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Hardoi News: बारिश के साथ चली हवा से खेतों में गिरीं फसलें, उत्पादन प्रभावित होने की आशंका
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हरदोई। लगातार हो रही चक्रवाती बरसात के साथ तेज हवा ने खेतों में खड़ी खरीफ फसलों को नुकसान पहुंचाया है। इससे धान, ज्वार और बाजरा की पौध गिर गई। फसल गिरने से उत्पादन प्रभावित होने की आशंका ने किसानों की चिंता बढ़ दी है। बाढ़ के बाद बरसात ने बड़े क्षेत्रफल में फसलों को खराब किया है।
पश्चिमी विक्षोभ और पंजाब में चक्रवाती परिसंचरण से शुक्रवार रात से जिले में लगातार मूसलाधार बारिश के कारण खेतों से पानी निकालना भी मुश्किल हो रहा है। जलभराव और हवा चलने पर पौध गिरने लगी हैं। किसानों को आशंका है कि जलभराव और फसल गिरने से उपज पर असर पड़ सकता है।
वहीं बरसात के कारण खेतों से पानी निकालने में आ रही दिक्कत से पौधों की जड़ों की पकड़ कमजोर होने से फसलें खेत में ही पलट जा रही जा रही हैं जबकि धान और बाजरा की फसल में दाना पड़ जाने से वजन बढ़ा है और फसलें बीच से टूटकर गिर रही हैं।
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इन खरीफ फसलों पर पड़ रहा असर
कृषि वैज्ञानिक केवीके अध्यक्ष डॉ. वीके तिवारी और जिला कृषि अधिकारी डॉ. सतीश चंद्र पाठक के मुताबिक खरीफ फसलें तैयार होने के करीब हैं। बरसात और हवा से फसलों को नुकसान पहुंच रहा है। लगातार होने वाली बरसात से खरीफ फसलों के साथ सब्जियों की फसलों को भी नुकसान पहुंचा है। जिले में एक अनुमान के मुताबिक, 1.79 लाख हेक्टेयर में धान, 77,407 हेक्टेयर मक्का, 11,206 हेक्टेयर में बाजरा, 21709 हेक्टेयर में तिल, 17,103 हेक्टेयर में उर्द की फसलें बोई गई हैं। वहीं लगातार बारिश से गन्ना की फसल को भी नुकसान की आशंका है।
बारिश थमने के बाद राजस्व विभाग की टीमों के माध्यम से सर्वे कराया जाएगा। सर्वे के बाद नुकसान की वास्तविक स्थिति सामने आ सकेगी। आपदा के कायदे और नियमों के मुताबिक प्रभावित किसानों को मुआवजा दिया जाएगा। -दीपाली भार्गव, एडीएम, वित्त एवं राजस्व
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पश्चिमी विक्षोभ और पंजाब में चक्रवाती परिसंचरण से शुक्रवार रात से जिले में लगातार मूसलाधार बारिश के कारण खेतों से पानी निकालना भी मुश्किल हो रहा है। जलभराव और हवा चलने पर पौध गिरने लगी हैं। किसानों को आशंका है कि जलभराव और फसल गिरने से उपज पर असर पड़ सकता है।
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वहीं बरसात के कारण खेतों से पानी निकालने में आ रही दिक्कत से पौधों की जड़ों की पकड़ कमजोर होने से फसलें खेत में ही पलट जा रही जा रही हैं जबकि धान और बाजरा की फसल में दाना पड़ जाने से वजन बढ़ा है और फसलें बीच से टूटकर गिर रही हैं।
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इन खरीफ फसलों पर पड़ रहा असर
कृषि वैज्ञानिक केवीके अध्यक्ष डॉ. वीके तिवारी और जिला कृषि अधिकारी डॉ. सतीश चंद्र पाठक के मुताबिक खरीफ फसलें तैयार होने के करीब हैं। बरसात और हवा से फसलों को नुकसान पहुंच रहा है। लगातार होने वाली बरसात से खरीफ फसलों के साथ सब्जियों की फसलों को भी नुकसान पहुंचा है। जिले में एक अनुमान के मुताबिक, 1.79 लाख हेक्टेयर में धान, 77,407 हेक्टेयर मक्का, 11,206 हेक्टेयर में बाजरा, 21709 हेक्टेयर में तिल, 17,103 हेक्टेयर में उर्द की फसलें बोई गई हैं। वहीं लगातार बारिश से गन्ना की फसल को भी नुकसान की आशंका है।
बारिश थमने के बाद राजस्व विभाग की टीमों के माध्यम से सर्वे कराया जाएगा। सर्वे के बाद नुकसान की वास्तविक स्थिति सामने आ सकेगी। आपदा के कायदे और नियमों के मुताबिक प्रभावित किसानों को मुआवजा दिया जाएगा। -दीपाली भार्गव, एडीएम, वित्त एवं राजस्व