भेड़ी खुर्द गांव में अन्ना मवेशियों ने किसान कालीचरण की पांच, सोनिल सिंह की दस बीघा चना की फसल, रामशरण की चार और कामता की पांच बीघा मटर की फसल, बलराज की छह और धनीराम की चार बीघा की अरहर की फसल समेत 34 बीघा लगभग फसल को रौंद दिया। मवेशियों के झुंड को देख कर किसानों में हड़कंप मच गया।
किसानों ने मौके पर पहुंच कर अन्ना जानवरों को दूसरे गांव की तरफ हांकने लगे, जिसको लेकर दोनों गांव के किसानों विवाद बड़ गया। मामला बात विवाद से शुरू होकर हाथापाई तक पहुंच गया। मामला बढ़ता देख किसी ने जानकारी पुलिस को दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों को समझा बुझाकर शांत कराया। इसके बाद पुलिस ने जानवरों को गोशाला में बंद कराया।
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किसानों का आरोप है कि गोशाला कर्मियों की अनदेखी से आए दिन अन्ना जानवर गोशाला से बाहर आकर किसानों का नुकसान करते हैं। किसान देवेंद्र, महेंद्र, रामहेत सिंह आदि का कहना है कि इस समय क्षेत्र में चना, मटर, अरहर की बुआई एक माह पूर्व हो चुकी है। फसल उगने लगी है। जिस पर हम लोग लगातार अन्ना मवेशियों से रखवाली करने को मजबूर हैं। शिकायतों के बाद भी गोशाला कर्मी लापरवाही बरतते है, जिससे आए दिन अन्ना फसलों को बर्बाद कर रहे। वहीं सचिव धीरेंद्र सिंह का कहना है कि भेड़ी में स्थायी और बड़ागांव में अस्थायी गोशालाएं हैं, जिनकी देखरेख को कर्मचारी व चरवाहों को लगाया गया है।
गोशाला से मवेशी निकलने की शिकायत मिली है। अगर मवेशी गोशाला से निकले हैं, तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी। प्रभारी निरीक्षक इंस्पेक्टर जितेंद सिंह ने बताया कि झगड़े की सूचना मिली थी, जिससे शांत करा दिया गया है। फिलहाल अब तक कोई तहरीर नहीं मिली है।
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किसानों का आरोप है गोशाला कर्मियों की अनदेखी से आए दिन गोशाला से निकलकर अन्ना मवेशी किसानों की फसल बर्बाद कर रहे हैं। बुधवार रात भेड़ी खुर्द गांव में अन्ना मवेशियों ने किसान कालीचरण की पांच, सोनिल सिंह की दस बीघा चना की फसल, रामशरण की चार और कामता की पांच बीघा मटर की फसल, बलराज की छह और धनीराम की चार बीघा की अरहर की फसल समेत 34 बीघा लगभग फसल को रौंद दिया। मवेशियों के झुंड को देख कर किसानों में हड़कंप मच गया।
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किसानों ने मौके पर पहुंच कर अन्ना जानवरों को दूसरे गांव की तरफ हांकने लगे, जिसको लेकर दोनों गांव के किसानों विवाद बड़ गया। मामला बात विवाद से शुरू होकर हाथापाई तक पहुंच गया। मामला बढ़ता देख किसी ने जानकारी पुलिस को दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों को समझा बुझाकर शांत कराया। इसके बाद पुलिस ने जानवरों को गोशाला में बंद कराया।
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किसानों का आरोप है कि गोशाला कर्मियों की अनदेखी से आए दिन अन्ना जानवर गोशाला से बाहर आकर किसानों का नुकसान करते हैं। किसान देवेंद्र, महेंद्र, रामहेत सिंह आदि का कहना है कि इस समय क्षेत्र में चना, मटर, अरहर की बुआई एक माह पूर्व हो चुकी है। फसल उगने लगी है। जिस पर हम लोग लगातार अन्ना मवेशियों से रखवाली करने को मजबूर हैं। शिकायतों के बाद भी गोशाला कर्मी लापरवाही बरतते है, जिससे आए दिन अन्ना फसलों को बर्बाद कर रहे। वहीं सचिव धीरेंद्र सिंह का कहना है कि भेड़ी में स्थायी और बड़ागांव में अस्थायी गोशालाएं हैं, जिनकी देखरेख को कर्मचारी व चरवाहों को लगाया गया है।
गोशाला से मवेशी निकलने की शिकायत मिली है। अगर मवेशी गोशाला से निकले हैं, तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी। प्रभारी निरीक्षक इंस्पेक्टर जितेंद सिंह ने बताया कि झगड़े की सूचना मिली थी, जिससे शांत करा दिया गया है। फिलहाल अब तक कोई तहरीर नहीं मिली है।