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चकबंदी नहीं चाहते किसान तो जबरन न की जाए : सरोज दीक्षित

Thu, 05 Feb 2026 10:51 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 05 Feb 2026 10:51 PM IST
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If farmers do not want consolidation, it should not be done forcibly: Saroj Dixit
फोटो-20- चकबंदी कार्यालय के बाहर प्रदर्शन करते भारतीय कृषक दल के सदस्य साथ में राष्ट्रीय अध्यक्
हरदोई। भारतीय कृषक दल के बैनर तले चल रहे समग्र क्रांति जन जागरण अभियान में बृहस्पतिवार को कलक्ट्रेट परिसर में धरना दिया गया। इसके बाद चकबंदी निरस्त कराने की मांग को लेकर दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सरोज दीक्षित के नेतृत्व में चकबंदी कार्यालय तक पैदल जुलूस निकाला गया। उपसंचालक चकबंदी को दिए ज्ञापन में कहा गया कि अगर किसान नहीं चाहते तो जबरन चकबंदी न कराई जाए।
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भारतीय कृषक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सरोज दीक्षित ने कहा कि नोनखारा और नारायणपुर के किसान चकबंदी नहीं चाहते हैं। फिर भी चकबंदी की जा रही है। चकबंदी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मुलहनपुर, अलीगंज ननखेरिया और लाहोरीपुरवा में अब तक सड़क का निर्माण नहीं हो पा रहा है।
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उन्होंने कहा कि देश में नफरत का माहौल बनाया जा रहा है। आपसी सद्भाव को समाप्त करने का कुचक्र रचा जा रहा है। किसानों को उनकी फसल का वाजिब मूल्य नहीं मिल रहा है। कहा कि किसान से लेकर संविदा कर्मी तक परेशान हैं। समस्याओं का निराकरण कराने की मांग उन्होंने की। इस दौरान भारतीय कृषक दल के विधि प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष राज प्रकाश चौहान, जिलाध्यक्ष सर्वेश पांडेय, उपाध्यक्ष सुरेश राठौर, पुरुषोत्तम सिंह, कमलेश मिश्र, सोनेलाल अवस्थी आदि मौजूद रहे।
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