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बवाल-ए-जान बना ‘केस’, आशा भिड़ीं
Hardoi
Updated Wed, 09 May 2012 12:00 PM IST
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पिहानी (हरदोई)। प्रसव के लिए मरीज को अस्पताल लाने को लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर दो आशा बहुओं के बीच जमकर जूतम पैजार हुई। एक आशा ने दूसरी को मुंह से काट खाया। अस्पताल के अन्य कर्मियों ने बीच में आकर दोनों के बीच सुलह-समझौता कराया। यह मामला यहां स्टाफ के साथ ही मरीज और तीमारदारों में भी चर्चा का विषय बना रहा।
बीती रात मोसिनपुरवा गांव की अफसरुना पत्नी नवाब को प्रसव पीड़ा शुरू होने पर इटारा की आशा बहू सावित्री सीएचसी, पिहानी लेकर आई। सुबह इस बात की भनक लगने पर करौंधियाई की आशा बहू ने अस्पताल में ही इसे अपने क्षेत्र का मामला बताकर झगड़ा शुरू कर दिया। तू-तू-मैं-मैं से बात आगे बढ़कर मारपीट तक पहुंच गई। दोनों आशा बहू अस्पताल के पुराने भवन में एक दूसरे पर लात-घूंसों और सैंडिलों की बारिश शुरू कर दी। हंगामे की आवाज पर अस्पताल में दवा लेने आए मरीज और उनके तीमारदारों की भीड़ सीएचसी में जमा होने लगी। झगड़े के बीच एक आशा जदुरानी ने दूसरी आशा सावित्री को मुंह से काट कर जख्मी भी कर दिया। इस बीच वहां पहुंचे स्टाफ ने तीमारदारों के साथ एक-दूसरे से गुत्थम-गुत्था आशा बहुओं को बमुश्किल अलग किया।
इस बाबत पता चला कि यह इलाका आशा सूफिया बानो के कार्यक्षेत्र में आता है, पर वह कार्य में दिलचस्पी नहीं ले रही हैं, इसलिए आशा बहुओं की ड्यूटी इस क्षेत्र में भी लगाकर काम चला लिया जाता है। बीती रात करौंधियाई की आशा जदुरानी के पास क्षेत्र का भी चार्ज था, पर इटारा की आशा अफसरुना को अस्पताल में दाखिल कराने पहुंच गई। इस बारे में जदुरानी का कहना था कि इससे पहले भी सावित्री छह सौ रुपए के लालच में उसके कई मरीज अस्पताल ला चुकीं हैं। वहीं सावित्री ने कहा कि वह उनके न पहुंचने की सूरत में मरीज के बुलावे पर वहां गई और मरीज लेकर आई थी। इससे पूर्व इटारा का एक मामला उसने जदुरानी के न पहुंचने की बात पर अस्पताल में भर्ती करवाया था, पर इसे भी उन्होंने बाद में नो आशा में इंट्री करवा दिया था।
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उन्होंने कहा कि पूरी मेहनत वह करती हैं और इसके रुपए जदुरानी खुद लेना चाहती हैं। मंगलवार को भी उनके न पहुंचने पर ही वह मरीज लेकर आई। रात को जागकर उसे दाखिल कराया, पर बाद में उन्होंने अपनी दावेदारी ठोकनी शुरू कर दी, जिस पर उसे भी गुस्सा आ गया था। उधर, सीएचसी पर आशा बहू के बीच हुई मारपीट के मामले में सीएचसी अधीक्षक डॉक्टर पीएन पोरवार ने बताया कि वह बैठक में गए थे। अगर मारपीट हुई है तो केस पुलिस का बनता है, लेकिन उन्होंने आशा बहुओं को क्षेत्र के ही केस लाने का आदेश दिया है। उन्होंने कहा कि मारपीट मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।
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बीती रात मोसिनपुरवा गांव की अफसरुना पत्नी नवाब को प्रसव पीड़ा शुरू होने पर इटारा की आशा बहू सावित्री सीएचसी, पिहानी लेकर आई। सुबह इस बात की भनक लगने पर करौंधियाई की आशा बहू ने अस्पताल में ही इसे अपने क्षेत्र का मामला बताकर झगड़ा शुरू कर दिया। तू-तू-मैं-मैं से बात आगे बढ़कर मारपीट तक पहुंच गई। दोनों आशा बहू अस्पताल के पुराने भवन में एक दूसरे पर लात-घूंसों और सैंडिलों की बारिश शुरू कर दी। हंगामे की आवाज पर अस्पताल में दवा लेने आए मरीज और उनके तीमारदारों की भीड़ सीएचसी में जमा होने लगी। झगड़े के बीच एक आशा जदुरानी ने दूसरी आशा सावित्री को मुंह से काट कर जख्मी भी कर दिया। इस बीच वहां पहुंचे स्टाफ ने तीमारदारों के साथ एक-दूसरे से गुत्थम-गुत्था आशा बहुओं को बमुश्किल अलग किया।
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इस बाबत पता चला कि यह इलाका आशा सूफिया बानो के कार्यक्षेत्र में आता है, पर वह कार्य में दिलचस्पी नहीं ले रही हैं, इसलिए आशा बहुओं की ड्यूटी इस क्षेत्र में भी लगाकर काम चला लिया जाता है। बीती रात करौंधियाई की आशा जदुरानी के पास क्षेत्र का भी चार्ज था, पर इटारा की आशा अफसरुना को अस्पताल में दाखिल कराने पहुंच गई। इस बारे में जदुरानी का कहना था कि इससे पहले भी सावित्री छह सौ रुपए के लालच में उसके कई मरीज अस्पताल ला चुकीं हैं। वहीं सावित्री ने कहा कि वह उनके न पहुंचने की सूरत में मरीज के बुलावे पर वहां गई और मरीज लेकर आई थी। इससे पूर्व इटारा का एक मामला उसने जदुरानी के न पहुंचने की बात पर अस्पताल में भर्ती करवाया था, पर इसे भी उन्होंने बाद में नो आशा में इंट्री करवा दिया था।
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उन्होंने कहा कि पूरी मेहनत वह करती हैं और इसके रुपए जदुरानी खुद लेना चाहती हैं। मंगलवार को भी उनके न पहुंचने पर ही वह मरीज लेकर आई। रात को जागकर उसे दाखिल कराया, पर बाद में उन्होंने अपनी दावेदारी ठोकनी शुरू कर दी, जिस पर उसे भी गुस्सा आ गया था। उधर, सीएचसी पर आशा बहू के बीच हुई मारपीट के मामले में सीएचसी अधीक्षक डॉक्टर पीएन पोरवार ने बताया कि वह बैठक में गए थे। अगर मारपीट हुई है तो केस पुलिस का बनता है, लेकिन उन्होंने आशा बहुओं को क्षेत्र के ही केस लाने का आदेश दिया है। उन्होंने कहा कि मारपीट मामले की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।