{"_id":"622e316de58fdd787920270b","slug":"crime-news-orai-news-knp685491917","type":"story","status":"publish","title_hn":"आरपीएफ ने ई टिकट की कालाबाजारी में दो को पकड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आरपीएफ ने ई टिकट की कालाबाजारी में दो को पकड़ा
विज्ञापन
आरपीएफ की गिरफ्त में ई टिकट कारोबारी अशोक कुमार।
- फोटो : ORAI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उरई। रेलवे के ई-टिकट की कालाबाजारी करने के मामले में आरपीएफ (रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स) ने कानपुर देहात के पुखरायां से दो लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से रेलवे टिकट, लैपटॉप व प्रिंटर मिले हैं। आरपीएफ ने रेलवे एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को जेल भेज दिया है।
रेलवे के ई-टिकटों की कालाबाजारी किए जाने की सूचना पर उरई आरपीएफ इंस्पेक्टर एमके गुप्ता ने पुलिस की दो टीमें बनाई थीं। रविवार को एक टीम ने दरोगा डीपी सिंह के नेतृत्व में पुखरायां में छापा मारकर अशोक कुमार पाल को दबोच लिया। उसके पास से एक लैपटाप, एक प्रिंटर व एक स्मार्ट फोन मिला। जांच में पांच टिकट व 4338 रुपये बरामद हुए। पूछताछ में अशोक ने बताया कि उसके पास आईआरसीटीसी की कोई एजेंट आईडी नहीं है। वह तीन अलग-अलग पर्सनल यूजर आईडी से टिकट बनाकर 100 से 200 रुपये तक ज्यादा लेकर जरूरतमंदों को टिकट देता था।
इसी तरह आरपीएफ की दूसरी टीम ने दरोगा गंभीर सिंह की अगुवाई में पुखरायां में आलोक सिंह के यहां छापा मारा। कानपुर नगर के अफीमकोठी के पास रहने वाले आलोक को गिरफ्तार कर उसके पास तीन लैपटॉप, एक प्रिंटर व एक मोबाइल बरामद किया गया। आलोक के पास चार टिकट भी मिले। उसके पास भी कोई एजेंट आईडी नहीं थी। आलोक भी पर्सनल आईडी पर दो सौ रुपये अधिक लेकर टिकट की कालाबाजारी कर रहा था। पुलिस टीमें दोनों को पकड़कर उरई आरपीएफ थाने ले गईं।
विज्ञापन
विज्ञापन
रेलवे के ई-टिकटों की कालाबाजारी किए जाने की सूचना पर उरई आरपीएफ इंस्पेक्टर एमके गुप्ता ने पुलिस की दो टीमें बनाई थीं। रविवार को एक टीम ने दरोगा डीपी सिंह के नेतृत्व में पुखरायां में छापा मारकर अशोक कुमार पाल को दबोच लिया। उसके पास से एक लैपटाप, एक प्रिंटर व एक स्मार्ट फोन मिला। जांच में पांच टिकट व 4338 रुपये बरामद हुए। पूछताछ में अशोक ने बताया कि उसके पास आईआरसीटीसी की कोई एजेंट आईडी नहीं है। वह तीन अलग-अलग पर्सनल यूजर आईडी से टिकट बनाकर 100 से 200 रुपये तक ज्यादा लेकर जरूरतमंदों को टिकट देता था।
विज्ञापन
इसी तरह आरपीएफ की दूसरी टीम ने दरोगा गंभीर सिंह की अगुवाई में पुखरायां में आलोक सिंह के यहां छापा मारा। कानपुर नगर के अफीमकोठी के पास रहने वाले आलोक को गिरफ्तार कर उसके पास तीन लैपटॉप, एक प्रिंटर व एक मोबाइल बरामद किया गया। आलोक के पास चार टिकट भी मिले। उसके पास भी कोई एजेंट आईडी नहीं थी। आलोक भी पर्सनल आईडी पर दो सौ रुपये अधिक लेकर टिकट की कालाबाजारी कर रहा था। पुलिस टीमें दोनों को पकड़कर उरई आरपीएफ थाने ले गईं।
विज्ञापन