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लेखपाल व एक अन्य के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज
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हरदोई। लेखपाल और एक अन्य के खिलाफ कोर्ट के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। तहरीर देने वाली महिला ने उसके पिता की मृत्यु के बाद फर्जी वरासत बनवाने का आरोप लगाया है।
पिहानी कस्बे के मोहल्ला मुरीदखानी निवासी महरज्जा ने कोर्ट को दिए गए प्रार्थना पत्र मेें बताया कि उसके पिता तुलाराम निवासी ग्राम बिजगवां कोतवाली शाहाबाद की मौत हो चुकी है। उनको कोई बेटा जीवित नहीं है। इसके चलते वह और उसकी बहन विद्यावती ही उनकी वारिस हैं। बताया कि गांव में उसके पिता की कुछ भूमि पड़ी है। जिसकी उन्होंने मौत से पहले अपने ममेरे भाई रामआसरे के नाम रजिस्टर्ड वसीयत कर दी थी। उनके ममेरे भाई रामआसरे की भी मौत हो चुकी है। बताया कि असल उत्तराधिकारी होने के नाते उसने एसडीएम कोर्ट में रजिस्टर्ड वसीयत के खिलाफ मुकदमा कर रखा है। महरज्जा ने बताया कि इसी बीच बिजगवां गांव निवासी विश्राम ने स्वयं को उसके पिता तुलाराम का भतीजा बताते हुए मुकदमे में आपत्ति दाखिल कर दी। आरोपी ने लेखपाल कमल सिंह व अधिकारियों से साठगांठ कर फर्जी वरासत बनवाकर खतौनी में अपना नाम बतौर वारिसान दर्ज करा लिया। बताया कि उसने इसकी शिकायत कोतवाली में व पुलिस के अन्य अधिकारियों से की, लेकिन कहीं कोई सुनवाई नहीं हुई।
मामला संज्ञान में आने पर कोर्ट ने रिपोर्ट दर्ज किए जाने का आदेश दिया है। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर ली है। कोतवाल शिवशंकर सिंह ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है।
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पिहानी कस्बे के मोहल्ला मुरीदखानी निवासी महरज्जा ने कोर्ट को दिए गए प्रार्थना पत्र मेें बताया कि उसके पिता तुलाराम निवासी ग्राम बिजगवां कोतवाली शाहाबाद की मौत हो चुकी है। उनको कोई बेटा जीवित नहीं है। इसके चलते वह और उसकी बहन विद्यावती ही उनकी वारिस हैं। बताया कि गांव में उसके पिता की कुछ भूमि पड़ी है। जिसकी उन्होंने मौत से पहले अपने ममेरे भाई रामआसरे के नाम रजिस्टर्ड वसीयत कर दी थी। उनके ममेरे भाई रामआसरे की भी मौत हो चुकी है। बताया कि असल उत्तराधिकारी होने के नाते उसने एसडीएम कोर्ट में रजिस्टर्ड वसीयत के खिलाफ मुकदमा कर रखा है। महरज्जा ने बताया कि इसी बीच बिजगवां गांव निवासी विश्राम ने स्वयं को उसके पिता तुलाराम का भतीजा बताते हुए मुकदमे में आपत्ति दाखिल कर दी। आरोपी ने लेखपाल कमल सिंह व अधिकारियों से साठगांठ कर फर्जी वरासत बनवाकर खतौनी में अपना नाम बतौर वारिसान दर्ज करा लिया। बताया कि उसने इसकी शिकायत कोतवाली में व पुलिस के अन्य अधिकारियों से की, लेकिन कहीं कोई सुनवाई नहीं हुई।
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मामला संज्ञान में आने पर कोर्ट ने रिपोर्ट दर्ज किए जाने का आदेश दिया है। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर ली है। कोतवाल शिवशंकर सिंह ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है।
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