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अब विमान के पायलट की तरह सतकर्ता बरतेंगे रोडवेज के चालक व परिचालक
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
अब निगम के अफसरों ने रोडवेज के चालक-परिचालकों को विमान के पायलट की तरह सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। बस के रवाना होने सेे पहले तकनीकी खामियों की जांच होगी। उसके बाद बस को गंतव्य को रवाना किया जाएगा, ताकि दुर्घटनाओं पर अंकुश लग सके और यात्री सुगम यात्रा कर सकें।
उल्लेखनीय है कि रोडवेज बसों में तकनीकी खामियों के कारण दुर्घटनाएं होती हैं, इसलिए अब रोडवेज बसों के संचालन से पहले यांत्रिक खामियों को दूर किया जाएगा। अफसरों ने साफ शब्दों में कहा कि बसों के रवाना होने से पहले खामियों को दूर किया जाए। उसके बाद ही बस को वर्कशॉप से ओके साथ रवाना किया जाए। यदि बस में कोई खामी रहती है तो फोरमैन और तकनीकी कर्मियों के खिलाफ एक्शन होगा। तकनीकी खामी होने पर यदि कोई दुर्घटना होती है डिपो के संबधित अधिकारी पर भी कार्रवाई निगम स्तर से की जाएगी।
चालक-परिचालकों की जांच
निगम के अफसरों ने यह भी कहा है कि चालक-परिचालकों से तय घंटे के हिसाब से ही ड्यूटी ली जाए। समय-समय पर चेकिंग के दौरान यह जांच की जाए कि चालक-परिचालक नशे की हालत में तो नहीं हैं। चालकों को समय समय पर प्रशिक्षण भी दिया जाए। इस मामले में एआरएम शशी रानी का कहना है कि बसों को रवाना करने से पहले चेक किया जाता है। समय-समय पर चेकिंग की जाती है।
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अब निगम के अफसरों ने रोडवेज के चालक-परिचालकों को विमान के पायलट की तरह सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। बस के रवाना होने सेे पहले तकनीकी खामियों की जांच होगी। उसके बाद बस को गंतव्य को रवाना किया जाएगा, ताकि दुर्घटनाओं पर अंकुश लग सके और यात्री सुगम यात्रा कर सकें।
उल्लेखनीय है कि रोडवेज बसों में तकनीकी खामियों के कारण दुर्घटनाएं होती हैं, इसलिए अब रोडवेज बसों के संचालन से पहले यांत्रिक खामियों को दूर किया जाएगा। अफसरों ने साफ शब्दों में कहा कि बसों के रवाना होने से पहले खामियों को दूर किया जाए। उसके बाद ही बस को वर्कशॉप से ओके साथ रवाना किया जाए। यदि बस में कोई खामी रहती है तो फोरमैन और तकनीकी कर्मियों के खिलाफ एक्शन होगा। तकनीकी खामी होने पर यदि कोई दुर्घटना होती है डिपो के संबधित अधिकारी पर भी कार्रवाई निगम स्तर से की जाएगी।
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चालक-परिचालकों की जांच
निगम के अफसरों ने यह भी कहा है कि चालक-परिचालकों से तय घंटे के हिसाब से ही ड्यूटी ली जाए। समय-समय पर चेकिंग के दौरान यह जांच की जाए कि चालक-परिचालक नशे की हालत में तो नहीं हैं। चालकों को समय समय पर प्रशिक्षण भी दिया जाए। इस मामले में एआरएम शशी रानी का कहना है कि बसों को रवाना करने से पहले चेक किया जाता है। समय-समय पर चेकिंग की जाती है।
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