{"_id":"64b6ec508ccbd2700a003868","slug":"flood-threat-in-midhwali-lekhpal-not-found-on-the-spot-sadabad-news-c-58-1-sali1023-641-2023-07-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hathras News: मिढ़ावली में बाढ़ का खतरा, मौके पर नहीं मिला लेखपाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hathras News: मिढ़ावली में बाढ़ का खतरा, मौके पर नहीं मिला लेखपाल
विज्ञापन
मिढावली में यमुना के पानी का निरीक्षण करते रालोद जिला अध्यक्ष केशव देव चौधरी।
- फोटो : Samvad
गांव मिढ़ावली की ओर बढ़ रहे यमुना के जलस्तर से ग्रामीणों के साथ ही प्रशासन की चिंता भी बढ़ गई है। ज्यादा बारिश हुई तो अगले कुछ दिन में यमुना खतरे के निशान को पार कर सकती है। प्रशासन ने स्थानीय निवासियों से तटीय इलाकों से दूर जाने की अपील की है। भारी बारिश और हथिनी कुंड बैराज के गेट खुलने के बाद मिढ़ावली के निकट यमुना का जलस्तर बढ़ रहा है।
पिछले वर्ष तक 70 हजार क्यूसेक से अधिक पानी होने के बाद छोटी नहरों को बंद करके बैराज के गेट दिल्ली की तरफ खोल दिए जाते थे लेकिन इस बार एक लाख क्यूसेक पानी होने के बाद हथिनी कुंड बैराज के गेट खोले गए। बारिश लगातार जारी है और बैराज के गेट खुलने के साथ-साथ तटीय इलाकों में पानी बढ़ता जा रहा है। रालोद जिलाध्यक्ष केशव चौधरी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल मिढ़ावली गांव के नजदीक यमुना के खादर क्षेत्र में पहुंचा। यमुना का बढ़ा हुआ जल खेतों तक पहुंच गया है। किसानों ने बताया उनकी सैकड़ों बीघा बाजरा, तिल, ज्वार आदि पकी हुई फसलें पानी की भेंट चढ़ गई हैं।
मौके से ही रालोद नेताओं ने अधिकारियों से वार्ता की। किसानों को तत्काल मुआवजा दिलाने की मांग उठाई गई। जिला अध्यक्ष केशव चौधरी का कहना है कि निरीक्षण के दौरान उन्हें कोई भी प्रशासनिक अधिकारी अथवा संबंधित लेखपाल मौके पर नहीं मिला। न ही बाढ़ से निपटने के लिए कोई तैयारी दिखी। बच्चे पानी में नहा रहे हैं। यदि कोई घटना होगी तो उसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान रामसहाय चौधरी, दीपू चौधरी, वकील साहब, कर्मवीर सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
पिछले वर्ष तक 70 हजार क्यूसेक से अधिक पानी होने के बाद छोटी नहरों को बंद करके बैराज के गेट दिल्ली की तरफ खोल दिए जाते थे लेकिन इस बार एक लाख क्यूसेक पानी होने के बाद हथिनी कुंड बैराज के गेट खोले गए। बारिश लगातार जारी है और बैराज के गेट खुलने के साथ-साथ तटीय इलाकों में पानी बढ़ता जा रहा है। रालोद जिलाध्यक्ष केशव चौधरी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल मिढ़ावली गांव के नजदीक यमुना के खादर क्षेत्र में पहुंचा। यमुना का बढ़ा हुआ जल खेतों तक पहुंच गया है। किसानों ने बताया उनकी सैकड़ों बीघा बाजरा, तिल, ज्वार आदि पकी हुई फसलें पानी की भेंट चढ़ गई हैं।
विज्ञापन
मौके से ही रालोद नेताओं ने अधिकारियों से वार्ता की। किसानों को तत्काल मुआवजा दिलाने की मांग उठाई गई। जिला अध्यक्ष केशव चौधरी का कहना है कि निरीक्षण के दौरान उन्हें कोई भी प्रशासनिक अधिकारी अथवा संबंधित लेखपाल मौके पर नहीं मिला। न ही बाढ़ से निपटने के लिए कोई तैयारी दिखी। बच्चे पानी में नहा रहे हैं। यदि कोई घटना होगी तो उसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान रामसहाय चौधरी, दीपू चौधरी, वकील साहब, कर्मवीर सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन