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Hardoi News: योजनाओं पर बजट का ग्रहण, दो माह से मानदेय को तरसे एनएचएम कर्मी

Tue, 05 May 2026 10:54 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 05 May 2026 10:54 PM IST
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Budget eclipse on schemes, NHM workers yearn for honorarium for two months
हरदोई। नेशनल हेल्थ मिशन के अंतर्गत योजनाएं और कर्मचारियों का भविष्य कुप्रबंधन की भेंट चढ़ा जा रहा है। बीते एक वर्ष से न तो योजनाएं समुचित ढंग से संचालित हो रही हैं और न ही कर्मचारियों को नियमित ढंग से मानदेय मिल रहा है। एक बार फिर से बीते दो माह से कर्मचारियों को मानदेय नहीं मिला है। वहीं, प्रसूताओं और टीबी रोगियों को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि भी बजट के अभाव में रुकी हुई है।
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एनएचएम में शासन स्तर से बजट आवंटन न होने के कारण न केवल स्वास्थ्य योजनाएं प्रभावित हो रही हैं बल्कि कर्मचारियों को भी मानदेय के लाले पड़े हुए हैं। बता दें कि जनपद में करीब 1,280 के करीब एनएचएम कर्मी हैं। इनमें चिकित्सक से लेकर चतुर्थ श्रेणी तक के कर्मचारी शामिल हैं। इन कर्मचारियों को फरवरी के बाद से अभी तक मानदेय नहीं मिला है। मानदेय न मिलने से परेशान कर्मचारियों का कहना है कि अब घर का राशन लाना और बच्चों की फीस भरना भी दूभर हो गया है। एनएचएम के तहत संचालित महत्वपूर्ण योजनाएं जैसे जननी सुरक्षा योजना, टीकाकरण अभियान और संचारी रोग नियंत्रण कार्यक्रमों के क्रियान्वयन में बाधा आने लगी है। प्रसूताओं को कई महीनों से प्रोत्साहन राशि नहीं मिली है। उधर, जनपद के 14,020 टीबी रोगियों को भी बीते कई महीनों से पोषण राशि नहीं दी गई है।
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केस-1- शहर निवासी पूजा ने बीते अक्तूबर माह में पुत्री को जन्म दिया था। परिजनों ने जननी सुरक्षा योजना के अंतर्गत फॉर्म भरा था। करीब छह माह बीतने को है लेकिन अभी तक उनके खाते में प्रोत्साहन राशि नहीं आई। परिजन कई बार चक्कर लगा चुके हैं लेकिन हर बार बजट का हवाला देकर लौटाया जा रहा है।
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केस-2- सांडी सड़क निवासी अभिमन्यु टीबी रोग से पीड़ित हैं। उन्होंने बताया कि सरकार की तरफ से हर माह पोषण राशि के रूप में मिलने वाले एक हजार रुपये पिछले कई महीनों से नहीं मिले हैं। विभाग के कई बार चक्कर भी लगाए लेकिन हर बार मायूस होकर लौटना पड़ रहा।



केस- 3- स्टाफ नर्स रिंकी ने बताया कि समय से मानदेय न मिलने से अब उनके सामने परिवार चलाने की समस्या खड़ी हो गई है। रसोई का बजट तो बिगड़ चुका है। बच्चों की फीस देना भी मुश्किल हो रहा है। एक ओर सरकार एनएचएम कर्मियों के नियमितीकरण की बात कर रही है तो दूसरी ओर मानदेय भी नहीं मिल रहा है।






बजट आवंटन को लेकर शासन स्तर से पत्राचार किया गया है। उम्मीद है कि जल्द ही बजट प्राप्त हो जाएगा। बजट मिलते ही लाभार्थियों को प्रोत्साहन राशि और कर्मचारियों का मानदेय जारी कर दिया जाएगा। -डॉ. भवनाथ पांडेय, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
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