{"_id":"67e198db28e201d13303ba81","slug":"kanungo-suspended-on-charges-of-blocking-inheritance-hardoi-news-c-12-1-knp1061-1048954-2025-03-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hardoi News: वरासत अटकाने के आरोप में कानूनगो निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hardoi News: वरासत अटकाने के आरोप में कानूनगो निलंबित
Mon, 24 Mar 2025 11:09 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
संवाद न्यूज एजेंसी, हरदोई
Updated Mon, 24 Mar 2025 11:09 PM IST
विज्ञापन
- डीएम ने दिए कानूनगो और तहसीलदार पर रिपोर्ट के आदेश
- जून 2024 में पति की मौत के बाद से वरासत के लिए महिला लगा रही दौड़
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। वरासत के एक मामले में घपला सामने आने पर डीएम ने कानूनगो को निलंबित कर दिया। लेखपाल की रिपोर्ट कानूनगो अापत्ति लगा दी थी। पति की माैत के बाद वरासत के लिए दाैड़ रही महिला ने इसकी शिकायत डीएम से कर दी थी।
जिलाधिकारी ने सोमवार को कलक्ट्रेट में जनसुनवाई कर रहे थे। उसी समय पर्ची और शिकायती पत्र लेकर तहसील सदर के टड़ियावां के कोटरा निवासी आरती सिंह पहुंची। आरती ने पत्र में कहा कि उनकी ससुराल बावन के नेवादा गांव में है। उनके पति अरुण कुमार सिंह की जून 2024 में मौत हो गई थी। पति के हिस्से की भूमि पर वरासत दर्ज कराने के लिए ऑनलाइन से लेकर ऑफलाइन तक आवेदन दिए। बताया कि अभी तक वरासत दर्ज नहीं हो सकी है। डीएम ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए वरासत के प्रकरण की प्रारंभिक जांच-पड़ताल कराई। जिसमें जिसमें बावन के क्षेत्र के कानूनगो अशोक कुमार पटिहार और सदर तहसीलदर सर्चिंद्र कुमार शुक्ला की लापरवाही सामने आई। बताया कि वरासत के लिए क्षेत्रीय लेखपाल ने आरती के संबंध में सकारात्मक रिपोर्ट दी थी, लेकिन कानूनगो अशोक कुमार पटिहार ने उस पर आपत्ति लगा दी। जिसके बाद तहसीलदार ने भी इस पर ध्यान नहीं दिया और मामले को लंबित बनाए रखा। बताया कि कानूनगो अशोक कुमार पटिहार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। सदर एसडीएम सुशील कुमार मिश्रा को आदेश दिए गए हैं कि वह मामले में दोषी तहसीलदार और कानूनगो के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराते हुए आख्या प्राप्त कराएंगे। बताया कि अब महिला को वरासत के लिए दोबारा नहीं आना पड़ेगा।
विज्ञापन
- जून 2024 में पति की मौत के बाद से वरासत के लिए महिला लगा रही दौड़
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। वरासत के एक मामले में घपला सामने आने पर डीएम ने कानूनगो को निलंबित कर दिया। लेखपाल की रिपोर्ट कानूनगो अापत्ति लगा दी थी। पति की माैत के बाद वरासत के लिए दाैड़ रही महिला ने इसकी शिकायत डीएम से कर दी थी।
जिलाधिकारी ने सोमवार को कलक्ट्रेट में जनसुनवाई कर रहे थे। उसी समय पर्ची और शिकायती पत्र लेकर तहसील सदर के टड़ियावां के कोटरा निवासी आरती सिंह पहुंची। आरती ने पत्र में कहा कि उनकी ससुराल बावन के नेवादा गांव में है। उनके पति अरुण कुमार सिंह की जून 2024 में मौत हो गई थी। पति के हिस्से की भूमि पर वरासत दर्ज कराने के लिए ऑनलाइन से लेकर ऑफलाइन तक आवेदन दिए। बताया कि अभी तक वरासत दर्ज नहीं हो सकी है। डीएम ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए वरासत के प्रकरण की प्रारंभिक जांच-पड़ताल कराई। जिसमें जिसमें बावन के क्षेत्र के कानूनगो अशोक कुमार पटिहार और सदर तहसीलदर सर्चिंद्र कुमार शुक्ला की लापरवाही सामने आई। बताया कि वरासत के लिए क्षेत्रीय लेखपाल ने आरती के संबंध में सकारात्मक रिपोर्ट दी थी, लेकिन कानूनगो अशोक कुमार पटिहार ने उस पर आपत्ति लगा दी। जिसके बाद तहसीलदार ने भी इस पर ध्यान नहीं दिया और मामले को लंबित बनाए रखा। बताया कि कानूनगो अशोक कुमार पटिहार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। सदर एसडीएम सुशील कुमार मिश्रा को आदेश दिए गए हैं कि वह मामले में दोषी तहसीलदार और कानूनगो के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराते हुए आख्या प्राप्त कराएंगे। बताया कि अब महिला को वरासत के लिए दोबारा नहीं आना पड़ेगा।
विज्ञापन