सुअरों की मौत से दहशत में लोग: यूपी के इस शहर में लगातार तोड़ रहे दम, जहां देखों नजर आ रहीं हैं कब्रें
नगर पालिका के कर्मचारी जेसीबी से मरे हुए सुअरों के शवों को जमीन के अंदर दफन करा रहे हैं।
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हाथरस शहर में इस समय लगातार सुअरों की मौत हो रही है। इससे लोगों में दहशत है। नगर पालिका प्रशासन मरे सूअरों को दफन करा रहा है। सुअरों की मौत से कोई संक्रमण न फैल जाए, इसे लेकर पालकों में काफी दहशत है। नगर पालिकाध्यक्ष आशीष शर्मा का कहना है कि सुअरों की मौत के बारे में पशु चिकित्सा विभाग को अवगत कराया जा चुका है, जबकि पशु चिकित्सा विभाग का कहना है कि उन्हें शहरी क्षेत्र में सुअर मरने की कोई जानकारी नहीं है।
पिछले दिनों सादाबाद में बड़ी संख्या में सुअर मरे थे। अब हाथरस शहर में भी लगातार सूअरों की मौत हो रही है। पिछले एक सप्ताह में करीब 300 से ज्यादा सुअरों ने अलग-अलग स्थानों पर दम तोड़ दिया। इसकी सूचना नगर पालिका प्रशासन को मिल रही है और नगर पालिका के कर्मचारी जेसीबी से मरे हुए सुअरों के शवों को जमीन के अंदर दफन करा रहे हैं।
बुधवार को शहर के मोहल्ला बालापट्टी और खोड़ा हजारी आदि इलाकों में 10 सुअर मर गए। सूचना मिलने पर नगर पालिका के कर्मियों ने इन सुअरों के शवों को जेसीबी से गड्ढा खुदवा कर इन्हें दफन कराया। जिस तरह रिहायशी इलाकों में सुअरों की मौत हो रही है, उससे लोगों में भय व्याप्त है कि कहीं इसकी वजह से कोई संक्रमण न फैल जाए।
इस मामले में झोल यह है कि नगर पालिका प्रशासन का कहना है कि सुअरों की मौत के बारे में पशु चिकित्सा विभाग को अवगत करा दिया गया है। वहीं विभाग इससे अनभिज्ञता जता रहा है। नगरीय क्षेत्र में जिस तरह से लगातार सूअरों की मौत हो रही है, उसकी जानकारी पशु चिकित्सा विभाग को नहीं है।
शहरी क्षेत्र में सुअरों में मौत की कोई सूचना नहीं मिली है। इस समय कोई भी विशेष बीमारी भी नहीं चल रही है। सूचना मिलती है तो टीम को भेजकर जांच कराई जाएगी। -डॉ. सुशील कुमार, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी