{"_id":"67814d6dd3368750650e9e33","slug":"deed-of-disputed-land-done-2025-01-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hathras News: विवादित जमीन का किया बैनामा, रुपये वापस मांगने पर पीटा, मुकदमा दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hathras News: विवादित जमीन का किया बैनामा, रुपये वापस मांगने पर पीटा, मुकदमा दर्ज
Fri, 10 Jan 2025 10:10 PM IST
चमन शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस
अमर उजाला नेटवर्क, हाथरस
Published by: चमन शर्मा
Updated Fri, 10 Jan 2025 10:10 PM IST
सार
मामले में पुलिस अधीक्षक के आदेश पर कोतवाली मुरसान में मुकदमा दर्ज हुआ है।
विज्ञापन
पुलिस ने दर्ज की रिपोर्ट
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
मथुरा जिले के राया थाना क्षेत्र के गांव मोहनगढ़ी पोखर निवासी वीरेंद्र सिंह पुत्री नत्थीलाल ने चार लोगों के खिलाफ 55.54 लाख रुपये लेकर विवादित जमीन का बैनामा करने और रुपये वापस मांगने पर पीटने का आरोप लगाया है। इस मामले में पुलिस अधीक्षक के आदेश पर कोतवाली मुरसान में मुकदमा दर्ज हुआ है।
विज्ञापन
वीरेंद्र सिंह ने प्रार्थना पत्र में लिखा है कि 18 सितंबर 2024 को उनकी मुलाकात गोपाल व सुरेश बाबू पुत्रगण पृथ्वी सिंह निवासी भगवंतपुर, मोहन कौशिक पुत्र मुन्नालाल निवासी दर्शना रोड, अनिल शर्मा पुत्र नामालूम निवासी मल्लू का नगला और गुड्डू पुत्र सुखराम निवासी ग्राम जटोई से हुई। इन लोगों ने उससे कहा कि वह खेत खरीदने एवं बेचने का कार्य करते हैं। इन लोगों ने उन्हें गांव जटोई में एक कृषि भूमि दिखवाई। उन्होंने इस जमीन का एक लाख रुपये एडवांस भी उनको दे दिया।
विज्ञापन
जमीन 6.75 रुपये प्रति बीघा में तय हो गई। इसका क्षेत्रफल 14.5 बीघा है। इसकी मालियत लगभग 9787500 रुपये है। बाकी रुपया बैनामा के समय देना निश्चित हुआ। 20 सितंबर 2024 को इन लोगों ने उन्हें शेष रुपये लेकर अपने घर दर्शना रोड पर बुलाया और उनसे 35 लाख रुपये नकद ले लिए। बाकी रकम चेक के माध्यम से तहसील हाथरस में देने की बात कहकर इन लोगों ने उन्हें उन्हें तहसील बुला लिया।
विज्ञापन
बैनामा उनके पुत्र श्यामसुंदर, अभिषेक व प्रवीन के हक में करा दिया, लेकिन कुछ दिन बाद जब वह जमीन की दाखिल-खारिज कराने तहसील गए तो पता चला कि इस जमीन पर लंबे समय से मुकदमा चल रहा है और यह जमीन पूर्ण रूप से विवादित है। उन्होंने इन लोगों से रुपये वापस मांगे तो आरोपियों ने उन्हें पांच दिसंबर को सुबह 11.47 बजे फोन करके गोपाल के घर बुलाया। वहां सड़क पर ही गोपाल, सुरेशबाबू, महेश कौशिक ने 15-20 अज्ञात व्यक्तियों एवं 2-3 महिलाओं के साथ उन्हें घेर लिया और पीटने लगे। गोपाल एवं महेश ने तमंचा सटाकर कहा कि जान की सलामती चाहता है तो भाग जा।