फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hapur News ›   hapur news

गंगा में उफान जारी रहने से खादर में बेचैनी बरकरार

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Thu, 15 Aug 2019 01:09 AM IST
विज्ञापन
hapur news
गंगा में उफान जारी रहने से खादर में बेचैनी बरकरार
विज्ञापन

बांधों से पानी छोड़े जाने का सिलसिला नहीं थम रहा
बिजनौर बैराज से सातवें दिन भी 76 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया
फोटो 14
माई सिटी रिपोर्टर
गढ़मुक्तेश्वर। गंगा में उफान जारी रहने से खादर के ग्रामीणों में बेचैनी बनी हुई है। उधर, बांधों से पानी छोड़े जाने का सिलसिला थम नहीं रहा है। लगातार सातवें दिन भी बिजनौर बैराज से 76 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
उत्तराखंड के पहाड़ों में झमाझम बारिश होने के साथ ही बिजनौर बैराज से पानी छोड़ने का सिलसिला न थमने से गढ़ खादर क्षेत्र के गांवों में रहने वाले हजारों परिवारों में बेचैनी बढ़ती जा रही है। जलस्तर में बढ़ोतरी होने से गंगा में उफान बढ़ने पर खादर क्षेत्र के गांवों से जुड़े संपर्क रास्तों समेत निचले जंगल में पानी भरने से किसानों को आवागमन में दिक्कत के साथ ही पशुओं के चारे की दिक्कत भी झेलनी पड़ रही है। लोगों को कई मील लंबा फेर काटकर बांगर क्षेत्र के जंगल से घास लाने को मजबूर होना पड़ रहा है। जलस्तर में बढ़ोतरी से गंगा में उफान बढ़ने पर खादर क्षेत्र के गांव गड़ावली, लठीरा, नयाबांस, रामपुर न्यामतपुर, इनातपुर, शाकरपुर, मंढैया किशन सिंह, भगवंतपुर समेत करीब डेढ़ दर्जन गांवों के हजारों परिवारों को बाढ़ का डर सता रहा है। रामलाल, नौबत सिंह, मेवाराम, बलबीर, जयसिंह का कहना है कि पहाड़ों पर झमाझम बारिश होने और बिजनौर बैराज से पानी छोड़ने से बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। अगर बाढ़ आई तो फिर घरेलू सामान समेत पालतू पशुओं के साथ गांव छोड़कर सुरक्षित स्थानों को पलायन करना मजबूूरी हो जाएगी। केंद्रीय बाढ़ नियंत्रण आयोग के सूत्रों का कहना है कि मंगलवार की देर शाम को बिजनौर से छोड़ा गया 1.08 लाख क्यूसेक पानी से बुधवार को ब्रजघाट गंगा का जलस्तर बढ़कर 198.38 मीटर के निशान पर पहुंच गया है।
विज्ञापन

वहीं सिंचाई विभाग के सूत्रों का कहना है कि बिजनौर बैराज से लगातार सातवें दिन भी 76 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, जिसके बृहस्पतिवार की दोपहर तक ब्रजघाट पहुंचने से जलस्तर में और भी बढ़ोतरी होने का अनुमान है।
विज्ञापन
विज्ञापन

तहसीलदार सुरेंद्र सिंह यादव का कहना है कि गंगा के जलस्तर में हो रही बढ़ोतरी की लेखपालों समेत राजस्व कर्मियों से निगरानी कराई जा रही है। मैदानों में अपेक्षित बरसात न होने से बाढ़ आने की कोई संभावना नहीं है, फिर भी एहतियात के तौर पर राहत चौकियों को पूरी तरह सतर्क रहने का कड़ा निर्देश दिया हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed