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Hathras News: होर्डिंग लगाने में नियमों की अनदेखी, बढ़ा हादसों का खतरा
Sat, 10 Oct 2026 02:00 AM IST
अलीगढ़ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस
Updated Sat, 10 Oct 2026 02:00 AM IST
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तालाब ओवरब्रिज पर लगे होर्डिंग। संवाद
- फोटो : Samvad
शहर में नियमों को ताक पर रखकर जगह-जगह लगाए गए यूनीपोल और अवैध होर्डिंग लोगों के जीवन और यातायात सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बन चुके हैं। नगर पालिका परिषद के सामने और रेलवे ओवरब्रिज के आसपास बिना किसी प्रशासनिक अनुमति और कियोस्क का ठेका उठे ही नगर पालिका के ऑक्टागोनल खंभों पर धड़ल्ले से छोटे-बड़े होर्डिंग लगा दिए गए हैं।
भारतीय सड़क कांग्रेस (आईआरसी) के तय मानकों के अनुसार, सड़कों, चौराहों और फुटपाथ से यूनीपोल की एक निश्चित दूरी और ऊंचाई तय होती है। हालांकि, शहर के प्रमुख मार्गों, मोड़ों और फुटपाथों पर आईआरसी के नियमों का तनिक भी पालन नहीं किया गया है। स्थिति यह है कि फुटपाथों और सड़कों पर मनमाने तरीके से खंभे खड़े कर दिए गए हैं, जिससे वाहन चालकों की दृश्यता प्रभावित हो रही है और हर समय किसी बड़े हादसे की आशंका बनी रहती है।
ये हैं नियम
नियम है कि कोई खंभा या यूनीपोल चौराहा से 50 मीटर की दूरी पर लगेगा। साथ ही सड़क से तीन मीटर की दूरी तक इन्हें लगाया जा सकता है। फुटपाथ को अवरुद्ध नहीं किया जाएगा। जगह व खंभों की भारी सीमा के अनुसार ही होर्डिंग लगाए जा सकते हैं। इसके लिए पीडब्ल्यूडी की भी अनुमति आवश्यक है। विज्ञापनों पर तेज व चमकीली रोशनी का प्रयोग नहीं होगा, जिससे वाहन चालक को भ्रम न हो।
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कई बार हो चुके हैं हादसे
चार महीने पहले गांधी तिराहा पर यूनीपोल पर लगा होर्डिंग वजन के कारण टूटकर गिर गया था। आंधी के दौरान यह हादसा हुआ था। गनीमत थी कि आंधी के कारण सड़क पर कोई वाहन नहीं था। इससे पहले पिछले वर्ष हतीसा भगवंतपुर पर एक यूनीपोल बीच सड़क पर गिरा था।
अतिक्रमण और यातायात व्यवस्था ध्वस्त
सड़कों पर अवैध रूप से लगे पोल व होर्डिंग की आड़ में अतिक्रमण भी हो रहा है। दुकानदार फुटपाथ को घेरकर रखते हैं। फुटपाथ घिरने की वजह से पैदल चलने वाले हादसे का शिकार होते हैं। साथ ही जाम की स्थिति बनती है। कोतवाली सदर, मधुगढ़ चौराहा, बांस मंडी, घास मंडी आदि इलाकों में जाम की वजह नियमों के विपरीत लगे होर्डिंग भी हैं।
अवैध होर्डिंग को हटाने के लिए अभियान चलता रहता है। टेंडर के बाद नियमानुसार हलके वजन के यूनीपोल लगवाए गए थे। अवैध होर्डिंग के खिलाफ जल्द अभियान चलाया जाएगा।
-रोहित सिंह, ईओ नगर पालिका परिषद हाथरस
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भारतीय सड़क कांग्रेस (आईआरसी) के तय मानकों के अनुसार, सड़कों, चौराहों और फुटपाथ से यूनीपोल की एक निश्चित दूरी और ऊंचाई तय होती है। हालांकि, शहर के प्रमुख मार्गों, मोड़ों और फुटपाथों पर आईआरसी के नियमों का तनिक भी पालन नहीं किया गया है। स्थिति यह है कि फुटपाथों और सड़कों पर मनमाने तरीके से खंभे खड़े कर दिए गए हैं, जिससे वाहन चालकों की दृश्यता प्रभावित हो रही है और हर समय किसी बड़े हादसे की आशंका बनी रहती है।
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ये हैं नियम
नियम है कि कोई खंभा या यूनीपोल चौराहा से 50 मीटर की दूरी पर लगेगा। साथ ही सड़क से तीन मीटर की दूरी तक इन्हें लगाया जा सकता है। फुटपाथ को अवरुद्ध नहीं किया जाएगा। जगह व खंभों की भारी सीमा के अनुसार ही होर्डिंग लगाए जा सकते हैं। इसके लिए पीडब्ल्यूडी की भी अनुमति आवश्यक है। विज्ञापनों पर तेज व चमकीली रोशनी का प्रयोग नहीं होगा, जिससे वाहन चालक को भ्रम न हो।
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कई बार हो चुके हैं हादसे
चार महीने पहले गांधी तिराहा पर यूनीपोल पर लगा होर्डिंग वजन के कारण टूटकर गिर गया था। आंधी के दौरान यह हादसा हुआ था। गनीमत थी कि आंधी के कारण सड़क पर कोई वाहन नहीं था। इससे पहले पिछले वर्ष हतीसा भगवंतपुर पर एक यूनीपोल बीच सड़क पर गिरा था।
अतिक्रमण और यातायात व्यवस्था ध्वस्त
सड़कों पर अवैध रूप से लगे पोल व होर्डिंग की आड़ में अतिक्रमण भी हो रहा है। दुकानदार फुटपाथ को घेरकर रखते हैं। फुटपाथ घिरने की वजह से पैदल चलने वाले हादसे का शिकार होते हैं। साथ ही जाम की स्थिति बनती है। कोतवाली सदर, मधुगढ़ चौराहा, बांस मंडी, घास मंडी आदि इलाकों में जाम की वजह नियमों के विपरीत लगे होर्डिंग भी हैं।
अवैध होर्डिंग को हटाने के लिए अभियान चलता रहता है। टेंडर के बाद नियमानुसार हलके वजन के यूनीपोल लगवाए गए थे। अवैध होर्डिंग के खिलाफ जल्द अभियान चलाया जाएगा।
-रोहित सिंह, ईओ नगर पालिका परिषद हाथरस