{"_id":"598f4c164f1c1b87458b4bf6","slug":"161502563350-hathras-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अफसरों ने हवा में उड़ाए शासन के आदेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अफसरों ने हवा में उड़ाए शासन के आदेश
Updated Sun, 13 Aug 2017 12:12 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्यूरो, अमर उजाला, हाथरस
क्षेत्र के गांव नगला बनारसी प्रहलाद में जलभराव की समस्या के निदान के लिए मुख्यमंत्री के आईजीआरएस पोर्टल पर की गई शिकायत ने असर तो दिखाया, लेकिन इसका अनुपालन कागजों पर ही होकर रह गया।
ग्रामीणों ने पांच जून को आईजीआरएस पोर्टल पर इसकी शिकायत दर्ज कराई थी। शासन के निर्देश पर जिले के अधिकारियों ने ग्राम पंचायत सचिव से इस बारे में रिपोर्ट मांगी। 14 जून को ग्राम पंचायत अधिकारी मुकेश पचौरी ने जिला पंचायतराज अधिकारी को आख्या प्रस्तुत की, जिसमें उन्होंने समस्या के समाधान के लिए इस समस्या को वित्त वर्ष की कार्ययोजना में सम्मिलित करना बताया है और कहा है कि प्राकलन मंजूर होने पर ही समस्या का निस्तारण कराया जा सकता है, लेकिन शिकायतकर्ता गंगासहाय शर्मा की मानें तो जमीनी स्तर पर कोई प्रगति होती नहीं दिख रही।
इससे प्रतीत होता है कि शायद ग्राम पंचायत अधिकारी समस्या हल करने के बजाय इसे लंबित रखना चाहते हैं, क्योंकि 23 जून को मुख्य विकास अधिकारी ने भी जिला पंचायतराज अधिकारी को भी जल्द से जल्द समस्या निस्तारण के लिए आदेश किया था, लेकिन समस्या जस-की-तस बनी हुई है। इसी संदर्भ में गांव निवासी समाजसेवी गंगा सहाय ने अब सूचना का अधिकार कानून के तहत सूचना मांगी है कि इस संबंध में हुए आदेशों पर अब तक क्या प्रगति हुई है। उन्होंने लापरवाह अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग करते हुए आईजीआरएस पोर्टल पर दोबारा इसकी शिकायत दर्ज कराई है।
विज्ञापन
पूर्व प्रधान कुंवरपाल ने कहा कि अगर जल्द से जल्द समस्या समाधान नहीं हुआ तो अधिकारियों के खिलाफ उच्चाधिकारीयों को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की जाएगी। सड़कों पर भी आना पड़ा तो आएंगे। आशीष कुमार, लोकेश बाबू, आशीष कुमार, उमेश कुमार, ओजेश कुमार शर्मा, शशी शर्मा, नीलम शर्मा, नत्थीलाल शर्मा, दिनेश कुमार, दुर्गेश कुमार, चंदा देवी, सुरेशचंद्र, ईश्वरचंद्र, कुंवरपाल आदि भी बैठक में मौजूद थे।
विज्ञापन
क्षेत्र के गांव नगला बनारसी प्रहलाद में जलभराव की समस्या के निदान के लिए मुख्यमंत्री के आईजीआरएस पोर्टल पर की गई शिकायत ने असर तो दिखाया, लेकिन इसका अनुपालन कागजों पर ही होकर रह गया।
ग्रामीणों ने पांच जून को आईजीआरएस पोर्टल पर इसकी शिकायत दर्ज कराई थी। शासन के निर्देश पर जिले के अधिकारियों ने ग्राम पंचायत सचिव से इस बारे में रिपोर्ट मांगी। 14 जून को ग्राम पंचायत अधिकारी मुकेश पचौरी ने जिला पंचायतराज अधिकारी को आख्या प्रस्तुत की, जिसमें उन्होंने समस्या के समाधान के लिए इस समस्या को वित्त वर्ष की कार्ययोजना में सम्मिलित करना बताया है और कहा है कि प्राकलन मंजूर होने पर ही समस्या का निस्तारण कराया जा सकता है, लेकिन शिकायतकर्ता गंगासहाय शर्मा की मानें तो जमीनी स्तर पर कोई प्रगति होती नहीं दिख रही।
विज्ञापन
इससे प्रतीत होता है कि शायद ग्राम पंचायत अधिकारी समस्या हल करने के बजाय इसे लंबित रखना चाहते हैं, क्योंकि 23 जून को मुख्य विकास अधिकारी ने भी जिला पंचायतराज अधिकारी को भी जल्द से जल्द समस्या निस्तारण के लिए आदेश किया था, लेकिन समस्या जस-की-तस बनी हुई है। इसी संदर्भ में गांव निवासी समाजसेवी गंगा सहाय ने अब सूचना का अधिकार कानून के तहत सूचना मांगी है कि इस संबंध में हुए आदेशों पर अब तक क्या प्रगति हुई है। उन्होंने लापरवाह अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग करते हुए आईजीआरएस पोर्टल पर दोबारा इसकी शिकायत दर्ज कराई है।
विज्ञापन
पूर्व प्रधान कुंवरपाल ने कहा कि अगर जल्द से जल्द समस्या समाधान नहीं हुआ तो अधिकारियों के खिलाफ उच्चाधिकारीयों को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की जाएगी। सड़कों पर भी आना पड़ा तो आएंगे। आशीष कुमार, लोकेश बाबू, आशीष कुमार, उमेश कुमार, ओजेश कुमार शर्मा, शशी शर्मा, नीलम शर्मा, नत्थीलाल शर्मा, दिनेश कुमार, दुर्गेश कुमार, चंदा देवी, सुरेशचंद्र, ईश्वरचंद्र, कुंवरपाल आदि भी बैठक में मौजूद थे।