{"_id":"63de983334c21d58074c0587","slug":"na-hardoi-news-c-12-1-66503-2023-02-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hardoi News: 13 साल बाद मृतक टैंकर चालक की पत्नी को 6.24 लाख क्षतिपूर्ति देने के आदेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hardoi News: 13 साल बाद मृतक टैंकर चालक की पत्नी को 6.24 लाख क्षतिपूर्ति देने के आदेश
Sat, 04 Feb 2023 11:08 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
Updated Sat, 04 Feb 2023 11:08 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंश्योरेंस कंपनी मृत चालक की पत्नी को दे 6.24 लाख की क्षतिपूर्ति
- 13 साल बाद कर्मचारी प्रतिकर आयुक्त ने दिया फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। 13 वर्ष पहले हुई टैंकर चालक की मौत के मामले की सुनवाई करते हुए कर्मचारी प्रतिकर आयुक्त एवं सहायक श्रम आयुक्त अचला पांडेय ने नेशनल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड एवं बत्रा ट्रांसपोर्ट कंपनी मुरादाबाद को मृत चालक की पत्नी को 6.24 लाख की क्षतिपूर्ति देने का आदेश दिया है।
सवायजपुर तहसील क्षेत्र के ग्राम सेहरामऊ निवासी मुन्नी देवी पत्नी मृतक विनोद कुमार ने श्रमिक न्यायालय में वाद दायर किया था। इसमें बताया था कि पति विनोद बत्रा ट्रांसपोर्ट कंपनी लिमिटेड प्रिंस रोड मुरादाबाद में शीरे का टैंकर चलाता था। छह जनवरी 2011 को वह टैंकर लेकर खेतान फैक्टरी रामपुर शीरा उतारने गया था। जहां टैंकर के ऊपर चढ़कर ढक्कन खोलते समय उसका पैर फिसल जाने के कारण वह जमीन पर आ गिरा था। हादसे में उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी।
इसके बाद उसने रामपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें कहा था कि पति को 4500 रुपये प्रतिमाह वेतन मिलता था और 100 रुपये प्रतिदिन के खर्च के लिए दिए जाते थे। कहा कि न गाड़ी मालिक ने और न ही बीमा कंपनी ने उसके आश्रितों को कोई क्षतिपूर्ति दी, जबकि उसके पति की मौत सेवाकाल के दौरान हुई थी। इसने बाद दायर कर 5,74,087 रुपये 12 प्रतिशत ब्याज की दर से दिलाए जाने की मांग की थी। इसकी सुनवाई न्यायालय में चल रही थी।
विज्ञापन
वादी के पक्ष से पैरवी कर रहे अधिवक्ता वरुण दीक्षित ने कहा कि मृतक विनोद बत्रा ट्रांसपोर्ट कंपनी का टैंकर चलाता था। इसका बीमा नेशनल इंश्योरेंस कंपनी से था। विनोद की मौत सेवाकाल के दौरान हुई इस कारण वह उनका श्रमिक हैं। मृतक के आश्रितों को ज्यादा से ज्यादा क्षतिपूर्ति दिलाई जाए। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद कर्मचारी प्रतिकर आयुक्त एवं सहायक श्रम आयुक्त अचला पांडेय ने नेशनल इंश्योरेंस पर 5,74,087 रुपये देने का आदेश दिया है।
वहीं बत्रा ट्रांसपोर्ट कंपनी को 50 हजार रुपये 30 दिन के अंदर देने का आदेश दिया है। एक माह के अंदर रुपये न देने पर आदेश जारी के एक महीने बाद 12 प्रतिशत ब्याज की दर से भुगतान करना होगा।
विज्ञापन
- 13 साल बाद कर्मचारी प्रतिकर आयुक्त ने दिया फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। 13 वर्ष पहले हुई टैंकर चालक की मौत के मामले की सुनवाई करते हुए कर्मचारी प्रतिकर आयुक्त एवं सहायक श्रम आयुक्त अचला पांडेय ने नेशनल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड एवं बत्रा ट्रांसपोर्ट कंपनी मुरादाबाद को मृत चालक की पत्नी को 6.24 लाख की क्षतिपूर्ति देने का आदेश दिया है।
सवायजपुर तहसील क्षेत्र के ग्राम सेहरामऊ निवासी मुन्नी देवी पत्नी मृतक विनोद कुमार ने श्रमिक न्यायालय में वाद दायर किया था। इसमें बताया था कि पति विनोद बत्रा ट्रांसपोर्ट कंपनी लिमिटेड प्रिंस रोड मुरादाबाद में शीरे का टैंकर चलाता था। छह जनवरी 2011 को वह टैंकर लेकर खेतान फैक्टरी रामपुर शीरा उतारने गया था। जहां टैंकर के ऊपर चढ़कर ढक्कन खोलते समय उसका पैर फिसल जाने के कारण वह जमीन पर आ गिरा था। हादसे में उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी।
विज्ञापन
इसके बाद उसने रामपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें कहा था कि पति को 4500 रुपये प्रतिमाह वेतन मिलता था और 100 रुपये प्रतिदिन के खर्च के लिए दिए जाते थे। कहा कि न गाड़ी मालिक ने और न ही बीमा कंपनी ने उसके आश्रितों को कोई क्षतिपूर्ति दी, जबकि उसके पति की मौत सेवाकाल के दौरान हुई थी। इसने बाद दायर कर 5,74,087 रुपये 12 प्रतिशत ब्याज की दर से दिलाए जाने की मांग की थी। इसकी सुनवाई न्यायालय में चल रही थी।
विज्ञापन
वादी के पक्ष से पैरवी कर रहे अधिवक्ता वरुण दीक्षित ने कहा कि मृतक विनोद बत्रा ट्रांसपोर्ट कंपनी का टैंकर चलाता था। इसका बीमा नेशनल इंश्योरेंस कंपनी से था। विनोद की मौत सेवाकाल के दौरान हुई इस कारण वह उनका श्रमिक हैं। मृतक के आश्रितों को ज्यादा से ज्यादा क्षतिपूर्ति दिलाई जाए। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद कर्मचारी प्रतिकर आयुक्त एवं सहायक श्रम आयुक्त अचला पांडेय ने नेशनल इंश्योरेंस पर 5,74,087 रुपये देने का आदेश दिया है।
वहीं बत्रा ट्रांसपोर्ट कंपनी को 50 हजार रुपये 30 दिन के अंदर देने का आदेश दिया है। एक माह के अंदर रुपये न देने पर आदेश जारी के एक महीने बाद 12 प्रतिशत ब्याज की दर से भुगतान करना होगा।