फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   Life imprisonment for the accused in the murder of 14 years ago

Hardoi Crime: 14 साल पहले हुई थी हत्या, दोषी को आजीवन कारावास, 55 हजार का जुर्माना भी ठोका

Sat, 22 Jul 2023 12:19 AM IST
कानपुर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरदोई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरदोई Published by: कानपुर ब्यूरो Updated Sat, 22 Jul 2023 12:19 AM IST
सार

शुक्रवार को मामले में अपर जिला जज सपना त्रिपाठी ने अंकुर तिवारी को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। पुलिस ने सजा सुनाए जाने के बाद अंकुर को हिरासत में लेकर जेल भेज दिया।

विज्ञापन
Life imprisonment for the accused in the murder of 14 years ago
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

हरदोई जिले में 14 साल पहले हुई हत्या के मामले में अपर जिला जज कोर्ट संख्या तीन सपना त्रिपाठी ने दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। 55 हजार रुपये का जुर्माना भी किया गया है। जुर्माना न देने पर तीन माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।

विज्ञापन

अपर जिला शासकीय अधिवक्ता संजीव कुमार सिंह ने बताया कि शहर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला आवास विकास कालोनी निवासी बृजकिशोर गुप्ता ने 27 जनवरी 2010 को शहर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उनका पुत्र आशीष गुप्ता 26 जनवरी की शाम लगभग छह बजे मित्र के पिता के साथ दुर्घटना होने की खबर पर जिला अस्पताल देखने गया था, लेकिन वापस नहीं आया।
विज्ञापन

27 जनवरी की सुबह बेटे की बाइक सांडी रोड पर मिली। बृज किशोरी ने बैटगंज निवासी इंद्रेश गुप्ता पर अपहरण का शक जताया था। तहरीर के आधार पर पुलिस ने इंद्रेश के खिलाफ अपहरण की रिपोर्ट दर्ज की थी। विवेचना के दौरान आशीष का शव योगेंद्र नारायण तिवारी के मकान में मिला था।

विज्ञापन
विज्ञापन

पुलिस ने इंद्रेश गुप्ता, रवि पाल, हनी उर्फ अंकित जायसवाल, मनीष अग्रिहोत्री, मोनू सक्सेना, योगेंद्र नारायण तिवारी उर्फ राकेश, दीपू गुप्ता, पुनीत गुप्ता और अंकुर तिवारी के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था। वर्ष 2021 में तत्कालीन अपर जिला जज संजीव कुमार सिंह ने सात लोगों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी।

सुनवाई के दौरान ही योगेंद्र नारायण तिवारी की मौत हो गई थी। इस बीच अंकुर तिवारी कहीं गायब हो गया था। इस कारण उसकी फाइल अलग कर दी गई थी। शुक्रवार को इस मामले में अपर जिला जज सपना त्रिपाठी ने अंकुर तिवारी को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। पुलिस ने सजा सुनाए जाने के बाद अंकुर को हिरासत में लेकर जेल भेज दिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed