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12 सदस्यीय कमेटी निपटाएगी धार्मिक स्थल के निर्माण का विवाद
ब्यूरो, अमर उजाला/ हापुड़
Updated Sat, 20 May 2017 09:08 PM IST
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धार्मिक स्थल का विवाद
- फोटो : अमर उजाला
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देवली गांव में धार्मिक स्थल के पुनर्निर्माण के विवाद को 12 सदस्यीय कमेटी निपटाएगी। एसडीएम, सीओ और नायब तहसीलदार की अध्यक्षता में शनिवार को दो पक्षों से वार्ता कर यह कमेटी बनाई गई। कमेटी में दोनों समुदाय के लोग शामिल हैं।
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वहीं देवली गांव में संघर्ष के बाद तनाव के कारण पुलिस बल तैनात है। सिंभावली क्षेत्र के देवली गांव में धार्मिक स्थल के पुनर्निर्माण को लेकर शुक्रवार को दो पक्षों में संघर्ष हुआ था। जिसमें पथराव होने से 11 लोग घायल हो गए थे। दोनों पक्षों ने रिपोर्ट दर्ज कराई हैं।
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फिलहाल अभी तक किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी नही हुई है। तनाव के चलते गांव में पुलिस तैनात हैं। एसडीएम आरएन पांडेय, सीओ सतीश चंद्र पांडेय, नायब तहसीलदार एके शर्मा, गढ़ इंस्पेक्टर समरजीत सिंह और सिंभावली एसओ दीक्षित त्यागी
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शनिवार की सुबह आठ बजे गांव पहुंचे, उन्होंने दोनों समुदायों के गणमान्य लोगों को बुलाकर वार्ता की। दोनों ही समुदायों के 12 लोगों की कमेटी बनाई गई। जिसमें मौलाना जहांगीर आलम, डॉ. यामीन, डॉ. कलुवा, सरफुद्दीन, उम्मेद, इजाजुद्दीन,
नेपाल सिंह, विजयपाल, बेगराज, जिले सिंह, ओमपाल और सुभाष को शामिल किया गया है। पुलिस-प्रशासनिक अफसरों ने ग्रामीणों को अमनचैन और भाईचारे की भावना को मजबूत करने के साथ ही शरारती तत्वों की साजिश से होशियार रहने का संकल्प भी दिलाया।
यह कमेटी बातचीत से मामले को निपटाएगी। हालांकि एसडीएम और सीओ ने कहा कि क्षेत्र का अमनचैन और भाईचारा बिगाड़ने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
देवली गांव में संघर्ष के बाद पलायन की तैयारी कर रहे लोगों को पुलिस और प्रशासनिक अफसरों ने किसी तरह समझाया। धर्मस्थल के प्रबंधक समेत दर्जनों परिवारों ने शुक्रवार रात को अपना सामान समेट लिया था,
जो सुबह होते ही गांव से जाने की तैयारी में थे। जिसकी सूचना ग्रामीणों ने पुलिस-प्रशासन को दी। एसडीएम और सीओ तत्काल गांव पहुंचे और लोगों को रुकने के लिए मना लिया।