फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hardoi News ›   Database of road accidents will be prepared from the app, study will be done at IIT Madras

एप से तैयार किया जाएगा मार्ग दुर्घटनाओं का डाटाबेस, आईआईटी मद्रास में होगा अध्ययन

Thu, 11 Mar 2021 10:53 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 11 Mar 2021 10:53 PM IST
विज्ञापन
Database of road accidents will be prepared from the app, study will be done at IIT Madras
हरदोई। आए दिन हो रहे सड़क हादसों पर अंकुश लगाने के लिए केंद्र सरकार ने नई कवायद शुरू की है। भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने एनआईसी के साथ मिलकर एकीकृत सड़क सुरक्षा डाटाबेस तैयार करने के लिए एप विकसित किया है।
विज्ञापन

15 मार्च से लांच हो रहे इंटीग्रेटेड रोड एक्सीडेंट डाटा बेस (आई रैड) एप पर जिले में होने वाली दुर्घटनाओं का ब्योरा दर्ज किया जाएगा। इसका अध्ययन आईआईटी मद्रास के विशेषज्ञ करेंगे। इसी आधार पर हादसों पर रोक लगाने की योजना तैयार की जाएगी। एप में कार्य कैसे करना है, इसका ड्राईरन भी शहर में किया जा चुका है।
विज्ञापन

विकसित किए गए आई रैड एप को फिलहाल पुलिस विभाग, परिवहन विभाग, स्वास्थ्य विभाग और राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग के साथ साथ लोक निर्माण विभाग के लोगों को इस्तेमाल करने के निर्देश दिए गए हैं। 15 मार्च से लांच हो रहे इस एप के लिए परिवहन विभाग और पुलिस विभाग के कर्मचारियों को जिला सूचना विज्ञान अधिकारी अमित मिश्रा के निर्देशन में प्रशिक्षण दिया जा चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन

शहर कोतवाली क्षेत्र में कोतवाली के निकट ही सांडी रोड पर इस एप का ड्राईरन भी हुआ। इस दौरान जिला सूचना विज्ञान अधिकारी अमित मिश्रा के अलावा यातायात निरीक्षक विनोद कुमार यादव, शहर कोतवाल जगदीश यादव और स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारी भी मौजूद रहे।
ऐसे काम करेगा एप
दुर्घटना की जानकारी मिलने पर मौके पर पहुंचने वाले पुलिसकर्मी को एप पर हादसे से जुड़ी जानकारियां जैसे हादसे की तारीख, समय, दुर्घटनास्थल, संबंधित वाहन, दुर्घटना का संभावित कारण आदि अपलोड करना होगा। अपलोड होते ही पूरा ब्यौरा स्वास्थ्य विभाग, परिवहन विभाग और राष्ट्रीय राजमार्ग के पास पहुंच जाएगा। संबंधित विभाग इसमें अपने स्तर से संबंधित कार्रवाई करेंगे।

जिला सूचना एवं विज्ञान अधिकारी अमित मिश्रा बताते हैं कि डाटा बेस तैयार करने के बाद इसका पूरा विश्लेषण आईआईटी मद्रास के विशेषज्ञ करेंगे। विश्लेषण के अनुरूप मार्ग दुर्घटनाओं को रोकने और सड़क सुरक्षा की दिशा में बेहतर कार्य करने की नई नीति तैयार की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed