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Hardoi News: संविदा कर्मियों को 30 तक न मिला मानदेय तो फिर दो माह नहीं मिल पाएगा
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हरदोई। बेसिक शिक्षा विभाग में संविदा और आउटसोर्सिंग पर तैनात कर्मचारियों के मानदेय से संबंधित पोर्टल को अपडेट किया जा रहा है। इस कारण पोर्टल दो माह तक बंद रहेगा। विभागीय महानिदेशक ने 30 जून तक मानदेय का भुगतान कर देने के निर्देश दिए हैं। 30 जून तक भुगतान न होने पर कर्मचारियों को दो माह तक मानदेय का इंतजार करना होगा। इससे इतर खंड शिक्षा अधिकारी के पास वित्तीय अधिकार न होने से शिक्षक और कर्मचारियों का वेतन भी अधर में है।
बेसिक शिक्षा विभाग में समग्र शिक्षा अभियान के तहत कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी, ब्लॉक संसाधन केंद्र पर तैनात कर्मचारी, अनुदेशक, शिक्षामित्र, अवर अभियंता, कार्यदायी संस्था के माध्यम से तैनात कर्मचारियों के मानदेय का भुगतान किया जाता है। इसके लिए भारत सरकार की ओर से पोर्टल संचालित है। भारत सरकार जुलाई से पोर्टल को अपडेट करने का कार्य शुरू कर रही है। इसके लिए सभी राज्य सरकारों को संविदा कर्मियों का मानदेय 25 से 30 जून तक करने के निर्देश दिए थे।
महानिदेशक स्कूल शिक्षा मोनिका रानी की ओर से इस संबंध में सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों को मानदेय भुगतान के निर्देश दिए गए थे, जिले में समग्र शिक्षा अभियान के तहत करीब 46 सौ कर्मचारी तैनात हैं। इन सभी के मानदेय का भुगतान किया जाना था मगर अभी तक प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। अगर निर्धारित समय सीमा में भुगतान न हुआ तो कर्मचारी को दो माह तक मानदेय के लिए इंतजार करना होगा।
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अप्रैल से अवर अभियंताओं का बकाया है मानदेय
समग्र शिक्षा अभियान के तहत अवर अभियंता व जिला परियोजना कार्यालय में तैनात कर्मचारियों का अप्रैल से मानदेय बकाया है। ऐसे में दो माह और वेतन न मिलने से उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो जाएगा।
शिक्षक व कर्मचारियों के वेतन पर भी संशय
बेसिक शिक्षा विभाग में चल रहे विवाद के कारण बेसिक शिक्षा अधिकारी अवकाश पर हैं। इससे किसी के पास वित्तीय अधिकारी नहीं हैं। शिक्षकों का प्रतिमाह 25 तारीख को वेतन लॉक हो जाना चाहिए मगर अभी तक वेतन संबंधी कोई प्रक्रिया नहीं हुई है। इससे शिक्षक-कर्मचारियोंं का वेतन भी रुक सकता है। -
वेतन व मानदेय को लेकर समस्या है। वित्तीय अधिकार न होने से इस संबंध में कुछ किया नहीं जा सकता है। इस समस्या को जिलाधिकारी के सामने रखा जाएगा। उनके निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। -प्रभाष कुंवर श्रीवास्तव, बीईओ मुख्यालय
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बेसिक शिक्षा विभाग में समग्र शिक्षा अभियान के तहत कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी, ब्लॉक संसाधन केंद्र पर तैनात कर्मचारी, अनुदेशक, शिक्षामित्र, अवर अभियंता, कार्यदायी संस्था के माध्यम से तैनात कर्मचारियों के मानदेय का भुगतान किया जाता है। इसके लिए भारत सरकार की ओर से पोर्टल संचालित है। भारत सरकार जुलाई से पोर्टल को अपडेट करने का कार्य शुरू कर रही है। इसके लिए सभी राज्य सरकारों को संविदा कर्मियों का मानदेय 25 से 30 जून तक करने के निर्देश दिए थे।
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महानिदेशक स्कूल शिक्षा मोनिका रानी की ओर से इस संबंध में सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों को मानदेय भुगतान के निर्देश दिए गए थे, जिले में समग्र शिक्षा अभियान के तहत करीब 46 सौ कर्मचारी तैनात हैं। इन सभी के मानदेय का भुगतान किया जाना था मगर अभी तक प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। अगर निर्धारित समय सीमा में भुगतान न हुआ तो कर्मचारी को दो माह तक मानदेय के लिए इंतजार करना होगा।
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अप्रैल से अवर अभियंताओं का बकाया है मानदेय
समग्र शिक्षा अभियान के तहत अवर अभियंता व जिला परियोजना कार्यालय में तैनात कर्मचारियों का अप्रैल से मानदेय बकाया है। ऐसे में दो माह और वेतन न मिलने से उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो जाएगा।
शिक्षक व कर्मचारियों के वेतन पर भी संशय
बेसिक शिक्षा विभाग में चल रहे विवाद के कारण बेसिक शिक्षा अधिकारी अवकाश पर हैं। इससे किसी के पास वित्तीय अधिकारी नहीं हैं। शिक्षकों का प्रतिमाह 25 तारीख को वेतन लॉक हो जाना चाहिए मगर अभी तक वेतन संबंधी कोई प्रक्रिया नहीं हुई है। इससे शिक्षक-कर्मचारियोंं का वेतन भी रुक सकता है। -
वेतन व मानदेय को लेकर समस्या है। वित्तीय अधिकार न होने से इस संबंध में कुछ किया नहीं जा सकता है। इस समस्या को जिलाधिकारी के सामने रखा जाएगा। उनके निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। -प्रभाष कुंवर श्रीवास्तव, बीईओ मुख्यालय