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अनाज की तुलना में दाल में प्रोटीन दोगुना
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उरई। कृषि विज्ञान केंद्र पर विश्व दलहन दिवस का आयोजन सहकार भारती के महामंत्री डॉ. प्रवीण कुमार जादौन की अध्यक्षता में किया गया। राष्ट्रीय एकीकृत जीव प्रबंधन संस्थान नई दिल्ली द्वारा दलहनी फसलों पर एक वेबिनार आयोजित किया गया। जिसमें जनपद के प्रगतिशील कृषकों को जोड़ा गया। अनाज की तुलना में दाल में प्रोटीन दोगुना होता है।
कृषि विज्ञान केंद्र के अध्यक्ष डॉ. राजीव कुमार सिंह ने जनपद में दलहनी फसलों पर प्रस्तुतीकरण दिया। उन्होंने जनपद के फसल सघनता को बढ़ाने पर जोर दिया। बताया कि प्रदेश में मसूर एवं चना का क्षेत्रफल घट रहा है। इसका मुख्य कारण उकठा रोग है। जिसका निदान और अवरोधी प्रजातियों के चयन से किया जा सकता है।
उन्होंने बताया कि जनपद में मूंग एवं मटर का क्षेत्रफल बढ़ा है और साथ ही मूंग, मसूर, चना एवं मटर की औसत उत्पादकता में वृद्धि हुई जो कि जनपद के लिए एक अच्छी सूचना है।
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प्रसार वैज्ञानिक डॉ. विस्टर जोशी ने कृषि विज्ञान केंद्र की भूमिका एवं चल रही गतिविधियों एवं योजनाओं के बारे में अवगत कराया। कार्यक्रम के अध्यक्षता कर रहे डॉ. प्रवीण कुमार जादौन ने कृषि विज्ञान केंद्र के प्रयासों को सराहा एवं सहकारिता के माध्यम से जुड़े किसानों एवं महिलाओं को केंद्र से जुड़ने की बात कही।
संचालन कर रही डॉ. राजकुमारी ने विश्व दलहन दिवस की भूमिका पर प्रकाश डाला। कहा कि अन्य अनाज की तुलना में दाल में प्रोटीन दोगुना पाई जाती है तथा फाइबर से भरपूर होता है। रक्तचाप महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
इस दौरान फसल सुरक्षा वैज्ञानिक डॉ. रजनीश चंद्र मिश्र, डॉ. कुमार गौतम आदि ने जिला विज्ञान क्लब के अध्यक्ष लक्ष्मीनारायण चतुर्वेदी, जिला विज्ञान क्लब समन्वयक विनय गुप्ता, प्रगतिशील कृषक अशोक कुमार, केबी सिंह, राधेश्याम त्रिपाठी ने दलहनी फसलों के बारे में जानकारी दी।
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कृषि विज्ञान केंद्र के अध्यक्ष डॉ. राजीव कुमार सिंह ने जनपद में दलहनी फसलों पर प्रस्तुतीकरण दिया। उन्होंने जनपद के फसल सघनता को बढ़ाने पर जोर दिया। बताया कि प्रदेश में मसूर एवं चना का क्षेत्रफल घट रहा है। इसका मुख्य कारण उकठा रोग है। जिसका निदान और अवरोधी प्रजातियों के चयन से किया जा सकता है।
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उन्होंने बताया कि जनपद में मूंग एवं मटर का क्षेत्रफल बढ़ा है और साथ ही मूंग, मसूर, चना एवं मटर की औसत उत्पादकता में वृद्धि हुई जो कि जनपद के लिए एक अच्छी सूचना है।
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प्रसार वैज्ञानिक डॉ. विस्टर जोशी ने कृषि विज्ञान केंद्र की भूमिका एवं चल रही गतिविधियों एवं योजनाओं के बारे में अवगत कराया। कार्यक्रम के अध्यक्षता कर रहे डॉ. प्रवीण कुमार जादौन ने कृषि विज्ञान केंद्र के प्रयासों को सराहा एवं सहकारिता के माध्यम से जुड़े किसानों एवं महिलाओं को केंद्र से जुड़ने की बात कही।
संचालन कर रही डॉ. राजकुमारी ने विश्व दलहन दिवस की भूमिका पर प्रकाश डाला। कहा कि अन्य अनाज की तुलना में दाल में प्रोटीन दोगुना पाई जाती है तथा फाइबर से भरपूर होता है। रक्तचाप महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
इस दौरान फसल सुरक्षा वैज्ञानिक डॉ. रजनीश चंद्र मिश्र, डॉ. कुमार गौतम आदि ने जिला विज्ञान क्लब के अध्यक्ष लक्ष्मीनारायण चतुर्वेदी, जिला विज्ञान क्लब समन्वयक विनय गुप्ता, प्रगतिशील कृषक अशोक कुमार, केबी सिंह, राधेश्याम त्रिपाठी ने दलहनी फसलों के बारे में जानकारी दी।