{"_id":"6324c6790d7b72484870d1c0","slug":"the-administration-is-investigating-the-sources-of-income-of-madrasas-hardoi-news-knp7184880143","type":"story","status":"publish","title_hn":"मदरसों की आमदनी के स्रोत खंगाल रहा सरकारी तंत्र, शासन को जाएगी रिपोर्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मदरसों की आमदनी के स्रोत खंगाल रहा सरकारी तंत्र, शासन को जाएगी रिपोर्ट
विज्ञापन
हरदोई। बिना मान्यता के संचालित मदरसों का ब्योरा जुटाया जा रहा है। मदरसों की आमदनी के स्रोत खंगाले जा रहे हैं।
प्रशासन मदरसों से संबंधित सूचना चंदा कहां से आ रहा है। किस मद में कितना खर्च किया जा रहा है।
कितनी छात्र संख्या है। भवन की स्थिति कैसी है। दीनी तालीम के साथ क्या-क्या पढ़ाते हैं। मदरसे केे भीतर जरूरी सुविधाएं हैं या नहीं। इन सभी बिंदुओं पर जांच टीम विवरण एकत्र करेगी। विवरण निर्धारित प्रारूप पर 5 अक्तूबर तक एकत्र किया जाना है। इसकी समन्वित रिपोर्ट 25 अक्टूबर तक शासन को भेजी जाएगी। जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने बिना मान्यता के संचालित मदरसों का विवरण जुटाने के लिए एक टीम बनाई है।
बिना मान्यता के संचालित मदरसों के बारे में सूचनाएं जुटाई जा रहीं हैं। मदरसा संचालक खुद भी अपनी सूचनाएं निर्धारित प्रारूप पर दे सकते हैं। तहसील स्तर पर उप जिलाधिकारी अपने स्तर से सूचनाएं जुटा रहे हैं। इसमें अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, बेसिक शिक्षा अधिकारी और संबंधित उप जिलाधिकारी शामिल हैं। टीम ने काम शुरू कर दिया है।
रोहित सिंह, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी
विज्ञापन
प्रशासन मदरसों से संबंधित सूचना चंदा कहां से आ रहा है। किस मद में कितना खर्च किया जा रहा है।
कितनी छात्र संख्या है। भवन की स्थिति कैसी है। दीनी तालीम के साथ क्या-क्या पढ़ाते हैं। मदरसे केे भीतर जरूरी सुविधाएं हैं या नहीं। इन सभी बिंदुओं पर जांच टीम विवरण एकत्र करेगी। विवरण निर्धारित प्रारूप पर 5 अक्तूबर तक एकत्र किया जाना है। इसकी समन्वित रिपोर्ट 25 अक्टूबर तक शासन को भेजी जाएगी। जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने बिना मान्यता के संचालित मदरसों का विवरण जुटाने के लिए एक टीम बनाई है।
बिना मान्यता के संचालित मदरसों के बारे में सूचनाएं जुटाई जा रहीं हैं। मदरसा संचालक खुद भी अपनी सूचनाएं निर्धारित प्रारूप पर दे सकते हैं। तहसील स्तर पर उप जिलाधिकारी अपने स्तर से सूचनाएं जुटा रहे हैं। इसमें अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, बेसिक शिक्षा अधिकारी और संबंधित उप जिलाधिकारी शामिल हैं। टीम ने काम शुरू कर दिया है।
विज्ञापन
रोहित सिंह, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी