{"_id":"5d7fe7b78ebc3e93c1260045","slug":"a-fake-student-caught-during-practical-exam-hathras-news-ali21374242","type":"story","status":"publish","title_hn":"दूसरे के स्थान पर प्रायोगिक परीक्षा देने आई छात्रा पकड़ी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दूसरे के स्थान पर प्रायोगिक परीक्षा देने आई छात्रा पकड़ी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस।
बागला डिग्री कॉलेज में दूसरे के स्थान पर प्रायोगिक परीक्षा देने आई फर्जी छात्रा को टीम ने पकड़ लिया। बाद में उसे हिदायत देते हुए छोड़ दिया गया।
डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय ने छूटे हुए प्रायोगिक परीक्षा के लिए बागला डिग्री कॉलेज को नोडल केंद्र बनाया है। सोमवार को यहां बीएससी द्वितीय वर्ष की प्रयोगात्मक परीक्षा होनी थी। परीक्षा से पूर्व कॉलेज की टीम ने सभी परीक्षार्थियों के नाम व पते का मिलान आधार कार्ड से किया। इस दौरान टीम ने दूसरे के स्थान पर परीक्षा देने आई एक छात्रा को पकड़ा। टीम ने फर्जी छात्रा को पकड़ कर प्राचार्य के सामने पेश किया। जिसके बाद उसे काफी समझाया गया और हिदायत दी गई कि भविष्य में ऐसी गलती दोबारा न करे, इसके बाद उसे जाने दिया गया। प्राचार्य मेजर आरके दीक्षित ने बताया कि एक सेल्फ फाइनेंस कॉलेज की छात्रा के स्थान पर उसकी बहन प्रयोगात्मक परीक्षा में शामिल होने आई थी, लेकिन उसकी पहचान परीक्षा में शामिल होने से पहले ही कर ली गई और उसे हिदायत देकर वापस लौटा दिया गया।
विज्ञापन
बागला डिग्री कॉलेज में दूसरे के स्थान पर प्रायोगिक परीक्षा देने आई फर्जी छात्रा को टीम ने पकड़ लिया। बाद में उसे हिदायत देते हुए छोड़ दिया गया।
डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय ने छूटे हुए प्रायोगिक परीक्षा के लिए बागला डिग्री कॉलेज को नोडल केंद्र बनाया है। सोमवार को यहां बीएससी द्वितीय वर्ष की प्रयोगात्मक परीक्षा होनी थी। परीक्षा से पूर्व कॉलेज की टीम ने सभी परीक्षार्थियों के नाम व पते का मिलान आधार कार्ड से किया। इस दौरान टीम ने दूसरे के स्थान पर परीक्षा देने आई एक छात्रा को पकड़ा। टीम ने फर्जी छात्रा को पकड़ कर प्राचार्य के सामने पेश किया। जिसके बाद उसे काफी समझाया गया और हिदायत दी गई कि भविष्य में ऐसी गलती दोबारा न करे, इसके बाद उसे जाने दिया गया। प्राचार्य मेजर आरके दीक्षित ने बताया कि एक सेल्फ फाइनेंस कॉलेज की छात्रा के स्थान पर उसकी बहन प्रयोगात्मक परीक्षा में शामिल होने आई थी, लेकिन उसकी पहचान परीक्षा में शामिल होने से पहले ही कर ली गई और उसे हिदायत देकर वापस लौटा दिया गया।