फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hathras News ›   Hathras: Ramveer was the most successful in the district, reached the assembly five times

हाथरस : जिले में रामवीर रहे सबसे ज्यादा सफल, पांच बार पहुंचे विधानसभा

Sat, 20 Nov 2021 11:09 PM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Sat, 20 Nov 2021 11:09 PM IST
विज्ञापन
Hathras: Ramveer was the most successful in the district, reached the assembly five times
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
विज्ञापन

अगले साल प्रदेश में विधानसभा के चुनाव होने हैं और इसके लिए सभी दल जोर-शोर से तैयारी कर रहे हैं। इस चुनाव में इस जिले में अभी तक सबसे ज्यादा सफलता पूर्व मंत्री व सादाबाद विधायक रामवीर उपाध्याय के हाथ लगी है। अभी तक बसपा के टिकट पर जनता उन्हें पांच बार विधानसभा में पहुंचा चुकी है। और वह भी जिले की तीनों सीटों से। इसके अलावा कुं. रामसरन सिंह, कुं. अशरफ अली खां, हरीशंकर माहौर, पं. नेकराम शर्मा भी चार-चार बार विधायक बन चुके हैं।
जिले के चुनावी इतिहास को देखें तो विधानसभा चुनाव में यहां अभी तक सबसे ज्यादा सफलता पूर्व मंत्री व वर्तमान में सादाबाद से विधायक रामवीर उपाध्याय को मिली है। रामवीर उपाध्याय की राजनीति में एंट्री वर्ष 1993 में हुई। उस समय वह निर्दलीय चुनाव लड़े थे और तीसरे नंबर पर आए थे। उसके बाद वर्ष 1996 में जब बसपा में शामिल हुए तो लगातार जीतते चले गए। वर्ष 1996, 2002 और वर्ष 2007 में वह हाथरस सदर सीट से चुनाव जीते। हाथरस सीट जब अनुसूचित जाति के लिए सुरक्षित हो गई तो रामवीर ने बसपा से ही वर्ष 2012 का चुनाव सिकंदराराऊ से लड़ा और वहां से भी वह चुनाव जीत गए। तदुपरांत अपनी रणनीति के तहत वर्ष 2017 का चुनाव उन्होंने बसपा से ही सादाबाद से लड़ा और इस चुनाव में भी उन्होंने विजयश्री हासिल की। इस तरह अभी तक रामवीर पांच बार विधानसभा चुनाव जीत चुके हैं और वह भी जिले की तीनों अलग-अलग सीटों से।
विज्ञापन

बसपा की सरकारों में वह कबीना मंत्री भी रहे हैं। इसके अलावा वर्तमान में सदर विधायक हरीशंकर माहौर भी राजनीति के पुराने खिलाड़ी हैं। वह वर्ष 1991, वर्ष 1993 और वर्ष 1996 में लगातार सासनी सीट से भाजपा से विधायक रह चुके हैं। वर्तमान में वह हाथरस सदर सीट से विधायक हैं। इसी तरह कुं. रामसरन सिंह को भी जनता ने चार बार विधानसभा में पहुंचाया। वह अलग-अलग दलों से लड़े और वर्ष 1967, वर्ष 1977, वर्ष 1989 और वर्ष 1991 में हाथरस सीट से चुनाव जीते। सिकंदराराऊ सीट से पं. नेकराम शर्मा चार बार विधायक रहे। दो बार वह निर्दलीय भी जीतकर विधानसभा में पहुंचे। इसी प्रकार सादाबाद की जनता ने सबसे ज्यादा कुं.अशरफ अली खां को विधानसभा में पहुंचाया। वह वर्ष 1952, 1962, 1967 और फिर 1969 में जीते। यह चारों चुनाव उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर ही जीते। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed