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बारिश से सर्दी बढ़ी पर फसलों को फायदा

Thu, 06 Jan 2022 11:37 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 06 Jan 2022 11:37 PM IST
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barish
फोटो-04- मंडी में खुले में रखा होने के कारण भीगा व्यापारियों का धान। संवाद - फोटो : HARDOI
हरदोई। बुधवार रात गुरुवार देर शाम तक हुई रिमझिम बारिश ने किसानों के चेहरों पर चमक ला दी है। बारिश होने से सभी फसलों को फायदा हुआ है। ये बारिश सबसे ज्यादा मुफीद गेहूं की फसल के लिए है, क्योंकि ज्यादातर गेहूं के खेतों में सिंचाई की जरूर थी। बारिश से फिलहाल सिंचाई नहीं करनी पड़ेगी। अगर इसी तरह की बारिश शुक्रवार को भी हो जाए तो एक सिंचाई बच जाएगी। बारिश होने से आलू की फसल में पाले की आशंका भी कम हो गई है।
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पिहानी प्रतिनिधि के अनुसार बुधवार रात से गुरुवार सुबह धीमी बारिश होती रही। किसान चंद्रकांत द्विवेदी, शकील, शहजादे राठौर, अनिल कुमार व फुजैल खां आदि ने बताया कि बारिश गेहूं की फसल के लिए काफी लाभदायक है। इस बारिश से फिलहाल सिंचाई नहीं करनी पड़ेगी। बारिश होने से सर्दी बढ़ गई है, लोगों को परेशानी न हो, इसके लिए पालिका प्रशासन की ओर से अलाव जलवाए जा रहे हैं। ईओ अहिबरन लाल ने बताया कि पालिका परिसर में स्थित सामुदायिक भवन में रैन बसेरा बनाया गया है।
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संडीला प्रतिनिधि के अनुसार बुधवार रात बारिश होने के बाद गलन बढ़ गई है। इससे गुरुवार को बाजारों में सन्नाटा जैसा पसरा रहा। बेहटा गोकुल प्रतिनिधि के अनुसार किसान कमलेश सिंह मानपुर, विमल सिंह रामपुर व छोटेलाल आदि ने बताया कि बारिश से गन्ना व गेहूं की फसल को फायदा हुआ है। सरसों की फसल को कुछ नुकसान है।
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मल्लावां प्रतिनिधि के बूंदाबांदी के कारण गुरुवार को सड़कों व चौराहों पर सन्नाटा पसरा रहा। किसानों के मुताबिक तेज बारिश होती है तो तो आलू, सरसों व अरहर की फसलों को नुकसान होगा।
हरदोई। बारिश के कारण गल्ला मंडी में जगह-जगह जलभराव हो गया। खुले में रखा व्यापारियों का सैकड़ों क्विंटल धान भीग गया। सरकारी क्रय केंद्रों पर धान की खरीद भी प्रभावित रही।
मंडी में औसतन हर रोज दो से 2.5 हजार क्विंटल धान की आवक हो रही है। ज्यादातर व्यापारी खरीदे गए धान के ढेर खुले में ही लगा देते हैं। बुधवार रात हुई बारिश से खुले में लगा धान भीग गया। बारिश से मंडी में जगह-जगह जलभराव हो गया। इससे व्यापारियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

मंडी सचिव बबलू लाल ने बताया कि कुछ जगह व्यापारियों द्वारा खुले में धान लगाया गया था। धान तिरपाल से ढका हुआ था। भीगने की जानकारी नहीं है। क्रय केंद्रों पर पहुंचे किसान तिरपाल से धान ढककर अपने नंबर का इंतजार करते रहे। डिप्टी आरएमओ अनुराग पांडेय ने बताया कि बारिश के चलते आंशिक रूप से खरीद प्रभावित रही है।

फोटो-35- बेहटा गोकुल में बारिश के बाद खेत में सरसों की फसल देखता किसान छोटेलाल। संवाद

फोटो-35- बेहटा गोकुल में बारिश के बाद खेत में सरसों की फसल देखता किसान छोटेलाल। संवाद- फोटो : HARDOI

फोटो-36- खेत में लहलहाती गेहूं की फसल। संवाद

फोटो-36- खेत में लहलहाती गेहूं की फसल। संवाद- फोटो : HARDOI

फोटो-03- मंडी में क्रय केंद्र पर तिरपाल से ढकी खड़ी ट्रालियां। संवाद

फोटो-03- मंडी में क्रय केंद्र पर तिरपाल से ढकी खड़ी ट्रालियां। संवाद- फोटो : HARDOI

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