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ओबीसी छात्राओं का छात्रावास खंडहर में हो गया तब्दील

Sun, 20 Feb 2022 10:31 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 20 Feb 2022 10:31 PM IST
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OBC girl's hostel turned into ruins
पिहानी। क्षेत्र के एक मात्र राजकीय बालिका इंटर कालेज परिसर में पिछड़ा वर्ग की छात्राओं के लिए बनाया गया छात्रावास इस्तेमाल होने से पहले ही खंडहर में तब्दील हो गया है।
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प्रशासन 11 वर्ष बाद अब इसके संचालन को लेकर गंभीर हो रहा है, जबकि भवन की हालत ऐसी है कि रिपेयरिंग के बगैर इस्तेमाल होने लायक तक नहीं बचा है।
क्षेत्र की पिछड़ा वर्ग की बालिकाओं के लिए वर्ष 2010 में बनाया गया छात्रावास जीजीआईसी प्रशासन को स्थानांतरित किए बगैर ही वर्ष 2011 में विभागीय अधिकारियों की दखलंदाजी के बाद कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय को दे दिया गया था।
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वर्ष 2011 से 2014 तक इसमें कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय का संचालन होता रहा। इसके बाद जूनियर हाईस्कूल परिसर में केजीवीबी का अपना भवन बन जाने के बाद उसे नए भवन में स्थानांतरित कर दिया गया।
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वर्ष 2016 में जीजीआईसी के तत्कालीन प्रधानाचार्य आरके भारतीय को लगभग खंडहर हो चुकी यह इमारत स्थानांतरित कर दी गई। इमारत के अंदर शौचालय व कक्ष के दरवाजे और खिड़कियों के शीशे टूट गए हैं।
बिजली की वायरिंग बेकार है। पेयजल पाइपलाइन भी जगह-जगह से चोक हो चुकी है। विद्यालय में कोई बाउंड्रीवॉल नहीं होने से वीरान छात्रावास की इमारत में अराजकतत्वों का आना-जाना भी बना रहता है।

इस संबंध में विद्यालय की कार्यवाहक प्रधानाचार्य प्रभा वर्मा ने बताया कि छात्रावास में बिजली-पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं तक का टोटा है। बिना मरम्मत इसे इस्तेमाल में ला पाना नामुमकिन है। इस समस्या के बाबत बड़े अफसरों को भी अवगत करा दिया गया है।
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