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Hardoi News: सात में दिन साक्ष्य सहित पंचायत सचिव से मांगा गया जवाब
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हरदोई। मुख्यमंत्री की शीर्ष प्राथमिकता में से एक ग्राम पंचायतों में पंचायत सचिवालय की स्थापना और कामकाज निपटाए जाने की व्यवस्था पंचायत सचिव की मनमानी का शिकार हो रही है।
हरियावां की 10 ग्राम पंचायतों में तैनात पंचायत सचिव ने तीन ग्राम पंचायतों में गेटवे की अनदेखी कर 10 लाख से अधिक का भुगतान निकाल लिया। इसे डीपीआरओ ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने पंचायत सचिव को नोटिस जारी की है।
पंचायतीराज विभाग की ई-ग्राम स्वराज पोर्टल पर दी गई गेटवे की व्यवस्था की अनदेखी पर डीपीआरओ विनय कुमार सिंह ने पंचायत सचिव तेजराम को नोटिस जारी कर कहा कि ग्राम पंचायत में पंचायत सचिवालय कार्यालय होने के बाद भी गेटवे से भुगतान न किए जाने के संबंध में साक्ष्य सहित सात दिन के अंदर जवाब प्राप्त कराएंगे। 10 ग्राम पंचायतों का कामकाज देख रहे पंचायत सचिव तेजराम ने ग्राम पंचायत खटेली, बूढ़ागांव और दूल्हापुर में भुगतान में मनमानी की थी।
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अमर उजाला ने 13 सितंबर के अंक में ‘पंचायत सचिव ने गेटवे की अनदेखी की, दस लाख से अधिक का भुगतान निकाला’ शीर्षक से खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। डीपीआरओ ने बताया कि ई-ग्राम स्वराज पोर्टल की अनदेखी और गेटवे से हटकर भुगतान के मामले में नोटिस जारी की गई है। संतोषजनक जवाब न आने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
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हरियावां की 10 ग्राम पंचायतों में तैनात पंचायत सचिव ने तीन ग्राम पंचायतों में गेटवे की अनदेखी कर 10 लाख से अधिक का भुगतान निकाल लिया। इसे डीपीआरओ ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने पंचायत सचिव को नोटिस जारी की है।
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पंचायतीराज विभाग की ई-ग्राम स्वराज पोर्टल पर दी गई गेटवे की व्यवस्था की अनदेखी पर डीपीआरओ विनय कुमार सिंह ने पंचायत सचिव तेजराम को नोटिस जारी कर कहा कि ग्राम पंचायत में पंचायत सचिवालय कार्यालय होने के बाद भी गेटवे से भुगतान न किए जाने के संबंध में साक्ष्य सहित सात दिन के अंदर जवाब प्राप्त कराएंगे। 10 ग्राम पंचायतों का कामकाज देख रहे पंचायत सचिव तेजराम ने ग्राम पंचायत खटेली, बूढ़ागांव और दूल्हापुर में भुगतान में मनमानी की थी।
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अमर उजाला ने 13 सितंबर के अंक में ‘पंचायत सचिव ने गेटवे की अनदेखी की, दस लाख से अधिक का भुगतान निकाला’ शीर्षक से खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। डीपीआरओ ने बताया कि ई-ग्राम स्वराज पोर्टल की अनदेखी और गेटवे से हटकर भुगतान के मामले में नोटिस जारी की गई है। संतोषजनक जवाब न आने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।