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Hardoi News: भ्रष्टाचार के आरोप में चौकी प्रभारी निलंबित, सिपाही पर भी एफआईआर
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हरदोई। भ्रष्टाचार करने वाले पुलिस कर्मियों के खिलाफ पुलिस अधीक्षक की सख्त कार्रवाई का सिलसिला जारी है।
कासिमपुर थाने की गौसगंज चौकी के प्रभारी को एक शख्स से फोन-पे के माध्यम से 1,500 रुपये वसूलने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है, जबकि दूसरे मामले में मल्लावां कोतवाली में तैनात सिपाही के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद उसे निलंबित कर दिया गया है। सिपाही पर मारपीट के शिकार एक शख्स से दो बार में 17 हजार रुपये वसूलने का आरोप है।
कासिमपुर थाने की गौसगंज चौकी में प्रभारी के पद पर उपनिरीक्षक अभय कुमार सिंह तैनात थे। एक मामले में शिकायत मिलने पर भी कोई कार्रवाई न किए जाने और फिर शिकायतकर्ता से फोन-पे के जरिए रुपये वसूलने का मामला एसपी नीरज कुमार जादौन के संज्ञान में आया था। इस मामले में एसपी ने संडीला सीओ शिल्पा कुमारी से पूरी आख्या तलब की। सीओ की आख्या पर उपनिरीक्षक अभय कुमार सिंह को निलंबित कर दिया गया है। सीओ क्राइम सतेंद्र सिंह को मामले की विस्तृत जांच कर सात दिन के अंदर रिपोर्ट देने के आदेश एसपी ने दिए हैं।
उधर, दूसरी ओर मारपीट की रिपोर्ट दर्ज कराने, गंभीर धाराओं में मामला दर्ज करने और आरोपियों को गिरफ्तार किए जाने के नाम पर दो बार में 17 हजार रुपये वसूलने पर एसपी नीरज कुमार ने मल्लावां कोतवाली में तैनात सिपाही सोनू फौजदार को निलंबित कर दिया है। उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला भी दर्ज किया गया है।
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मल्लावां के बंदीपुर में रविवार दोपहर रास्ते पर पड़ी गिट्टी को हटाने को लेकर ईदुल हसन, उनके पुत्र यावर अली, भाई सईदुल और सफीकुल के साथ मारपीट की गई थी। मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। पुलिस ने घटना में दिलशाद समेत चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी।
सोमवार को ईदुल ने एसपी कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई थी। इसमें कहा था कि मल्लावां कोतवाली में तैनात सिपाही सोनू फौजदार ने रिपोर्ट दर्ज करने के लिए 10 हजार रुपये मांगे, सीएचसी में मेडिकल कराने के दौरान मजबूत केस बनाने के नाम पर फिर सात हजार रुपये मांगे। कुल 17 हजार रुपये सिपाहियों को दिए गए। इस मामले में एसपी ने आंतरिक संप्रेक्षा प्रकोष्ठ से जांच कराई। शिकायत सही मिलने पर ईदुल हसन की तहरीर पर सोनू फौजदार के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई है। उसे निलंबित किया गया है।
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कासिमपुर थाने की गौसगंज चौकी के प्रभारी को एक शख्स से फोन-पे के माध्यम से 1,500 रुपये वसूलने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है, जबकि दूसरे मामले में मल्लावां कोतवाली में तैनात सिपाही के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद उसे निलंबित कर दिया गया है। सिपाही पर मारपीट के शिकार एक शख्स से दो बार में 17 हजार रुपये वसूलने का आरोप है।
कासिमपुर थाने की गौसगंज चौकी में प्रभारी के पद पर उपनिरीक्षक अभय कुमार सिंह तैनात थे। एक मामले में शिकायत मिलने पर भी कोई कार्रवाई न किए जाने और फिर शिकायतकर्ता से फोन-पे के जरिए रुपये वसूलने का मामला एसपी नीरज कुमार जादौन के संज्ञान में आया था। इस मामले में एसपी ने संडीला सीओ शिल्पा कुमारी से पूरी आख्या तलब की। सीओ की आख्या पर उपनिरीक्षक अभय कुमार सिंह को निलंबित कर दिया गया है। सीओ क्राइम सतेंद्र सिंह को मामले की विस्तृत जांच कर सात दिन के अंदर रिपोर्ट देने के आदेश एसपी ने दिए हैं।
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उधर, दूसरी ओर मारपीट की रिपोर्ट दर्ज कराने, गंभीर धाराओं में मामला दर्ज करने और आरोपियों को गिरफ्तार किए जाने के नाम पर दो बार में 17 हजार रुपये वसूलने पर एसपी नीरज कुमार ने मल्लावां कोतवाली में तैनात सिपाही सोनू फौजदार को निलंबित कर दिया है। उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला भी दर्ज किया गया है।
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मल्लावां के बंदीपुर में रविवार दोपहर रास्ते पर पड़ी गिट्टी को हटाने को लेकर ईदुल हसन, उनके पुत्र यावर अली, भाई सईदुल और सफीकुल के साथ मारपीट की गई थी। मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। पुलिस ने घटना में दिलशाद समेत चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी।
सोमवार को ईदुल ने एसपी कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई थी। इसमें कहा था कि मल्लावां कोतवाली में तैनात सिपाही सोनू फौजदार ने रिपोर्ट दर्ज करने के लिए 10 हजार रुपये मांगे, सीएचसी में मेडिकल कराने के दौरान मजबूत केस बनाने के नाम पर फिर सात हजार रुपये मांगे। कुल 17 हजार रुपये सिपाहियों को दिए गए। इस मामले में एसपी ने आंतरिक संप्रेक्षा प्रकोष्ठ से जांच कराई। शिकायत सही मिलने पर ईदुल हसन की तहरीर पर सोनू फौजदार के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई है। उसे निलंबित किया गया है।