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8 अखाड़े 109 पहलवाल किस पर होंगे वोटर मेहरबान
अमर उजाला ब्यूरो, हरदोई
Updated Fri, 03 Feb 2017 11:34 PM IST
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सवायजपुर आरओ कक्ष में प्रतीक चिंह आवंटन के दौरान आरओ सवायजपुर उपजिलाधिकारी वंदना त्रिवेदी।
- फोटो : amarujala
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हरदोई। विधानसभा चुनाव में नामांकन व नामंाकन पत्रों की जांच होने के बाद शुक्रवार को कलक्ट्रेट स्थित आठों आरओ कक्षों में नाम वापसी भी हो गई। आठों विधानसभाओं में सिर्फ दो विधानसभाओं में तीन प्रत्याशियों ने नाम वापस लिया। जिसके बाद अब जिले की आठ सीटों पर 109 प्रत्याशियों का दावा शेष रह गया है।
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हरदोई सदर से स्वतंत्र प्रभार राज्यमंत्री व सपा प्रत्याशी नितिन अग्रवाल की पत्नी गरिमा अग्रवाल ने निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में अपना नामांकन भरा था। उन्होंने अपना पर्चा वापस ले लिया। आरओ एसडीएम सदर सर्वेश गुप्ता ने बताया कि अब हरदोई विधानसभा सीट पर 13 प्रत्याशी रह गए हैं। इसी तरह बिलग्राम-मल्लावां में निर्दलीय प्रत्याशियों सुधीर पाल व अभय प्रताप ने अपने नाम वापस ले लिए।
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आरओ एसडीएम बिलग्राम ओम प्रकाश ने बताया कि दो नामांकन वापसी के बाद इस सीट पर प्रत्याशियों की संख्या 15 हो गई है। जिला निर्वाचन अधिकारी विवेक वार्ष्णेय ने बताया कि नाम वापसी के पहले जहां आठ विधानसभाओं में 112 प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे वहीं तीन नाम वापसी के बाद 109 प्रत्याशी रह गए हैं।
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विधानसभा चुनाव में नाम वापसी के साथ ही प्रत्याशियों की तस्वीर साफ हो गई हैं। आठ विधानसभा क्षेत्रों में 109 उम्मीदवार मैदान में हैं। इसमें भाजपा, बसपा सभी आठ, सपा सात और कांग्रेस एक सीट पर चुनाव लड़ रही है।
बसपा ने अपने कैडर को मजबूती से पकड़ने के साथ ब्राह्मण और ठाकुरों पर दांव लगाया है तो सपा का भरोसा पिछड़ों व मुस्लिमों पर टिका है। भाजपा अपने परंपरागत वोटर सवर्णों के साथ पासी वोटों को ध्यान में रखकर चुनावी चक्रव्यूह में योद्धा उतारे हैं।
कांग्रेस ने गठबंधन में मिली एकामात्र सीट पर पासी बिरादरी के नेता को टिकट दिया है। रालोद, लोकदल, भाकृद सहित कई क्षेत्रीय दलों के प्रत्याशी भी जीत के लिए ताल ठोंक रहे हैं तो निर्दलीय भी लंबे समय बाद जीत का सूखा दूर करने की जुगत में हैं।
सभी प्रत्याशी जनता के बीच पार्टी की उपब्धियों, नितियों और अपनी छवि की दुहाई देकर वोटर का दिल जलतने की कोशिश कर रहे हैं, 19 फरवरी को जनता किस पर मेहरबान होगी इसका पता 12 मार्च को चलेगा।