{"_id":"5fccd4518ebc3ecfaa6d837a","slug":"hapur-news-hapur-news-gbd209810995","type":"story","status":"publish","title_hn":"वातावरण में बढ़ी धूल के कणों की संख्या, सर्दी ने भी बढ़ाई परेशानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वातावरण में बढ़ी धूल के कणों की संख्या, सर्दी ने भी बढ़ाई परेशानी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वातावरण में बढ़ी धूल के कणों की संख्या, सर्दी ने भी बढ़ाई परेशानी
हापुड़। हापुड़ का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 200 के नीचे बना हुआ है, लेकिन वातावरण में धूल कण सामान्य से कई गुना बढ़े हुए हैं। रविवार को भी वातावरण में पीएम 2.5 कणों का मात्रा ज्यादा रही। वहीं सुबह-शाम पारा गिरने से सर्दी भी लोगों की परेशानी बढ़ा रही है।
पिछले कुछ दिनों से हापुड़ की हवा पीली (मॉडरेट) श्रेणी में शामिल है। अभी भी एक्यूआई 200 के पार नहीं पहुंचा है। इससे हापुड़ की हवा दिल्ली एनसीआर की तुलना में काफी साफ है। इससे लोगों को आंखों में चुभन जैसी समस्या का सामना नहीं करना पड़ रहा है। लोग सुबह-शाम को टहलने में भी इसका सुखद एहसास कर रहे हैं, लेकिन अभी भी हापुड़ की हवा सामान्य से करीब तीन गुना तक प्रदूषित है। ऐसे में हवा में प्रदूषक तत्वों की मात्रा सामान्य से ज्यादा है। यह परेशानी सुबह-शाम को ज्यादा देखने को मिल रही है। पीएम 2.5 व पीएम 10 कण और कार्बन मॉनोक्साइड की ज्यादा मात्रा भी वातावरण में घुली रहती है। रविवार को हापुड़ का एक्यूआई 147 दर्ज किया गया।
प्रदूषक अधिकतम
पीएम 2.5 301
पीएम 10 145
एनओटू 06
एनएच3 18
एसओटू 09
सीओ 131
ओजोन 39
कोट
हापुड़ प्रदूषण विभाग के स्टेशन इंचार्ज सलमान राणा का कहना है कि हापुड़ की आबोहवा को खतरनाक स्तर पर जाने रोकने के लिए ग्रेप व एनजीटी के नियमों का सख्ती से पालन कराया जा रहा है। हवा में धूल कण ज्यादा नहीं घुले इसके लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव भी कराया जा रहा है। कूड़ा जलाकर प्रदूषण फैलाने वालों पर भी पालिका टीमें पैनी नजर बनाए हुए हैं।
विज्ञापन
मौसम में आने लगा बदलाव
- दिसंबर माह शुरू होने पर मौसम में भी बदलाव आने लगा है। हापुड़ में सुबह शाम को लोग पहाड़ों जैसी ठंड का भी एहसास कर रहे हैं। दोपहर में खिलती धूप लोगों को राहत प्रदान कर रही है। रविवार सुबह को भी आसमान में धुंध जैसे हालात रहे। इसके चलते लोगों को दस बजे के बाद खिली हुई धूप के दर्शन हुए। सर्दी से राहत पाने के लिए लोगों ने सूरज की तपिश भी सहारा लिया। हालांकि रविवार होने के वजह से गली-मोहल्लों में लोग धूप सेंकते भी नजर आए। दोपहर में छतों पर भी खूब रौनक रही। रविवार को अधिकतम तापमान 27 डिग्री व न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस रहा।
विज्ञापन
हापुड़। हापुड़ का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 200 के नीचे बना हुआ है, लेकिन वातावरण में धूल कण सामान्य से कई गुना बढ़े हुए हैं। रविवार को भी वातावरण में पीएम 2.5 कणों का मात्रा ज्यादा रही। वहीं सुबह-शाम पारा गिरने से सर्दी भी लोगों की परेशानी बढ़ा रही है।
पिछले कुछ दिनों से हापुड़ की हवा पीली (मॉडरेट) श्रेणी में शामिल है। अभी भी एक्यूआई 200 के पार नहीं पहुंचा है। इससे हापुड़ की हवा दिल्ली एनसीआर की तुलना में काफी साफ है। इससे लोगों को आंखों में चुभन जैसी समस्या का सामना नहीं करना पड़ रहा है। लोग सुबह-शाम को टहलने में भी इसका सुखद एहसास कर रहे हैं, लेकिन अभी भी हापुड़ की हवा सामान्य से करीब तीन गुना तक प्रदूषित है। ऐसे में हवा में प्रदूषक तत्वों की मात्रा सामान्य से ज्यादा है। यह परेशानी सुबह-शाम को ज्यादा देखने को मिल रही है। पीएम 2.5 व पीएम 10 कण और कार्बन मॉनोक्साइड की ज्यादा मात्रा भी वातावरण में घुली रहती है। रविवार को हापुड़ का एक्यूआई 147 दर्ज किया गया।
विज्ञापन
प्रदूषक अधिकतम
पीएम 2.5 301
पीएम 10 145
एनओटू 06
एनएच3 18
एसओटू 09
सीओ 131
ओजोन 39
कोट
हापुड़ प्रदूषण विभाग के स्टेशन इंचार्ज सलमान राणा का कहना है कि हापुड़ की आबोहवा को खतरनाक स्तर पर जाने रोकने के लिए ग्रेप व एनजीटी के नियमों का सख्ती से पालन कराया जा रहा है। हवा में धूल कण ज्यादा नहीं घुले इसके लिए सड़कों पर पानी का छिड़काव भी कराया जा रहा है। कूड़ा जलाकर प्रदूषण फैलाने वालों पर भी पालिका टीमें पैनी नजर बनाए हुए हैं।
विज्ञापन
मौसम में आने लगा बदलाव
- दिसंबर माह शुरू होने पर मौसम में भी बदलाव आने लगा है। हापुड़ में सुबह शाम को लोग पहाड़ों जैसी ठंड का भी एहसास कर रहे हैं। दोपहर में खिलती धूप लोगों को राहत प्रदान कर रही है। रविवार सुबह को भी आसमान में धुंध जैसे हालात रहे। इसके चलते लोगों को दस बजे के बाद खिली हुई धूप के दर्शन हुए। सर्दी से राहत पाने के लिए लोगों ने सूरज की तपिश भी सहारा लिया। हालांकि रविवार होने के वजह से गली-मोहल्लों में लोग धूप सेंकते भी नजर आए। दोपहर में छतों पर भी खूब रौनक रही। रविवार को अधिकतम तापमान 27 डिग्री व न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस रहा।