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उतरा गांव में बुखार पीड़ित महिला की मौत
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हरियावां। उतरा गांव में बुधवार को बुखार पीड़ित महिला की मौत हो गई। एक सप्ताह के अंदर गांव में बुखार से तीसरी मौत हुई है।
उतरा गांव निवासी राजेश्वरी (50) पत्नी रामकुमार तीन दिन से बुखार से पीड़ित चल रही थी। परिजन पड़ोस के गांव में स्थित क्लीनिक से उसका इलाज करा रहे थे। बुधवार को तबीयत ज्यादा बिगड़ने पर परिजन उसे शहर के एक प्राइवेट अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। ग्रामीणों ने बताया कि एक सप्ताह पूर्व डेंगू की चपेट में आए गांव निवासी फिरोज व उसके एक दिन बाद बुखार की चपेट में आए गांव निवासी 14 वर्षीय सत्यम की मौत हो चुकी है।
गांव में अब भी कई लोग बुखार की चपेट में हैं। वह सीएचसी में शिकायत कर चुके हैं, लेकिन अब तक स्वास्थ्य महकमे की ओर से ग्रामीणों के लिए कोई कैंप नहीं लगाया गया। प्रधान राजू सिंह ने बताया कि उन्होंने सीएचसी प्रबंधन से गांव में दवा का छिड़काव कराने को कहा था, लेकिन ध्यान नहीं दिया गया।
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उतरा गांव निवासी राजेश्वरी (50) पत्नी रामकुमार तीन दिन से बुखार से पीड़ित चल रही थी। परिजन पड़ोस के गांव में स्थित क्लीनिक से उसका इलाज करा रहे थे। बुधवार को तबीयत ज्यादा बिगड़ने पर परिजन उसे शहर के एक प्राइवेट अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। ग्रामीणों ने बताया कि एक सप्ताह पूर्व डेंगू की चपेट में आए गांव निवासी फिरोज व उसके एक दिन बाद बुखार की चपेट में आए गांव निवासी 14 वर्षीय सत्यम की मौत हो चुकी है।
गांव में अब भी कई लोग बुखार की चपेट में हैं। वह सीएचसी में शिकायत कर चुके हैं, लेकिन अब तक स्वास्थ्य महकमे की ओर से ग्रामीणों के लिए कोई कैंप नहीं लगाया गया। प्रधान राजू सिंह ने बताया कि उन्होंने सीएचसी प्रबंधन से गांव में दवा का छिड़काव कराने को कहा था, लेकिन ध्यान नहीं दिया गया।
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