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‘युवाओं में नशे की लत ज्यादा बढ़ी’
ब्यूरो/अमर उजाला, हरदोई
Updated Mon, 01 Jun 2015 12:08 AM IST
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विश्व तंबाकू विरोधी दिवस पर रविवार को जिले मेें
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हुईं गोष्ठियों में तंबाकू के सेवन से होने वाले नुकसान पर चर्चा की गई।
वक्ताओं ने कहा कि बीड़ी, सिगरेट और तंबाकू के चलन पर अंकुश लगना चाहिए।
इससे जहां युवा पीढ़ी प्रभावित हो रही, वहीं गरीब तबके की जनता मौत के करीब
जा रही है।
धर्मशाला रोड पर अनुभूति संस्था के तत्वावधान में हुई गोष्ठी में संस्था अध्यक्ष डा. ईश्वर चंद्र वर्मा ने कहा कि आज के दौर में तंबाकू सेवन और धूम्रपान बड़ी समस्या है। विशेष रूप से आज का युवा इसकी गिरफ्त में है। सुशील वर्मा ने कहा कि आज का हताश, उदास, तनावग्रस्त युवा धूम्रपान में सुख शांति की खोज करता है, पर उसे मिलती है निराशा और कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी।
इस मौके पर उपाध्यक्ष सुरेश अग्निहोत्री, डा. एसएस द्विवेदी, सुमत प्रसाद जैन, अशोक बाजपेई, गिरीश चंद्र बाजपेई, बालकृष्ण गुप्त, चंद्र शेखर प्रसाद मिश्र, विवेकानंद झा, रामनरेश बाजपेई, राजेंद्र सिंह, राकेश सेठ, सतीश चंद्र शुक्ल, प्रहलाद सिंह, प्रभूदयाल गुप्त, निशानाथ अवस्थी, इंद्रपाल, मनीष सोनी, प्रदीप गुप्त और सुशील वर्मा आदि मौजूद थे।
उधर, सार्वजनिक शिक्षोन्नयन संस्थान द्वारा संचालित केंद्र द्वारा विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर तंबाकू समाज के लिए अभिशाप विषय पर स्वामी विवेकानंद सभागार में हुई संगोष्ठी में जिला मद्यनिषेध चिकित्सा अधिकारी डा. एसएन द्विवेदी ने कहा कि तंबाकू का सेवन करने वाला व्यक्ति सामाजिक, आर्थिक, शारीरिक और मानसिक सभी प्रकार से अधोगति को प्राप्त करता है।
उसे नारकीय जीवन जीने को विवश होना पड़ता है। मुख्य वक्ता डा. एसके सिंह ने कहा कि तंबाकू ऐसा पदार्थ है, जो प्रति वर्ष लाखों लोगों की जिंदगियों को खत्म कर देता है। विभागाध्यक्ष डा. रश्मि द्विवेदी ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों से तंबाकू का प्रयोग बच्चों और महिलाओं पर व्यापक रूप बढ़ा है। इससे एक साथ दो पीढ़ियों पर दुष्प्रभाव पड़ रहा है।
परियोजना निदेशक सुमन भार्गव ने कहा कि सरकार द्वारा समाज में सार्वजनिक स्थानों पर तंबाकू सेवन निषेध किया गया है तथा जिले स्तर पर भी मद्यनिषेध केंद्रों का संचालन किया जा रहा है, जो सराहनीय प्रयास है। इस मौके पर डा. आरसी त्रिवेदी, निमिशा बाजपेई, मोनिका ओबराय, पारुल गुप्ता, अंजली सिंह, रामपूजन शुक्ल आदि मौजूद थे।
उधर, संडीला तहसील सभागार में हुई गोष्ठी में लोगों को तंबाकू का सेवन न करने की सलाह दी गई। तहसीलदार आशाराम वर्मा ने बताया कि तंबाकू का सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। इसके खाने से मुंह से दुर्गंध तो आती ही है, साथ ही मुंह में रोग लग जाता है। खासतौर से मुंह और पेट का कैंसर तंबाकू के कारण ही होता है।
धर्मशाला रोड पर अनुभूति संस्था के तत्वावधान में हुई गोष्ठी में संस्था अध्यक्ष डा. ईश्वर चंद्र वर्मा ने कहा कि आज के दौर में तंबाकू सेवन और धूम्रपान बड़ी समस्या है। विशेष रूप से आज का युवा इसकी गिरफ्त में है। सुशील वर्मा ने कहा कि आज का हताश, उदास, तनावग्रस्त युवा धूम्रपान में सुख शांति की खोज करता है, पर उसे मिलती है निराशा और कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी।
इस मौके पर उपाध्यक्ष सुरेश अग्निहोत्री, डा. एसएस द्विवेदी, सुमत प्रसाद जैन, अशोक बाजपेई, गिरीश चंद्र बाजपेई, बालकृष्ण गुप्त, चंद्र शेखर प्रसाद मिश्र, विवेकानंद झा, रामनरेश बाजपेई, राजेंद्र सिंह, राकेश सेठ, सतीश चंद्र शुक्ल, प्रहलाद सिंह, प्रभूदयाल गुप्त, निशानाथ अवस्थी, इंद्रपाल, मनीष सोनी, प्रदीप गुप्त और सुशील वर्मा आदि मौजूद थे।
उधर, सार्वजनिक शिक्षोन्नयन संस्थान द्वारा संचालित केंद्र द्वारा विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर तंबाकू समाज के लिए अभिशाप विषय पर स्वामी विवेकानंद सभागार में हुई संगोष्ठी में जिला मद्यनिषेध चिकित्सा अधिकारी डा. एसएन द्विवेदी ने कहा कि तंबाकू का सेवन करने वाला व्यक्ति सामाजिक, आर्थिक, शारीरिक और मानसिक सभी प्रकार से अधोगति को प्राप्त करता है।
उसे नारकीय जीवन जीने को विवश होना पड़ता है। मुख्य वक्ता डा. एसके सिंह ने कहा कि तंबाकू ऐसा पदार्थ है, जो प्रति वर्ष लाखों लोगों की जिंदगियों को खत्म कर देता है। विभागाध्यक्ष डा. रश्मि द्विवेदी ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों से तंबाकू का प्रयोग बच्चों और महिलाओं पर व्यापक रूप बढ़ा है। इससे एक साथ दो पीढ़ियों पर दुष्प्रभाव पड़ रहा है।
परियोजना निदेशक सुमन भार्गव ने कहा कि सरकार द्वारा समाज में सार्वजनिक स्थानों पर तंबाकू सेवन निषेध किया गया है तथा जिले स्तर पर भी मद्यनिषेध केंद्रों का संचालन किया जा रहा है, जो सराहनीय प्रयास है। इस मौके पर डा. आरसी त्रिवेदी, निमिशा बाजपेई, मोनिका ओबराय, पारुल गुप्ता, अंजली सिंह, रामपूजन शुक्ल आदि मौजूद थे।
उधर, संडीला तहसील सभागार में हुई गोष्ठी में लोगों को तंबाकू का सेवन न करने की सलाह दी गई। तहसीलदार आशाराम वर्मा ने बताया कि तंबाकू का सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। इसके खाने से मुंह से दुर्गंध तो आती ही है, साथ ही मुंह में रोग लग जाता है। खासतौर से मुंह और पेट का कैंसर तंबाकू के कारण ही होता है।