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Hardoi News: आतिशबाजी की दुकान लगाने पर देने होंगे दो हजार रुपये
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हरदोई। आतिशबाजी की दुकान लगाने वाले दुकानदारों को इस बार लाइसेंस शुल्क के साथ दो हजार दुकान का किराया भी देना होगा। प्रशासन ने अस्थायी आतिशबाजी बाजार सीएसएन पीजी कॉलेज और आईटीआई में ही बनाए जाने का निर्णय लिया है। सीएसएन पीजी कॉलेज और आईटीआई में एक दुकान के लिए दो हजार रुपये शुल्क प्रशासन ने तय किया है।
दीवाली पर श्रीगणेश-लक्ष्मी पूजन, दीया जलाने के साथ आतिशबाजी खूब होती है। आतिशबाजी की मांग और बिक्री को देखते हुए स्थायी दुकानदारों के साथ ही अस्थायी लाइसेंस पर दुकान भी बड़ी संख्या में लगती हैं। प्रशासन ने आतिशबाजी के अस्थायी बाजार के लिए आईटीआई और सीएसएन पीजी कॉलेज परिसर को ही तय किया है। वहां पर दुकानदार अस्थायी लाइसेंस बनवाकर आतिशबाजी की दुकान लगाते हैं।
प्रभारी अधिकारी शस्त्र सिटी मजिस्ट्रेट एसके त्रिवेदी ने बताया कि वैसे तो अभी तक लाइसेंस शुल्क 500 रुपये ही है, लेकिन शासन की ओर से नवीनतम आदेश अभी प्राप्त न होने से संशय है। लाइसेंस शुल्क तय होते ही अस्थायी आतिशबाजी की दुकान के लाइसेंस के लिए आवेदन लिए जाएंगे। दुकानदार को दो हजार रुपये दुकान लगाने के लिए आईटीआई और सीएसएन पीजी कॉलेज में जमा कराने होंगे।
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शस्त्र अनुभाग के प्रभारी अधिकारी सिटी मजिस्ट्रेट एसके त्रिवेदी ने बताया कि जिले में आतिशबाजी निर्माण का कोई लाइसेंस नहीं है। आतिशबाजी बिक्री के 72 लाइसेंसी दुकानदार हैं। इन दुकानों का संबंधित तहसील के एसडीएम, पुलिस क्षेत्राधिकारी और अग्निशमन अधिकारी संयुक्त रूप से सत्यापन कर रहे हैं। तहसीलों से सत्यापन रिपोर्ट आने पर स्थाई दुकानदारों की संख्या स्पष्ट हो सकेगी।
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दीवाली पर श्रीगणेश-लक्ष्मी पूजन, दीया जलाने के साथ आतिशबाजी खूब होती है। आतिशबाजी की मांग और बिक्री को देखते हुए स्थायी दुकानदारों के साथ ही अस्थायी लाइसेंस पर दुकान भी बड़ी संख्या में लगती हैं। प्रशासन ने आतिशबाजी के अस्थायी बाजार के लिए आईटीआई और सीएसएन पीजी कॉलेज परिसर को ही तय किया है। वहां पर दुकानदार अस्थायी लाइसेंस बनवाकर आतिशबाजी की दुकान लगाते हैं।
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प्रभारी अधिकारी शस्त्र सिटी मजिस्ट्रेट एसके त्रिवेदी ने बताया कि वैसे तो अभी तक लाइसेंस शुल्क 500 रुपये ही है, लेकिन शासन की ओर से नवीनतम आदेश अभी प्राप्त न होने से संशय है। लाइसेंस शुल्क तय होते ही अस्थायी आतिशबाजी की दुकान के लाइसेंस के लिए आवेदन लिए जाएंगे। दुकानदार को दो हजार रुपये दुकान लगाने के लिए आईटीआई और सीएसएन पीजी कॉलेज में जमा कराने होंगे।
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शस्त्र अनुभाग के प्रभारी अधिकारी सिटी मजिस्ट्रेट एसके त्रिवेदी ने बताया कि जिले में आतिशबाजी निर्माण का कोई लाइसेंस नहीं है। आतिशबाजी बिक्री के 72 लाइसेंसी दुकानदार हैं। इन दुकानों का संबंधित तहसील के एसडीएम, पुलिस क्षेत्राधिकारी और अग्निशमन अधिकारी संयुक्त रूप से सत्यापन कर रहे हैं। तहसीलों से सत्यापन रिपोर्ट आने पर स्थाई दुकानदारों की संख्या स्पष्ट हो सकेगी।