{"_id":"603a97f78ebc3ee947540f64","slug":"electric-consumer-have-to-pay-extra-charges-hathras-news-ali2573892169","type":"story","status":"publish","title_hn":"शहर में शामिल होने वाले बिजली उपभोक्ताओं पर बढ़ेगा बोझ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शहर में शामिल होने वाले बिजली उपभोक्ताओं पर बढ़ेगा बोझ
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
शहर में शामिल हुए 12 गांव के करीब 15 हजार उपभोक्ताओं की जेब पर अब आर्थिक बोझ बढ़ने वाला है। इन उपभोक्ताओं से अब शहर के हिसाब से बिजली बिल वसूला जाएगा। गांव में घरेलू उपभोक्ताओं से विभाग वर्तमान में पांच रुपये चालीस पैसे यूनिट के हिसाब से बिल ले रहा है। शहर में शामिल होने पर उनका बिजली बिल साढ़े छह रुपये प्रति यूनिट आएगा। इसके लिए विभाग तैयारी भी कर रहा है।
उल्लेखनीय है कि सीमा विस्तार के तहत शहर से सटे एक दर्जन से गांवों को शहरी में शामिल कर लिया गया है। पालिका द्वारा कुछ गांवों में मूलभूत सुविधाएं प्रदान करना भी शुरू कर दी हैं। अब बिजली विभाग द्वारा भी ग्रामीण उपभोक्ताओं को शहरी आपूर्ति देने की कवायद शुरू कर दी है। पहले ग्रामीण क्षेत्र के उपभोक्ताओं को चिह्नित किया जाएगा। उसके बाद सभी पोलों पर क्रमांक नंबर डाले जाएंगे।
यह सब काम पूरा होने के बाद ग्रामीण उपभोक्ताओं से पांच रुपये चालीस पैसे के स्थान पर साढ़े छह रुपये यूनिट के हिसाब से बिल लिया जाएगा। खास बात यह है कि शहर व ग्रामीण अंचल में वाणिज्य उपभोक्ताओं की यूनिट की राशि सामान्य रहती है। इसलिए उनसे सात रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से ही बिल लिया जाएगा। इस मामले में अधीक्षण अभियंता पवन कुमार अग्रवाल का कहना है कि शहर में शामिल होने वाले उपभोक्ताओं को पहले चिह्नित किया जाएगा। पालिका की ओर प्रक्रिया को पूरा करने के बाद ग्रामीणों से शहरी बिल लिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
शहर में शामिल हुए 12 गांव के करीब 15 हजार उपभोक्ताओं की जेब पर अब आर्थिक बोझ बढ़ने वाला है। इन उपभोक्ताओं से अब शहर के हिसाब से बिजली बिल वसूला जाएगा। गांव में घरेलू उपभोक्ताओं से विभाग वर्तमान में पांच रुपये चालीस पैसे यूनिट के हिसाब से बिल ले रहा है। शहर में शामिल होने पर उनका बिजली बिल साढ़े छह रुपये प्रति यूनिट आएगा। इसके लिए विभाग तैयारी भी कर रहा है।
उल्लेखनीय है कि सीमा विस्तार के तहत शहर से सटे एक दर्जन से गांवों को शहरी में शामिल कर लिया गया है। पालिका द्वारा कुछ गांवों में मूलभूत सुविधाएं प्रदान करना भी शुरू कर दी हैं। अब बिजली विभाग द्वारा भी ग्रामीण उपभोक्ताओं को शहरी आपूर्ति देने की कवायद शुरू कर दी है। पहले ग्रामीण क्षेत्र के उपभोक्ताओं को चिह्नित किया जाएगा। उसके बाद सभी पोलों पर क्रमांक नंबर डाले जाएंगे।
विज्ञापन
यह सब काम पूरा होने के बाद ग्रामीण उपभोक्ताओं से पांच रुपये चालीस पैसे के स्थान पर साढ़े छह रुपये यूनिट के हिसाब से बिल लिया जाएगा। खास बात यह है कि शहर व ग्रामीण अंचल में वाणिज्य उपभोक्ताओं की यूनिट की राशि सामान्य रहती है। इसलिए उनसे सात रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से ही बिल लिया जाएगा। इस मामले में अधीक्षण अभियंता पवन कुमार अग्रवाल का कहना है कि शहर में शामिल होने वाले उपभोक्ताओं को पहले चिह्नित किया जाएगा। पालिका की ओर प्रक्रिया को पूरा करने के बाद ग्रामीणों से शहरी बिल लिया जाएगा।
विज्ञापन