फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hathras News ›   Hathras: Farmers roaming empty handed for fertilizer, effect on sowing

हाथरस : खाद के लिए खाली हाथ घूम रहे किसान, बुवाई पर असर

Wed, 02 Nov 2022 01:07 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Wed, 02 Nov 2022 01:07 AM IST
विज्ञापन
Hathras: Farmers roaming empty handed for fertilizer, effect on sowing
हाथरस : साधन सहकारी समिति सहपऊ पूर्वी पर खाद के लिए लगी किसानों की भीड़। संवाद - फोटो : SHAPHU
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहपऊ/सादाबाद/हाथरस।
विज्ञापन

जिले में खाद का संकट खत्म होने का नाम नहीं ले रहा। खाद के लिए किसान दर-दर भटक रहे हैं और काफी इंतजार के बाद भी उन्हें खाद नहीं मिल रहा। कई साधन सहकारी समितियों में तो खाद नहीं पहुंचा है। कुछ पर खाद खत्म हो गया है। किसानों की फसल की बुवाई खाद की किल्लत की वजह से प्रभावित हो रही है। जिन किसानों को खाद मिला भी है तो वह उन्हें काफी कम तादाद में खाद मिला है। इस दौरान कई स्थानों पर हंगामा भी हुआ।
सहपऊ क्षेत्र मेें नौ आत्म निर्भर सहकारी साधन समिति हैं। इनमें से केवल दो ही साधन समिति पर 760 बोरी डीएपी उपलब्ध कराई गई। धाधऊ साधन समिति पर खाद का वितरण हुआ। इसमें कई किसानों को मायूस होकर खाली हाथ लौटना पड़ा। कुछ किसानों को खाद के दो बोरी ही मिल सकी हैं। उनका कहना है कि यह उनके खेतों के लिए पर्याप्त नहीं है। मंगलवार को साधन समिति सहपऊ पूर्वी पर भी यही हालात देखने को मिले। यहां किसानों को तीन बोरी मिली हैं और यहां भी बहुत से किसान खाली हाथ लौटे हैं।
विज्ञापन

किसानों को आरोप है कि उनके साथ भेदभावपूर्ण व्यवहार किया जा रहा। सचिव ने इन लोगों के आधार कार्ड की फोटो स्टेट जमा करा ली हैं। इनके पास खेत ही नहीं हैं। यह केवल अपने चहेतों को खाद देने के लिए किया जा रहा है। धाधऊ साधन समिति पर हुए हंगामे को देखते हुए प्रशासन ने लेखपाल एवं क्षेत्रीय कानूनगों को खाद वितरण कराने के साधन समिति पर भेज दिया और इधर साधन समिति के अधिकारी भी वितरण के समय साधन समिति पर मौजूद थे । एक बार तो भीड़ हंगामा करने लगी, लेकिन अधिकारियों के समझाने पर वह शांत हो गई। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन

किसानों का दर्द
साधन साधन समितियों पर पर भाग-भागकर तंग आ गया हूं, लेकिन खाद का नहीं मिला। आखिर कहां से इंतजाम किया जाए।
- ललित कुमार निवासी लोधई
गेहूं की फसल बोने के लिए खाद लेना था, लेकिन यहां पर आने पर कुछ नहीं मिला। खेत की ओठ निकलने के बाद खाद मिला तो उसका क्या लाभ होगा।
- मुन्नालाल निवासी सहपऊ
सुबह से लाइन में लगा हूूं, लेकिन खाद मिलने की संभावना न के बराबर है। खेत में आलू के बुवाई के लिए तैयार है। अब पता नहीं दुबारा कब खाद आएगा।
- कुक्की पंडित निवासी नगला सुखराम
इस साधन समिति पर उन लोगों का भी खाद दिया जा रहा है, जिनके पास खेत ही नहीं है। हमें यह कहकर मना कर दिया कि वह कस्बा के किसान नहीं हैं।
- अर्जुन सिंह निवासी बुढ़ाइच
सादाबाद तहसील में 25 आत्म निर्भर सहकारी साधन समिति हैं। इनमें से सहपऊ में एक और सादाबाद में पांच साधन समितियों पर मंगलवार को खाद का वितरण हो रहा है। इसी प्रकार अन्य साधन समितियों पर भी अतिशीघ्र डीएपी भेजकर वहां वितरण कराया जाएगा

- अनिल कुमार, अपर जिला सहकारी अधिकारी हाथरस
जिले से पांच हजार मीट्रिक टन खाद की और मांग भेज दी गई है। शीघ्र ही रैक हाथरस आएगी। जिले में खाद की किल्लत जल्द ही समाप्त हो जाएगी। किसान थोड़ा धैर्य से काम लें।
- आरके सिंह जिला कृषि अधिकारी हाथरस
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed