{"_id":"60bd0d8a8ebc3e3808775b64","slug":"hapur-news-hapur-news-gbd2199730153","type":"story","status":"publish","title_hn":"किशोर ने की थी अपने घर में 22 लाख की चोरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
किशोर ने की थी अपने घर में 22 लाख की चोरी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
किशोर ने की थी अपने घर में 22 लाख की चोरी
हापुड़। कोतवाली थाना क्षेत्र के सर्वोदय कॉलोनी में तीन जून की रात में हुई 22 लाख की चोरी को ठेकेदार के नाबालिग बेटे ने ही अपने मौसेरे भाई के साथ मिलकर अंजाम दिया था। पुलिस रविवार को यह खुलासा किया तो ठेकेदार पिता ने इसे घरेलू मामला बताते हुए पुलिस को कोई कार्रवाई न करने के लिए कहा।
तीन जून की रात को सर्वोदय कॉलोनी में एक ठेकेदार के घर 22 लाख रुपये की चोरी हो गई थी। सुबह नोटों से भरा बैग गायब मिला तो ठेकेदार ने पुलिस को सूचना दी। आननफानन पहुंची पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे खंगाले और कई बिंदुओं पर जांच शुरू कर दी। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक सोमवीर सिंह को मौका-मुआयना करने के बाद शक हुआ कि इस घटना में परिवार का ही कोई सदस्य ही शामिल है। पुलिस ने इसकी लाइन पर जांच आगे बढ़ाई और ठेकेदार के घर में लगे सीसीटीवी खंगाले। कैमरे में कैद तस्वीरों के आधार पर पुलिस ने मामले का खुलासा कर दिया। पुलिस का कहना है कि परिजनों के सोने के बाद ठेकेदार के बेटे ने गेट खोलकर मौसेरे भाई को अंदर बुला लिया। ठेकेदार के बेटे ने ही नोटों से भरा बैग मौसेरे भाई को सौंपा और वह फरार हो गया। पुलिस का दावा है कि इस बात का आभास घटना के अगले दिन परिवारीजनों को भी हो गया था इसलिए वह बाद में चुप हो गए। इससे पुलिस का शक और बढ़ा। पुलिस ने ठेकेदार के बेटे से अलग ले जाकर सख्ती से बात की तो उसने सच उगल दिया। इसके बाद ठेकेदार कोतवाली पहुंचा और पुलिस से कोई भी कार्रवाई न करने की मांग की। ठेकेदार ने कहा कि उनके बेटे ने गलती से नोटोें से भरा बैग मौसेरे भाई को दे दिया था। घर में पैसा नहीं मिले तो उन्होंने चोरी की एफआईआर दर्ज कराई।
आखिर क्यों चुराए 22 लाख
ठेकेेदार के नाबालिग बेटे ने 22 लाख रुपये क्यों चुराए इसका जवाब पुलिस को भी नहीं मिल सका। चर्चा यह भी है कि किसी शातिर ने उसे गुमराह किया था जिसके चलते उसने अपने ही घर से पैसे से भरा बैग किसी अन्य को दे दिया। हालांकि परिवार का कहना है कि किशोर ने गलती से नोटों से भरा बैग दे दिया।
विज्ञापन
परिवार ने नहीं दी तहरीर
इस मामले में पीड़ित पक्ष ने किसी भी कार्रवाई से इंकार कर दिया है। पूरा पैसा मिल चुका है, परिवारजनों ने मामला घरेलू बताकर, तहरीर देने से भी इंकार कर दिया।
सोमवीर सिंह, कोतवाली प्रभारी निरीक्षक
विज्ञापन
हापुड़। कोतवाली थाना क्षेत्र के सर्वोदय कॉलोनी में तीन जून की रात में हुई 22 लाख की चोरी को ठेकेदार के नाबालिग बेटे ने ही अपने मौसेरे भाई के साथ मिलकर अंजाम दिया था। पुलिस रविवार को यह खुलासा किया तो ठेकेदार पिता ने इसे घरेलू मामला बताते हुए पुलिस को कोई कार्रवाई न करने के लिए कहा।
तीन जून की रात को सर्वोदय कॉलोनी में एक ठेकेदार के घर 22 लाख रुपये की चोरी हो गई थी। सुबह नोटों से भरा बैग गायब मिला तो ठेकेदार ने पुलिस को सूचना दी। आननफानन पहुंची पुलिस ने सीसीटीवी कैमरे खंगाले और कई बिंदुओं पर जांच शुरू कर दी। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक सोमवीर सिंह को मौका-मुआयना करने के बाद शक हुआ कि इस घटना में परिवार का ही कोई सदस्य ही शामिल है। पुलिस ने इसकी लाइन पर जांच आगे बढ़ाई और ठेकेदार के घर में लगे सीसीटीवी खंगाले। कैमरे में कैद तस्वीरों के आधार पर पुलिस ने मामले का खुलासा कर दिया। पुलिस का कहना है कि परिजनों के सोने के बाद ठेकेदार के बेटे ने गेट खोलकर मौसेरे भाई को अंदर बुला लिया। ठेकेदार के बेटे ने ही नोटों से भरा बैग मौसेरे भाई को सौंपा और वह फरार हो गया। पुलिस का दावा है कि इस बात का आभास घटना के अगले दिन परिवारीजनों को भी हो गया था इसलिए वह बाद में चुप हो गए। इससे पुलिस का शक और बढ़ा। पुलिस ने ठेकेदार के बेटे से अलग ले जाकर सख्ती से बात की तो उसने सच उगल दिया। इसके बाद ठेकेदार कोतवाली पहुंचा और पुलिस से कोई भी कार्रवाई न करने की मांग की। ठेकेदार ने कहा कि उनके बेटे ने गलती से नोटोें से भरा बैग मौसेरे भाई को दे दिया था। घर में पैसा नहीं मिले तो उन्होंने चोरी की एफआईआर दर्ज कराई।
विज्ञापन
आखिर क्यों चुराए 22 लाख
ठेकेेदार के नाबालिग बेटे ने 22 लाख रुपये क्यों चुराए इसका जवाब पुलिस को भी नहीं मिल सका। चर्चा यह भी है कि किसी शातिर ने उसे गुमराह किया था जिसके चलते उसने अपने ही घर से पैसे से भरा बैग किसी अन्य को दे दिया। हालांकि परिवार का कहना है कि किशोर ने गलती से नोटों से भरा बैग दे दिया।
विज्ञापन
परिवार ने नहीं दी तहरीर
इस मामले में पीड़ित पक्ष ने किसी भी कार्रवाई से इंकार कर दिया है। पूरा पैसा मिल चुका है, परिवारजनों ने मामला घरेलू बताकर, तहरीर देने से भी इंकार कर दिया।
सोमवीर सिंह, कोतवाली प्रभारी निरीक्षक