फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   The boundary of the imprisoned scholar tomb

चहारदीवारी में कैद विद्वान की कब्र

Fri, 13 Mar 2015 12:46 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, हरदोई
ब्यूरो/अमर उजाला, हरदोई Updated Fri, 13 Mar 2015 12:46 AM IST
विज्ञापन
The boundary of the imprisoned scholar tomb

पूरी दुनिया में अपने इल्म और लेखों से अलग पहचान

विज्ञापन
बनाने वाले काजी मुबारक की कब्र चहारदीवारी में कैद है। द्वार को विवाद के चलते बंद करवाने के बाद अब कूड़े के ढेर लगाए जा रहे हैं। लोगाें ने दुनिया में जिले को पहचान दिलाने वाले काजी मुबारक की मजार के लिए रास्ता दिलाने व जमीन पर अवैध कब्जे हटवाने की मांग की है।

गोपामऊ के काजी मुबारक को मौलाना अली मियां नदवी प्रसिद्ध दीनी शख्सियतों ने दुनिया के सात बड़े विद्वानों में शामिल बताया है। उनके द्वारा लिखी गई एक दीनी किताब को आज भी मिस्र देश की जामिया अजहर यूनीवर्सिटी के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाता है।

साथ ही कई अरब देशों समेत यह किताब दुनिया के दस देशों की कई दीनी शिक्षणा संस्थानों के कोर्स में शामिल है। फारसी भाषा में काजी मुबारक गोपामवी के कलम से लिखी गई इस किताब के अरबी और अंग्रेजी समेत कई भाषाओं में अनुवाद हो चुका है।

उनके नाम से यहां पैतृक आवास वाले मोहल्ले के नाम कजियारा पड़ा, पर नगर पंचायत जिम्मेदारों की लापरवाही से उसे सैयदबाड़ा के नाम से दर्ज कर रखा गया है। काजी मुबारक की इस मोहल्ले में स्थित मजार को जमीनी विवाद और जिम्मेदारी को लापरवाही से चहारदीवारी में कैद रखा गया है।

मेन गेट के सामने कूड़े के ढेर लगे हैं और गेट को ईंटों से पूरी तरह बंद कर रखा गया है। नगर पंचायत की ओर से इस मजार के सामने ‘दरगाह काजी मुबारक’ लिख कर अपने कर्तव्यों की इतिश्री कर ली गई। यहां मजार की सामने पड़ी जमीन पर लगे घूरे के ढेर प्रशासन को दिखाई नहीं दे रहे।

दूर दराज के लोग जब इस कस्बे में आते हैं, तो इतिहास की इस अजीम शख्सियत की यह दुर्दशा देख प्रशासन को कोसते वापस लौटते हैं। काजी की कब्र चहारदीवारी में कैद होने से जायरीन वहां पहुंच कर फातिहा तक नहीं पढ़ पाते। इसको लेकर मुसलिमों में प्रशासन के प्रति नाराजगी व्याप्त है। लोगों ने काजी मुबारक की कब्र को कैद से निकालने और सफाई आदि के साथ मोहल्ले का नाम कजियारा करने की मांग की है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed