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जावित्री को लेकर नई बस्ती पहुंची सीबीसीआईडी, शिनाख्त का प्रयास

Wed, 21 Oct 2020 12:03 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 21 Oct 2020 12:03 AM IST
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jaavitree ko lekar naee bastee pahunchee seebeeseeaeedee, shinaakht ka prayaas
नई बस्ती में पुलिस व सीबीसीआईडी के साथ घूमती जावित्री। - फोटो : ORAI
कालपी(जालौन)। बारह साल बाद जिंदा मिली जावित्री का मामला मंगलवार को फिर चर्चा में आ गया। कानपुर से सीबीसीआईडी की टीम सीओ के नेतृत्व में जावित्री को उसके परिवार के साथ लेकर कालपी के नई बस्ती मोहल्ले में पहुंची। जावित्री के मुताबिक यहीं पर उसका बचपन गुजरा है। मोहल्ले में पुलिस और सीबीसीआईडी के सामने कई लोगों को लाया गया। महिलाओं को बुलाकर भी जावित्री की शिनाख्त का प्रयास किया गया। किसी ने पहचाना और किसी ने कुछ भी कहने से मना कर दिया। देर शाम सीबीसीआईडी जावित्री को लेकर चली गई। कोतवाली पुलिस का कहना है कि मामले की पूरी जांच पड़ताल सीबीसीआईडी को ही करनी है।
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वर्ष 2008 में नगर के नई बस्ती मोहल्ले से 14 वर्षीय किशोरी जावित्री गायब हो गई थी। जावित्री की मां राजो देवी ने नगर के नौ लोगों पर अपहरण का मामला दर्ज कराया था। इसके बाद 2009 में एक किशोरी की लाश घाटमपुर थाना क्षेत्र में मिली। राजो देवी ने उसकी शिनाख्त अपनी बेटी जावित्री के रूप में की थी। इससे मामला अपहरण के बाद हत्या में तरमीम हो गया। पुलिस मामले का खुलासा नही कर पाई तो तत्कालीन बसपा सरकार ने मामले की जांच सीबीसीआईडी को दे दी। सीबीसीआईडी ने मामले में चार्जशीट फाइल कर दी। लगभग 12 साल बाद 15 सितंबर को अलीगढ़ से एक शादीशुदा युवती सामने आई। उसने बताया कि वह जावित्री है। तब कोतवाली पुलिस उसे अलीगढ़ से लेकर कालपी आई। यहां जावित्री की मां राजो ने उसे बेटी मानने से इनकार कर दिया। मामले को लेकर तीन दिन पुलिस चकरघिन्नी बनी रही। जांच सीबीसीआईडी में होने की वजह से पुलिस कोर्ट में जावित्री के बयान भी नहीं करा सकी। इससे उसे वापस अलीगढ़ भेज दिया गया।
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अब लगभग एक माह बाद मंगलवार शाम को सीबीसीआईडी के सीओ कमर मजीद, इंस्पेक्टर राजेश वर्मा, इंस्पेक्टर विनोद कुमार चौहान जावित्री को लेकर कोतवाली पहुंचे। यहां से सभी जावित्री को लेकर उसके मोहल्ले नई बस्ती गए। यहां पर कई महिलाओं और बुजुर्गों से उसकी पहचान कराने का प्रयास किया गया। जावित्री ने मोहल्ले के कई लोगों के घरों के अलावा यह भी बताया कि कहां पर राशन बिकता था, कहां कौन रहता था। इसको लेकर मोहल्ले में हलचल रही। सीबीसीआईडी के सीओ कमर मजीद ने बताया कि जावित्री की पहचान सुनिश्चित कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि मामला कोर्ट में है, इससे ज्यादा जानकारी नही दी जा सकती है।
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