फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   Hazrat Ali's yoke celebrated

हजरत अली का यौमे विलादत मनाया

Thu, 28 Mar 2019 11:00 PM IST
hardoi Published by: gaurav gaurav Updated Thu, 28 Mar 2019 11:00 PM IST
विज्ञापन
Hazrat Ali's yoke celebrated
मुशायरे में शेर सुनाते शायर डॉ. खालिद इजहार। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
हजरत अली के यौमे विलादत (जन्मदिन) पर बुधवार (13 रजब) की रात छावनी स्थित नियाजी कंपाउंड में तरही मुशायरा हुआ। मेजबान डॉ. साबिर नियाजी ने तिलावत से शुरुआत की।
विज्ञापन

सैय्यद गौहर रब्बानी ने पढ़ा- रूए अली को तकना इबादत में है शुमार, कितनी बुलंदोबाला जियारत अली की है।


इमरान रजा ने सुनाया- ऐ मौत आ रही है तो आ जा न देर कर, पहले मगर बता कि इजाजत अली की है। जमशेदपुर से आए आफाक निजामी ने कहा कि आफाक विरदे नादे अली सुबहो शाम हो, मुश्किल कुशाई होगी जमानत अली की है। डॉ. खालिद इजहार का शेर था- लिखने लगा जो नादे अली लफ्ज खुद बखुद, आने लगे जुबां पे करामत अली की है। नजरे आलम ने पढ़ा- काफी है हमको जन्नतुल फिरदौस के लिए, आमाल में हमारे जो निस्बत अली की है।
विज्ञापन


इनके अलावा शायर सैय्यद आमिर मसूदी, सैय्यद रहबर रब्बानी, हसन बांदवी, सरवर रब्बानी, सैय्यद खुश्तर रब्बानी, वाकिफ, जाहिद रब्बानी और मुशायरा आयोजक शोएब नियाजी ने भी शेर सुनाए। निजामत (संचालन) मीर जबलपुरी ने किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed